Advertisement

शहद प्रसंस्करण केेंद्र: कानन पेंडारी में तैयार हो रहा है शुद्ध और स्वादिष्ट शहद

रायपुर : शहद प्रसंस्करण केेंद्र: कानन पेंडारी में तैयार हो रहा है शुद्ध और स्वादिष्ट शहद

Gemini_Generated_Image_fohysbfohysbfohy
WhatsApp-Image-2026-03-12-at-6.48.17-PM-1-298x300 (1)
sjjj

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले स्थित कानन पेंडारी शहद प्रसंस्करण केन्द्र शुद्ध और स्वादिष्ट शहद तैयार कर अपनी एक अलग पहचान बना ली है। इस क्षेत्र के आदिवासी वर्ग के शहद संग्राहकों को राज्य सरकार की समर्थन मूल्य योजना के तहत 31 लाख रूपए का लाभ हुआ है। प्रसंस्करण केन्द्र से तैयार शहद संजीवनी विक्रय केन्द्रों और सी-मार्ट में उपलब्ध है, जो युवाओं और सीनियर सिटीजन को खासा लुभा रही है।
उल्लेखनीय है कि शहद प्रसंस्करण केेंद्र, कानन पेंडारी जिला वनोपज सहकारी यूनियन मर्यादित वन मंडल बिलासपुर की स्थापना वित्तीय वर्ष 2006-2007 में किया गया था, जिसका संचालन जिला वनोपज सहकारी यूनियन मर्यादित वन मंडल बिलासपुर द्वारा किया जा रहा है। शहद प्रसंस्करण केंद्र कानन पेंडारी में बिलासपुर वृत्त के बेलगहना, खुड़िया, कोटा, कटघोरा, कोरबा, धरमजयगढ़, मरवाही से कच्चा शहद संग्राहकों द्वारा संग्रहित कर लाया जाता है।
वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इस प्रसंस्करण केन्द्र में कच्चा शहद संग्राहकों में ज्यादातर आदिवासी वर्ग के हैं। कच्चा शहद संग्रहण से राज्य सरकार की समर्थन मूल्य योजना से इन्हंे 31 लाख रूपए का लाभ हुआ है। कच्चा शहद संग्राहकों को ग्रामोपयोगी विज्ञान केंद्र वर्धा (महाराष्ट्र) से विनाश विहीन पद्धति द्वारा संग्रहण हेतु प्रशिक्षण भी दिया गया है, ताकि शहद उत्पादन में बढ़ोत्तरी हो सके और संग्राहकों की आय बढ़ सके।
अधिकारियों ने बताया कि शहद प्रसंस्करण कंेद्र कानन पेंडारी के जंगली शहद के कई गुण है। इस शहद मंे किसी प्रकार का मिलावट नहीं किया जाता है। यह पूरी तरह से प्राकृतिक होता है। अलग-अलग सीजन में अलग-अलग फ्लेवर के शहद होता है। जो हृदय रोग, मोटापा तथा प्रतिरोधी क्षमता में बढ़ोत्तरी इत्यादि हेतु लाभकारी होता है। अधिकारियों ने बताया कि शहद प्रसंस्करण केंद्र कानन पेंडारी के मशीन की प्रसंस्करण क्षमता 300 किलो ग्राम/प्रतिदिन है, जिसमें शहद को फिल्टर तथा नमी की मात्रा 18 से 19 तक लाया जाता है, ताकि शहद की गुणवत्ता अच्छी हो सके। प्रसंस्करण पश्चात् 21 दिनों तक शहद को भण्डारण टंकी में सेटल होने के लिए रखा जाता है। उसके बाद इसे 200 ग्राम, 300 ग्राम, 600 ग्राम, 800 ग्राम, 1200 ग्राम तथा 5 किलोग्राम के बोतल साइज में पैक किया जाकर मार्ट बिलासपुर भेज दिया जाता है, जहां से संजीवनी विक्रय केंद्र तथा सी-मार्ट में विक्रय हेतु प्रदाय किया जाता है। शहद प्रसंस्करण केंद्र कानन पेंडारी में शुद्धता का खास ध्यान रखा जाता है जैसे- शहद प्रसंस्करण केंद्र में पहले शहद की जांच की जाती है, फिर टेस्ट (केमिकल टेस्ट) किया जाता है कि शहद में किसी प्रकार का मिलावट न हो साथ ही नमी जांच हेतु रेफ्रेक्टोमीटर द्वारा जांच किया जाता है।
अधिकारियों ने बताया कि शहद प्रसंस्करण केंद्र कानन पेंडारी के शहद की एक अलग पहचान बनी हुई है, जिसे हर वर्ग के लोग पसंद करते हैं। युवा एवं सीनियर सिटीजन वर्ग के ग्राहक इसे खास पसंद करते हैं।
गौरतलब है कि शहद प्रसंस्करण केंद्र कानन पेंडारी को वर्ष 2021-2022 से ऑर्गनिक लाइसंेस प्राप्त है तथा आर्गेनिक नियमों का पालन कर संग्रहण, प्रसंस्करण तथा पैकिंग किया जाता है एवं विदेश निर्यात हेतु निर्यात प्रमाणीकरण भी कराया जा रहा है, जो अभी प्रक्रिया में है। जल्द ही शहद प्रसंस्करण केंद्र कानन पेंडारी से शहद विदेशों में भी विक्रय किये जाने की योजना है।

file_0000000093d882119d122d54d9d757b5
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.12.06
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.38
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.39
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.39 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.40
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.40 (1)
WhatsApp-Image-2026-08-15-at-00.21.47