Advertisement

Aaj Ka Panchang 1 October 2026: आज का पंचांग, जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और पंचमी श्राद्ध का समय






आज का पंचांग 1 अक्टूबर 2026: तिथि, शुभ मुहूर्त, राहुकाल एवं पञ्चाङ्ग गणना


आज का पंचांग: 1 अक्टूबर 2026, गुरुवार

विशेष: आज आश्विन मास (पूर्णिमांत) के कृष्ण पक्ष की पंचमी तिथि है। आज का दिन पितृ पक्ष (श्राद्ध पक्ष) की पंचमी तिथि का तर्पण एवं श्राद्ध कर्म करने के लिए विशेष शुभ माना जाता है। आज रोहिणी नक्षत्र का प्रभाव रहेगा।

1. पंचांग के 5 मुख्य अंग (Panchang Basics)

वैदिक ज्योतिष में पंचांग का विशेष महत्व होता है। पंचांग के मुख्य पाँच अंग — तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण होते हैं:

पंचांग अंग विवरण / समय
वार (Day) गुरुवार (Thursday)
तिथि (Tithi) कृष्ण पक्ष पंचमी (दोपहर 12:36 बजे तक, तत्पश्चात षष्ठी)
नक्षत्र (Nakshatra) रोहिणी (अहोरात्र / अगले दिन सुबह 04:28 बजे तक)
योग (Yoga) सिद्धि योग (रात्रि 09:18 बजे तक)
करण (Karana) तैतिल (दोपहर 12:36 बजे तक), तत्पश्चात गर (रात्रि 11:26 बजे तक)

2. सूर्य एवं चंद्रमा की गणना (Sun & Moon Timings)

दैनिक कार्यों, संकल्प और पूजा-पाठ की समय सारिणी के लिए सूर्योदय, सूर्यास्त और चंद्रोदय का समय अत्यंत महत्वपूर्ण होता है:

Gemini_Generated_Image_fohysbfohysbfohy
WhatsApp-Image-2026-03-12-at-6.48.17-PM-1-298x300 (1)
sjjj
घटना समय (IST)
सूर्योदय (Sunrise) प्रातः 06:13 बजे
सूर्यास्त (Sunset) सायं 06:07 बजे
चंद्रोदय (Moonrise) रात्रि 09:18 बजे
चंद्रास्त (Moonset) प्रातः 11:01 बजे
चंद्र राशि (Moon Sign) वृषभ राशि
सूर्य राशि (Sun Sign) कन्या राशि
ऋतु (Season) शरद ऋतु

3. हिंदू मास, संवत एवं काल गणना

  • विक्रम संवत: 2083
  • शक संवत: 1948 (पराभव)
  • मास (पूर्णिमांत): आश्विन
  • मास (अमांत): भाद्रपद
  • पक्ष: कृष्ण पक्ष
  • अयन: दक्षिणायन

4. शुभ मुहूर्त समय (Auspicious Timings)

शुभ कार्यों की शुरुआत, नए संकल्प, धार्मिक अनुष्ठान या महत्वपूर्ण यात्रा के लिए शुभ मुहूर्त का ध्यान रखना चाहिए:

मुहूर्त का प्रकार समय सीमा
अभिजित मुहूर्त (Abhijit Muhurat) पूर्वाह्न 11:46 बजे से दोपहर 12:34 बजे तक
विजय मुहूर्त (Vijaya Muhurat) दोपहर 02:08 बजे से दोपहर 02:55 बजे तक
गोधूलि मुहूर्त (Godhuli Muhurat) सायं 06:07 बजे से सायं 06:31 बजे तक
ब्रह्म मुहूर्त (Brahma Muhurat) प्रातः 04:37 बजे से प्रातः 05:25 बजे तक
अमृत काल (Amrit Kalam) रात्रि 11:31 बजे से मध्यरात्रि 01:18 बजे तक (2 अक्टूबर)

5. अशुभ समय एवं वर्जित काल (Inauspicious Timings)

निम्नलिखित समय में नए या मांगलिक कार्य आरंभ करने से बचना चाहिए:

अशुभ काल समय सीमा
राहुकाल (Rahu Kalam) दोपहर 01:38 बजे से दोपहर 03:08 बजे तक
यमगण्ड (Yamaganda) प्रातः 06:13 बजे से प्रातः 07:42 बजे तक
गुलिक काल (Gulika Kalam) प्रातः 09:12 बजे से प्रातः 10:41 बजे तक
दुर्मुहूर्त (Dur Muhurat) प्रातः 10:11 बजे से प्रातः 10:58 बजे तक
दिशा शूल (Disha Shool) दक्षिण दिशा (दक्षिण दिशा में यात्रा से बचें)

6. आज का दिन विशेष एवं धार्मिक महत्व (Significance)

पंचमी तिथि का श्राद्ध (Pitru Paksha Panchami Shraddha)

पितृ पक्ष के दौरान आश्विन कृष्ण पंचमी तिथि को उन पूर्वजों का तर्पण और पिंडदान किया जाता है, जिनका देहावसान किसी भी माह की पंचमी तिथि को हुआ हो। रोहिणी नक्षत्र में किया जाने वाला श्राद्ध एवं पिंडदान विशेष फलदायी माना जाता है, क्योंकि रोहिणी नक्षत्र को ज्योतिष में अत्यंत शुभ और शुभ फल देने वाला नक्षत्र माना गया है।

आज के विशेष उपाय

  • भगवान विष्णु एवं बृहस्पति देव की पूजा: गुरुवार का दिन भगवान श्री हरि विष्णु को समर्पित है। आज के दिन पीले वस्त्र धारण करें, चने की दाल और गुड़ का दान करें।
  • पीपल वृक्ष पूजा: पितृ पक्ष के दौरान पीपल के पेड़ पर जल में काले तिल और कच्चा दूध मिलाकर अर्पित करने से पितृ दोष शांत होता है।
  • केले के पौधे की पूजा: आर्थिक समृद्धि के लिए आज केले के पौधे में जल अर्पित कर दीपक प्रज्वलित करें।


file_0000000093d882119d122d54d9d757b5
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.12.06
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.38
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.39
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.39 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.40
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.40 (1)
WhatsApp-Image-2026-08-15-at-00.21.47