आज का पंचांग 3 अक्टूबर 2026: आश्विन कृष्ण पक्ष अष्टमी (कालाष्टमी), जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल, चौघड़िया एवं विशेष धार्मिक उपाय
आज का पंचांग (3 अक्टूबर 2026, शनिवार): सनातन परंपरा में पंचांग का विशेष महत्व है। पंचांग के पांच मुख्य अंग—तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण—काल गणना के मूलाधार हैं। आज आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि है। पितृ पक्ष (श्राद्ध पक्ष) के अंतर्गत आने के कारण इस दिन का आध्यात्मिक महत्व अत्यधिक बढ़ जाता है। इसके साथ ही आज मासिक कालाष्टमी (कालभैरव अष्टमी) का व्रत एवं पूजन भी किया जाएगा। शुभ कार्यों की शुरुआत, पितृ तर्पण, धार्मिक अनुष्ठान एवं यात्रा विचार के लिए आज के पंचांग की विस्तृत एवं प्रमाणिक जानकारी नीचे दी गई है।
1. आज का पंचांग – मुख्य तिथियां एवं खगोलीय स्थिति
पंचांग की सहायता से हम सही समय पर सही कार्य करके जीवन में सफलता और सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त कर सकते हैं। 3 अक्टूबर 2026 का मुख्य पंचांगीय विवरण निम्नलिखित है:
| पंचांग अंग / विषय | विवरण एवं समय |
|---|---|
| दिनांक | 3 अक्टूबर 2026 (Saturday / शनिवार) |
| विक्रम संवत | 2083 (कालयुक्त) |
| शक संवत | 1948 (क्रोधी) |
| मास (महीना) | आश्विन (अमांत एवं पूर्णिमांत दोनों अनुसार) |
| पक्ष | कृष्ण पक्ष (पितृ पक्ष) |
| तिथि | अष्टमी तिथि शाम 05:22 बजे तक, तत्पश्चात नवमी तिथि |
| नक्षत्र | आर्द्रा नक्षत्र दोपहर 12:59 बजे तक, तत्पश्चात पुनर्वसु नक्षत्र |
| योग | वरीयान योग दोपहर 02:45 बजे तक, उसके बाद परिघ योग |
| करण | कौलव शाम 05:22 बजे तक, तत्पश्चात तैतिल करण |
| सूर्योदय (स्थान अनुसार) | प्रातः 06:15 AM |
| सूर्यास्त (स्थान अनुसार) | सायंकाल 06:05 PM |
| चंद्रोदय | रात्रि 11:45 PM (3 अक्टूबर) |
| चंद्रास्त | दोपहर 01:10 PM (4 अक्टूबर) |
| सूर्य राशि | कन्या राशि में विराजमान |
| चंद्र राशि | मिथुन राशि में दिन-रात संचार करेगा |
| ऋतु | शरद ऋतु |
| अयन | दक्षिणायन |
2. आज के शुभ मुहूर्त (Auspicious Timings)
वैदिक ज्योतिष में शुभ मुहूर्त में किए गए कार्यों का फल स्थायी एवं फलदायी माना गया है। यदि आप आज कोई नया कार्य प्रारंभ करना चाहते हैं या पितृ पूजन, खरीदारी अथवा यात्रा की योजना बना रहे हैं, तो निम्नलिखित शुभ समय का ध्यान रखें:
| शुभ मुहूर्त का नाम | समय सीमा | महत्व एवं उपयोग |
|---|---|---|
| अभिजित मुहूर्त | सुबह 11:46 AM से दोपहर 12:34 PM तक | दिन का सबसे श्रेष्ठ मुहूर्त। इसमें किए गए सभी कार्य निर्विघ्न संपन्न होते हैं। |
| ब्रह्म मुहूर्त | प्रातः 04:38 AM से 05:26 AM तक | ईश्वर ध्यान, मंत्र जाप और योग-साधना के लिए सर्वोत्तम समय। |
