अम्बिकापुर: सड़कों पर दौड़ रहे 713 फिटनेस फेल ई-रिक्शा, बीजेपी नेता कैलाश मिश्रा ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर सख्त कार्रवाई की मांग की
अम्बिकापुर: शहर की सड़कों पर अनियंत्रित और फिटनेस फेल ई-रिक्शा चालकों के खिलाफ अब मोर्चा खोल दिया गया है। पूर्व जिला संयोजक (भाजपा NGO प्रकोष्ठ, सरगुजा) कैलाश मिश्रा ने सरगुजा कलेक्टर को पत्र लिखकर फिटनेस फेल ई-रिक्शाओं पर तत्काल और कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है।
1251 ई-रिक्शा पंजीकृत, आधे से अधिक का फिटनेस फेल
कलेक्टर को सौंपे गए पत्र के अनुसार, अम्बिकापुर आरटीओ (RTO) कार्यालय में 18 जून 2026 तक कुल 1251 ई-रिक्शा पंजीकृत हैं। चौंकाने वाला आंकड़ा यह है कि इनमें से केवल 538 ई-रिक्शा का ही फिटनेस प्रमाण पत्र वैध है, जबकि 713 ई-रिक्शा फिटनेस फेल हो चुके हैं।
इसके बावजूद, ये फिटनेस फेल ई-रिक्शा बेखौफ होकर शहर की मुख्य सड़कों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में अंधाधुंध दौड़ रहे हैं, जिससे आए दिन हादसों की आशंका बनी रहती है।
अम्बिकापुर RTO के मुख्य आंकड़े (18/06/2026 तक):
| विवरण | संख्या |
|---|---|
| कुल पंजीकृत ई-रिक्शा | 1251 |
| फिटनेस पास (वैध) | 538 |
| फिटनेस फेल (अवैध) | 713 |
संयुक्त टीम बनाकर सघन जांच और कार्रवाई की मांग
ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि वर्तमान में पुलिस यातायात विभाग के पास ई-रिक्शा के संबंध में न तो स्पष्ट दिशा-निर्देश हैं और न ही ड्राइवरों के पास लाइसेंस तथा फिटनेस दस्तावेज उपलब्ध हैं।
कैलाश मिश्रा ने जिला प्रशासन से मांग की है कि:
- यातायात पुलिस और परिवहन विभाग (RTO) की एक संयुक्त टीम का गठन किया जाए।
- शहर के विभिन्न चौराहों पर सघन चेकिंग अभियान चलाया जाए।
- बिना फिटनेस और बिना लाइसेंस दौड़ रहे ई-रिक्शाओं को जब्त कर कानूनी कार्रवाई की जाए।
“फिटनेस फेल ई-रिक्शाओं की अनियंत्रित दौड़ पर लगाम लगाना अत्यंत आवश्यक है, ताकि आम जनता और यात्रियों का जीवन सुरक्षित रह सके।”
— कैलाश मिश्रा (पूर्व जिला संयोजक, भाजपा NGO प्रकोष्ठ, सरगुजा)
अब देखना यह होगा कि ज्ञापन मिलने के बाद सरगुजा जिला प्रशासन और यातायात विभाग इस मामले पर क्या कड़ा रुख अपनाता है और शहर की यातायात व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए क्या कदम उठाता है।


















