गरियाबंद : किसान भाईयों के लिए बकाया ऋण अदायगी के लिए एकमुश्त समझौता योजना

गरियाबंद : किसान भाईयों के लिए बकाया ऋण अदायगी के लिए एकमुश्त समझौता योजना

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उमेश प्रधान/ रिपोर्टर/ गरियाबंद/छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में चहंुमुखी विकास और अन्य कृषि उत्पादकों का भण्डारों के साथ-साथ किसानों की जेब भी भरें और उनके आय भी बढ़े इस ओर सरकार का पूरा ध्यान है। सरकार की ओर से किसानों के लिए कई प्रकार की योजनाएं संचालित की जा रही है। राज्य शासन ने किसानों के लिए कई ऐसे कदम उठाए हैं। जिससे किसानों को ज्यादा से ज्यादा लाभ मिल सके।
राज्य के सहकारी बैंकों से जुड़े किसानों के लिए राज्य शासन की ओर से अच्छी खबर आयी है। राज्य शासन द्वारा किसान भाईयों के लिए एकमुश्त समझौता योजना 2023 लागू किया है। यह योजना एक वर्ष (31 मार्च 2024 तक) के लिए लागू रहेगी। किसानों के पास 31 मार्च 2024 तक बकाया राशि चुकाने का मौका है। मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला जिला सहकारी केंद्रीय मर्यादित बैंक रायपुर ने बताया कि भूमि विकास बैंक रायपुर के कार्यक्षेत्र अंतर्गत जिला रायपुर, महासमुंद, गरियाबंद, बलौदाबाजार, सारंगढ-बिलाईगढ़ और धमतरी शाखाओं से किसानों द्वारा लिए गए मध्यकालीन/दीर्घकालीन कालातीत बकाया राशि की अदायगी के लिए एकमुश्त समझौता योजना-2023 का लाभ उठा सकते है।
इस एकमुश्त समझौता अंतर्गत वहीं किसान पात्र होंगे जो भूमि विकास बैंक का कालातीत ऋणी सदस्य हो। 31 मार्च 2022 तक 6 वर्ष से अधिक का कालातीत सदस्य रहा हो। सदस्य का खाता एनपीए होने के दिनांक पर समझौता दिनांक पर कुल बकाया ऋण दोनों में से जो भी कम हो उसमे 6 प्रतिशत साधारण ब्याज की अदायगी संबंधित किसान को करनी होगी। यह समझौता योजना 31 मार्च 2024 तक सीमित है। समझौता दिनांक तक ऋण खाते में अधिभारित दण्ड ब्याज, विधिक व्यय एवं अन्य छूट भी बैंक द्वारा दी जाएगी। गरियाबंद जिले के नोडल अधिकारी श्री प्रहलाद पुरी गोस्वामी ने बताया कि इस संबंध में अधिक जानकारी के लिए किसान भाई अपने निकटतम जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक की शाखा से सम्पर्क कर विस्तृत जानकारी प्राप्त कर योजना का लाभ उठा सकते हैं।