जनजातीय गौरव दिवस एवं जनजाति गौरव समाज की स्थापना दिवस मनाया गया

जनजातीय गौरव दिवस एवं जनजाति गौरव समाज की स्थापना दिवस मनाया गया

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P.S.YADAV/ब्यूरो चीफ/सरगुजा//  अम्बिकापुर के संत गहिरा गुरु आश्रम में धरती आबा भगवान बिरसा मुण्डा जी के जयंती के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की केंद्र सरकार द्वारा घोषित जनजातीय गौरव दिवस एवं जनजाति गौरव समाज की द्वितीय स्थापना दिवस धूमधाम से मनाया गया। जनजाति गौरव समाज की स्थापना 15 नवंबर के ही दिन 2019 में अम्बिकापुर में किया गया था। इस महत्वपूर्ण दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में अतिथियों द्वारा पूज्य संत गहिरा गुरु एवं धरती आबा भगवान बिरसा मुण्डा के तैलचित्र में दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया।

कार्यक्रम के मुख्य वक्ता गणेश राम भगत ने अपने उद्बोधन में जनजाति समाज को नमन करते हुए कहा कि आज बिरसा मुण्डा जी की जयंती है। आज जनजातीय गौरव दिवस के रूप में जगह – जगह एकत्रित होकर भगवान बिरसा मुण्डा जी का जयंती मनाया जा रहा है। भारत सरकार को बहुत-बहुत बधाई और शुभकामनाएं देना चाहता हूँ। देश स्वतंत्र हुए 75 साल हो गए, लेकिन भारत सरकार में यह पहली सरकार है, जिसने जनजातियों की भावनाओं एवं उनकी शक्तियों को पहचाना, जनजातियों की वीरता को पहचाना। मुझे बहुत खुशी हो रही है कि भारत सरकार ने 15 नवंबर, बिरसा मुण्डा जयंती को जनजातीय गौरव दिवस के रूप में मनाने का घोषणा किया।

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आज के दिवस पूरे देश के सभी जनजाति समाज के लोग अपने इतिहास और शक्ति को याद करेंगे। उन्होनें आगे कहा कि जल, जंगल, जमीन जनजातियों की धरोहर है, इसे संरक्षित करना सभी की जिम्मेदारी है। विशिष्ट अतिथि डॉ आजाद भगत ने जनजातीय गौरव दिवस की सभी को बधाई एवं शुभकामनाएँ देते हुए इसे जनजाति समाज की उपलब्धि बताया। उन्होनें कार्तिक उरांव के अधूरे सपने को पूरा करने का अहवाहन किया। विशिष्ट अतिथि ठाकुर राम ने संबोधित करते हुए कहा कि यहाँ उपस्थित प्रत्येक व्यक्ति अपने आपको धरती आबा बिरसा मुण्डा समझें और ईसाई धर्मांतरण के खिलाफ अलख जगाने का काम अपने अपने स्थानों में करना है, तभी यह दिवस सार्थक होगा।

कार्यक्रम को प्रमुख सामाजिक कार्यकर्त्ता राजेश, पार्षद नरेश एक्का आदि ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम में करमा नृत्य, छत्तीसगढ़ी नृत्य, सामूहिक लोकगीतों की प्रस्तुति भी अलग – अलग टीमों द्वारा की गई। कार्यक्रम में स्वागत उद्बोधन संगठन की महिला समाज की जिलाध्यक्ष अनामिका सिंह पैकरा एवं आभार प्रदर्शन संभाग के संरक्षक उपेंद्र सिंह पैंकरा ने किया। कार्यक्रम का संचालन इन्दर भगत ने किया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से बन्दे राम बैरागी, पार्षद बालेश्वर तिर्की, पार्षद मंजूषा भगत, मानकेश्वर भगत, टेकराम भगत, अरविंद, राम सेवक, बिहारी सिंह, सुरेश राम, सुजान बिंद, रामपुकार, कमलेश टोप्पो, अंकित कुमार तिर्की, पावन पूर्णाहुति भगत, रामबिहारी सिंह पैंकरा, विशेश्वर सिंह, सोनिया मुण्डा, रीना मुण्डा, उमेश किस्पोट्टा, टीपू, बालमुनि प्रधान, देवनारायण भगत, श्रीराम भगत, शिवशंकर केरकेट्टा, सतीश भगत, सुरेन्द्र भगत, दीपक तिर्की सहित अंबिकापुर एवं आसपास से बड़ी संख्या में जनजाति समाज के लोग सम्मिलित हुए।