| विजय मुहूर्त | दोपहर 02:08 PM से 02:56 PM तक | मुकदमेबाजी, खेल, प्रतियोगिता और व्यापारिक समझौतों के लिए उत्तम। |
| गोधूलि मुहूर्त | सायंकाल 06:05 PM से 06:29 PM तक | संध्या वंदन और मंदिर दर्शन के लिए अत्यंत पवित्र काल। |
| अमृत काल | प्रातः 03:15 AM से 04:50 AM (4 अक्टूबर) | मंत्र सिद्धि और विशेष अनुष्ठानों के लिए उपयुक्त। |
| निशिता मुहूर्त | रात्रि 11:45 PM से 12:34 AM (4 अक्टूबर) | भगवान कालभैरव की पूजा व तंत्र साधना के लिए विशेष समय। |
3. आज के अशुभ मुहूर्त (Inauspicious Timings / राहुकाल)
अशुभ मुहूर्त में कोई भी नया कार्य, नींव रखना, अनुबंध पर हस्ताक्षर या महत्वपूर्ण यात्रा प्रारंभ करने से बचना चाहिए। राहुकाल के समय विशेष रूप से सतर्कता बरतनी चाहिए:
| अशुभ काल | समय सीमा | सावधानी |
|---|---|---|
| राहुकाल | सुबह 09:12 AM से 10:41 AM तक | इस दौरान कोई भी नया या शुभ काम शुरू न करें। |
| यमगंड | दोपहर 01:38 PM से 03:07 PM तक | इस समय की गई यात्रा में बाधाएं आ सकती हैं। |
| गुलिक काल | प्रातः 06:15 AM से 07:44 AM तक | कार्यों में विलंब और रुकावट की संभावना रहती है। |
| दुर्मुहूर्त | सुबह 06:15 AM से 07:02 AM एवं 07:02 AM से 07:49 AM | महत्वपूर्ण निर्णयों को इस समय टालें। |
| वर्ज्यम | दोपहर 04:10 PM से शाम 05:45 PM तक | मांगलिक कार्यों के लिए त्याज्य समय। |
4. आज का दिन एवं रात्रि चौघड़िया (Day & Night Choghadiya)
यात्रा, खरीदारी और दैनिक व्यवसायिक गतिविधियों के लिए चौघड़िया मुहूर्त देखना बहुत व्यावहारिक माना जाता है:
दिन का चौघड़िया (Day Choghadiya – 3 अक्टूबर 2026)
| चौघड़िया प्रकार | प्रकृति | समय सीमा |
|---|---|---|
| शुभ (Shubh) | उत्तम | 06:15 AM – 07:44 AM |
| रोग (Rog) | अशुभ | 07:44 AM – 09:12 AM |
| उद्वेग (Udveg) | अशुभ (राहुकाल) | 09:12 AM – 10:41 AM |
| चर (Char) | सामान्य | 10:41 AM – 12:10 PM |
| लाभ (Labh) | उत्तम | 12:10 PM – 01:38 PM |
| अमृत (Amrit) | अत्यंत शुभ | 01:38 PM – 03:07 PM |
| काल (Kaal) | अशुभ | 03:07 PM – 04:36 PM |
| शुभ (Shubh) | उत्तम | 04:36 PM – 06:05 PM |
रात्रि का चौघड़िया (Night Choghadiya)
| चौघड़िया प्रकार | प्रकृति | समय सीमा |
|---|---|---|
| अमृत (Amrit) | अत्यंत शुभ | 06:05 PM – 07:36 PM |
| चर (Char) | सामान्य | 07:36 PM – 09:07 PM |
| रोग (Rog) | अशुभ | 09:07 PM – 10:38 PM |
| काल (Kaal) | अशुभ | 10:38 PM – 12:09 AM (4 Oct) |
| लाभ (Labh) | उत्तम | 12:09 AM – 01:40 AM (4 Oct) |
| उद्वेग (Udveg) | अशुभ | 01:40 AM – 03:11 AM (4 Oct) |
| शुभ (Shubh) | उत्तम | 03:11 AM – 04:42 AM (4 Oct) |
| अमृत (Amrit) | अत्यंत शुभ | 04:42 AM – 06:16 AM (4 Oct) |
5. पर्व, त्यौहार एवं विशेष योग (Festivals & Special Yogas)
मासिक कालाष्टमी एवं कालभैरव पूजन
