बलौदाबाजार : 80 प्रतिशत तक संक्रमित 56 वर्षीय सुनीता ने दी कोरोना को मात, 40 दिनों में जीती मुश्किल भरी जंग : माँ-बेटे दोनों हुए थे संक्रमित

डेडिकेटेड कोविड हॉस्पिटल में बेहतर चिकित्सा सुविधा मिलने पर डॉक्टरों,नर्सो एवं स्टाफ के प्रति व्यक्त किया आभार

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बलौदाबाजार06 मई 2021कोरोना संक्रमण की चुनौतियों के बीच जिला मुख्यालय स्थित डेडिकेटेड कोविड हॉस्पिटल के डॉक्टर एवं मेडिकल की पूरी टीम लोगों को बेहतर चिकित्सा सुविधा देने में जुटी हुई है। इनके लगातार सकारात्मक प्रयासों के चलते गंभीर स्थिति में भर्ती हुए मरीज भी पूरी तरह से स्वस्थ हो रहे हैं। ऐसे ही एक कोरोना मरीज मुश्किलों से भरी जंग जीती हैं। बजरंग वार्ड भाटापारा नगर के निवासी 56 वर्षीय सुनीता शुक्ला ने कोरोना को मात दी हैं। उन्होंने 40 दिनों में अपनें मजबूत हौसलों से यह जंग जीती हैं। जो अपनें आप मे एक मिशाल हैं। श्रीमती सुनीता 80 प्रतिशत तक संक्रमित था साथ ही उनका ऑक्सीजन लेवल भी 79 प्रतिशत था। उनकें साथ उनका 30 वर्षीय बेटा विवेक शुक्ला भी कोरोना से संक्रमित हो गये थे।आज दोनों पूरी तरह से स्वस्थ होकर कोविड केयर हॉस्पिटल से वापस घर लौट गये हैं। विवेक ने बताया कि कोरोना के प्रारंभिक लक्षण दिखने पर मैने 20 मार्च को अपना एंटीजन कोविड टेस्ट कराया था। जिसमें रिपोर्ट पॉजिटिव आया था। मेरे सम्पर्क में आने के चलते मैने अपनी माँ और पिता जी का भी थ्रू नॉट टेस्ट 22 मार्च कराया था। जिसका रिपोर्ट पॉजिटिव आया। पिता जी को कोई तकलीफ नही था वह घर मे ही होम आईसोलेशन में रहकर पूरी तरह से स्वस्थ हो गये। पर मैं और मेरी माँ को साँस लेने में बहुत तकलीफ हो रहा था साथ ही माँ का ऑक्सीजन लेवल लगातार गिर रहा था। जिसके चलते डॉक्टरों की सलाह पर हम दोनों जिला कोविड केयर हॉस्पिटल में 27 मार्च को भर्ती हुए है। इसके अतिरिक्त माँ को बीपी एवं डिप्रेशन की भी अलग समस्या थी। इस मुश्किल मामले में डाक्टर शैलेन्द्र साहू एवं उनकी टीम ने कड़ी मेहनत की और उनकी स्थिती को सामान्य लाया। सुनीता शुक्ला 14 दिनों तक आईसीयू में रहने एवं 20 दिनों तक सामान्य ऑक्सीजन में रहनें के बाद आज 5 मई को पूरी तरह से स्वस्थ होने के बाद माँ-बेटे दोनों को डिस्चार्ज दे दी गयी है। फोन में चर्चा करतें हुए विवेक ने बताया कि कोरोना से निपटने के लिए चिकित्सकीय परामर्श के साथ सकारात्मक सोच रखना भी जरूरी है। वे पेशे से एक बडे  फार्मा कंपनी में एमआर के पद में कार्यरत है। वे डाक्टरों एवं उनकी टीम  को धन्यवाद देते हुए कहता हैं कि इस विपरीत परिस्थिति में भी डॉक्टरों से सही उपचार मिलने से वे आज मैं और मेरी माँ पूरी तरह स्वस्थ हैं। उन्होंने आगें बताया कि जिला हॉस्पिटल का उपचार बेहद ही उच्च स्तरीय हैं। यहाँ जितनी सुविधा उपलब्ध करायी जा रही हैं उतना रायपुर एवं बिलासपुर के बड़े निजी हॉस्पिटलों में भी इतनी सुविधा उपलब्ध नही करायी जाती हैं। हमें हॉस्पिटल में जरा भी तकलीफ नही हुई वहां सभी व्यवस्था अच्छी हैं।डेडिकेटेड कोविड हॉस्पिटल में बेहतर चिकित्सा सुविधा मिलने पर उन्होंने डॉक्टरों,नर्सो एवं स्टाफ साथ ही जिला  प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया है।