Advertisement

अवैध धान के विक्रय हेतु दर्ज प्रकरण की संख्या अनुसार राज्य में पहले नंबर पर कोरबा जिला

अवैध धान के विक्रय हेतु दर्ज प्रकरण की संख्या अनुसार राज्य में पहले नंबर पर कोरबा जिला

मुख्य सचिव श्री अमिताभ जैन ने वीडियो कान्फ्रेसिंग से की धान उपार्जन और उठाव की समीक्षा

Gemini_Generated_Image_fohysbfohysbfohy
WhatsApp-Image-2026-03-12-at-6.48.17-PM-1-298x300 (1)
sjjj
WhatsApp Image 2026-09-30 at 04.12.35 (2)
Festive Birthday Tribute to Maharaja Singh Deo

कोरबा / मुख्य सचिव अमिताभ जैन ने आज जिले में धान खरीदी और उठाव की समीक्षा। कलेक्टर अजीत वसंत ने जिले में उपार्जित धान उठाव एवं कोचियों/बिचौलियों के विरूद्ध अब तक की गई कार्यवाही से मुख्य सचिव को अवगत कराया गया।
उन्होंने बताया कि खरीफ विपणन वर्ष 2023-24 में कोरबा जिले में 12 जनवरी की स्थिति में सहकारी समितियों द्वारा कुल 1,89,083 मे.टन धान खरीदी के विरूद्ध 1,84,584 मे.टन (98 प्रतिशत) धान का डी.ओ जारी किया गया है। जारी डी.ओ के विरूद्ध 1,20,423 मे.टन (65 प्रतिशत) धान का उठाव सीधे खरीदी केन्द्रो से किया गया है तथा खरीदी केन्द्रो में 68,660 मे.टन धान शेष है। शेष धान का उठाव की कार्ययोजना तैयार करने हेतु जिला विपणन अधिकारी एवं खाद्य अधिकारी को निर्देशित किया गया है।
जिले के सभी 65 धान उपार्जन केन्द्रो के लिए नोडल अधिकारी एवं निगरानी समिति का गठन किया गया है। कोचियों एवं बिचौलियों से अवैध धान का विक्रय पर रोक लगाने हेतु अनुविभाग अधिकारी (रा) की अध्यक्षता में राजस्व विभाग, खाद्य विभाग, सहकारिता विभाग एवं मंडी विभाग के अधिकाारियेां को शामिल कर अनुविभाग स्तरीय जांच दल का गठन कर अवैध धान के विक्रय पर सतत् निगरानी की जा रही है। जिले में दिनांक 12.01.2024 की स्थिति में कोचियों/बिचौलियों के विरूद्ध मंडी अधिनियम के तहत दर्ज 47 प्रकरणों में कुल 1686 क्ंिवटल धान जब्त किया गया है। जिले में अवैध धान के विक्रय हेतु दर्ज प्रकरण की संख्या अनुसार राज्य में पहले नंबर पर है।
जिले में किसानों द्वारा धान विक्रय हेतु कटवाये गये टोकन का भौतिक सत्यापन जांच दल के माध्यम से किया जा रहा है। जांच दल द्वारा की गई कार्यवाही में धान उपार्जन केन्द्र केरवाद्वारी से जारी टोकनों की जांच करने पर नत्थूराम पिता सुनाराम के नाम से 106 क्ंिवटल धान, शनीराम पिता सुखसिंह 240 क्ंिवटल धान, बोधीराम पिता डोकरी 90 क्ंिवटल धान भौतिक सत्यापन में नही पाए जाने पर टोकन निरस्त कराया गया। इसी प्रकार रामलाल पिता घसियाराम के नाम से जारी 180 क्ंिवटल धान का भौतिक सत्यापन करने पर 75 क्ंिवटल धान पाया गया तथा उपार्जन केन्द्र चचिया के कृषक जयपाल पिता आशाराम ग्राम धौराभांटा के नाम से जारी 60 क्ंिवटल टोकन की जांच करने पर भौतिक सत्यापन करने पर 32 क्ंिवटल ही धान पाया गया शेष मात्रा को निरस्त की गई। कुल 569 क्ंिवटल धान के टोकन निरस्त किए गए। धान उपार्जन केन्द्र जवाली से कृषक गोरेलाल का 20 बोरी धान, उपार्जन केन्द रामपुर से सुखमति 33 बोरी धान एवं ताजादास का 20 बोरी धान, उपार्जन केन्द चचिया के कृषक जगमाल का 10 बोरी धान, धान उपार्जन केन्द्र लाफा के कृषक गोपाल सिंह ग्राम खैराबहार के 20 बोरी धान, धान उपार्जन केन्द्र पोडी के कृषक इंद्रजीत कंवर का 39 कट्टा धान, धान उपार्जन केन्द्र करईनारा के कृषक छेदूराम का 22 बोरी धान, उपार्जन केन्द्र बोईदा के कृषक बलदाउ का 12 बोरी धान एवं कृषक आर्थिक लाल का 35 कट्टा धान, उपार्जन केन्द्र उतरदा के कृषक सुरसति का 11 बोरी धान, कृषक कुंजबिहारी का 17 बोरी धान, कृषक राधेश्याम का 25 बोरी धान, गया प्रसाद का 27 बोरी, शांति कुमार का 100 बोरी कुल 180 बोरी धान जांच के दौरान पाखड (अमानक) पाए जाने के कारण कुल 358 बोरी धान टोकन निरस्त किया गया है। प्रकरण पर कार्यवाही करने के निर्देश सभी नोडल अधिकारी एवं निगरानी समिति को लगातार धान उपार्जन अवधि तक करने के लिए निर्देशित किया गया है। किसानों से अपील की गई है कि स्वयं की उपज का गुणवत्तायुक्त धान बिक्री हेतु धान खरीदी केन्द्र में लाएं। वास्तविक उपज के आधार पर टोकन प्राप्त करें ताकि किसानों को समर्थन मूल्य पर धान बिक्री में कोई परेशानी का सामना न करना पड़े।

Festive Hindi Greeting News Banner
WhatsApp Image 2026-10-16 at 21.37.34 (1)
WhatsApp Image 2026-10-18 at 17.22.08
WhatsApp Image 2026-10-16 at 12.30.57