प्रत्येक माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को कालाष्टमी के रूप में मनाया जाता है। आश्विन मास की कालाष्टमी का अपना अलग ही महत्व है। आज के दिन भगवान शिव के रुद्र स्वरूप कालभैरव की पूजा-अर्चना की जाती है। मान्यता है कि आज के दिन कालभैरव की उपासना करने से भय, संकट, रोग, और शत्रुओं का नाश होता है। तंत्र-मंत्र साधना और राहु-शनि से संबंधित दोषों के निवारण के लिए यह दिन अत्यंत दुर्लभ माना गया है।
पितृ पक्ष (श्राद्ध पक्ष) – अष्टमी श्राद्ध
पितृ पक्ष का आठवां दिन अष्टमी श्राद्ध के रूप में जाना जाता है। जिन पूर्वजों की मृत्यु तिथि किसी भी माह के कृष्ण या शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि को हुई हो, उनका श्राद्ध, तर्पण और पिंडदान आज ही किया जाएगा।
- कुतुप मुहूर्त: सुबह 11:46 AM से दोपहर 12:34 PM तक (तर्पण एवं पिंडदान के लिए सर्वश्रेष्ठ समय)।
- रौहिण मुहूर्त: दोपहर 12:34 PM से 01:21 PM तक।
- अपराह्न काल: दोपहर 01:21 PM से 03:45 PM तक।
6. दिशाशूल और निवारण उपाय (Disha Shool & Remedies)
आज का दिशाशूल: शनिवार के दिन पूर्व दिशा में दिशाशूल होता है। आज पूर्व दिशा में लंबी दूरी की यात्रा करने से बचना चाहिए।
यात्रा निवारण उपाय: यदि पूर्व दिशा में यात्रा करना अत्यंत आवश्यक हो, तो घर से निकलने से पूर्व थोड़ा सा अदरक, तिल अथवा उड़द की दाल खाकर निकलें। भगवान शिव या अपने इष्टदेव का स्मरण कर पहले पूर्व दिशा से विपरीत 4 कदम पीछे या दक्षिण-पश्चिम की ओर चलें, फिर अपनी यात्रा प्रारंभ करें।
7. आज का विस्तृत दैनिक राशिफल (3 अक्टूबर 2026)
चंद्रमा के मिथुन राशि में गोचर करने से सभी 12 राशियों पर इसका प्रभाव देखने को मिलेगा। आइए जानें आज आपकी राशि के सितारे क्या कहते हैं:
1. मेष राशि (Aries)
आज का दिन आपके साहस और पराक्रम में वृद्धि लाएगा। कार्यक्षेत्र में सहकर्मियों का पूरा सहयोग मिलेगा। भ्रातृ पक्ष से लाभ होने की संभावना है। संध्या के समय धार्मिक गतिविधियों में मन लगेगा। शुभ रंग: लाल, शुभ अंक: 9।
2. वृषभ राशि (Taurus)
वाणी पर संयम रखना आज आपके लिए बहुत आवश्यक है। पारिवारिक सदस्यों के साथ धन से जुड़े विषयों पर चर्चा हो सकती है। रुका हुआ धन वापस मिलने के योग हैं। खान-पान का ध्यान रखें। शुभ रंग: सफेद, शुभ अंक: 6।
3. मिथुन राशि (Gemini)
चंद्रमा आपकी ही राशि में संचार कर रहा है। मन में प्रसन्नता और नई ऊर्जा का संचार होगा। निर्णय लेने की क्षमता मजबूत होगी। व्यापार में नए अनुबंध मिल सकते हैं। वैवाहिक जीवन सुखमय रहेगा। शुभ रंग: हरा, शुभ अंक: 5।
4. कर्क राशि (Cancer)
आज मानसिक तनाव या अनिद्रा की शिकायत हो सकती है। अनावश्यक खर्चों पर नियंत्रण रखें। विदेश संबंधी कार्यों में प्रगति होगी। संध्या काल में पितृ पूजन और ध्यान से शांति मिलेगी। शुभ रंग: सिल्वर, शुभ अंक: 2।
5. सिंह राशि (Leo)
आय के नए स्रोत विकसित होंगे। पुराने मित्रों से मुलाकात से मन प्रसन्न रहेगा। सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। विद्यार्थियों के लिए आज का दिन अध्ययन के अनुकूल है। शुभ रंग: केसरिया, शुभ अंक: 1।
6. कन्या राशि (Virgo)
कर्मक्षेत्र में आपकी कार्यशैली की प्रशंसा होगी। अधिकारियों का वरदहस्त प्राप्त होगा। पिता के स्वास्थ्य का ध्यान रखें। संपत्ति से जुड़ा कोई पुराना विवाद सुलझ सकता है। शुभ रंग: धानी, शुभ अंक: 5।
7. तुला राशि (Libra)
भाग्य आज आपका पूर्ण साथ देगा। धार्मिक यात्रा का योग बन सकता है। उच्च शिक्षा से जुड़े जातकों को शुभ समाचार मिलेगा। व्यापारिक बाधाएं दूर होंगी। शुभ रंग: गुलाबी, शुभ अंक: 6।
8. वृश्चिक राशि (Scorpio)
आज वाहन चलाते समय और सड़क पार करते समय विशेष सावधानी बरतें। स्वास्थ्य संबंधी ढिलाई भारी पड़ सकती है। गुप्त शत्रुओं से सावधान रहें। कालभैरव का ध्यान करें। शुभ रंग: मैरून, शुभ अंक: 9।
9. धनु राशि (Sagittarius)
साझेदारी के काम में सफलता मिलेगी। जीवनसाथी के साथ सामंजस्य बना रहेगा। व्यावसायिक मामलों में प्रगति होगी। लंबे समय से अटका हुआ कार्य गति पकड़ेगा। शुभ रंग: पीला, शुभ अंक: 3।
10. मकर राशि (Capricorn)
प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए दिन शुभ है। कोर्ट-कचहरी के मामलों में सफलता मिलेगी। शत्रुओं पर विजय प्राप्त होगी। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा। शुभ रंग: नीला, शुभ अंक: 8।
11. कुंभ राशि (Aquarius)
संतान पक्ष से शुभ समाचार मिल सकता है। बौद्धिक क्षमता का विकास होगा। शेयर मार्केट या निवेश में समझदारी से काम लें। प्रेम संबंधों में प्रगाढ़ता आएगी। शुभ रंग: आसमानी, शुभ अंक: 8।
12. मीन राशि (Pisces)
घर-परिवार में किसी बात को लेकर मानसिक तनाव रह सकता है। माताजी के स्वास्थ्य की चिंता होगी। जमीन-जायदाद के मामलों में जल्दबाजी न करें। शुभ रंग: पीला, शुभ अंक: 3।
8. आज के विशेष महा-उपाय (महाकाल व पितृ कृपा हेतु)
आज शनिदेव के दिन शनिवार और कालाष्टमी के शुभ संयोग पर जीवन की समस्याओं के निवारण हेतु निम्नलिखित उपाय अवश्य करें:
- कालभैरव मंदिर में सरसों तेल का दीपक: आज संध्या के समय कालभैरव या शिव मंदिर में जाकर सरसों के तेल का चौमुखा दीपक जलाएं। इससे भय और नकारात्मक ऊर्जा का नाश होता है।
- काले कुत्ते को रोटियां खिलाएं: भगवान कालभैरव की कृपा प्राप्त करने के लिए आज काले कुत्ते को सरसों का तेल लगी हुई रोटी खिलाएं।
- पितृ तर्पण व तिल का दान: अष्टमी श्राद्ध पर जल में काले तिल, दूध और गंगाजल मिलाकर दक्षिण दिशा की ओर मुंह करके पितरों को अर्घ्य दें।
- शनि दोष शांति उपाय: पीपल के वृक्ष के नीचे जल अर्पित करें और सात बार परिक्रमा करते हुए ‘ॐ शं शनैश्चराय नमः’ मंत्र का जाप करें।












