Advertisement

कैंसर पीड़ित प्रभुलाल को रेडक्रॉस से मिली आर्थिक सहायता: कलेक्टर दीपक अग्रवाल ने बढ़ाया मदद का हाथ

कैंसर पीड़ित प्रभुलाल को रेडक्रॉस से मिली आर्थिक सहायता: कलेक्टर दीपक अग्रवाल ने बढ़ाया मदद का हाथ

गरियाबंद, 13 मार्च 2025 – जीवन की चुनौतियों से जूझ रहे गरीब और जरूरतमंद लोगों के लिए प्रशासन की संवेदनशीलता कभी-कभी संजीवनी का काम करती है। ऐसा ही एक उदाहरण गरियाबंद ज़िले में देखने को मिला, जहां कलेक्टर दीपक अग्रवाल ने रेडक्रॉस सोसायटी के माध्यम से कैंसर पीड़ित मरीज प्रभुलाल की मदद के लिए आर्थिक सहायता प्रदान की। यह सहायता न केवल एक परिवार के लिए राहत लेकर आई, बल्कि प्रशासन की मानवीय संवेदनशीलता का भी परिचायक बनी।

गरीबी से संघर्ष करता परिवार

गरियाबंद जिले के निवासी उमेंद्र कुमार के पिता प्रभुलाल पिछले कुछ समय से कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति अत्यंत कमजोर होने के कारण उनके इलाज में काफी कठिनाइयां आ रही थीं। जीवन बचाने के लिए उमेंद्र ने हर संभव प्रयास किया, लेकिन इलाज की भारी लागत के कारण परिवार पर आर्थिक बोझ बढ़ता चला गया। ऐसी विकट परिस्थिति में, उन्होंने जिला प्रशासन से मदद की गुहार लगाई।

कलेक्टर ने दिखाई संवेदनशीलता

उमेंद्र कुमार ने गरियाबंद के कलेक्टर दीपक अग्रवाल से आर्थिक सहायता प्रदान करने का अनुरोध किया। जब कलेक्टर को इस बारे में जानकारी मिली, तो उन्होंने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्परता दिखाई। उन्होंने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) को निर्देश दिया कि रेडक्रॉस फंड के माध्यम से पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान की जाए।

रेडक्रॉस फंड से मदद का निर्णय

रेडक्रॉस सोसायटी जरूरतमंदों को सहायता प्रदान करने के लिए कार्यरत रहती है। कलेक्टर के निर्देश पर रेडक्रॉस की जिला शाखा ने मामले को प्राथमिकता दी और सहायता राशि प्रदान करने की प्रक्रिया को तेजी से पूरा किया। कुछ ही समय में, 10,000 रुपये की सहायता राशि का चेक जारी कर दिया गया, जिससे प्रभुलाल के इलाज में कुछ राहत मिल सके।

चेक सौंपते समय प्रशासनिक अधिकारी रहे मौजूद

कलेक्टर दीपक अग्रवाल ने स्वयं यह चेक उमेंद्र कुमार को सौंपा। इस दौरान भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी, गरियाबंद जिला शाखा के सचिव और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. गार्गी यदु पाल और डॉ. लक्ष्मीकांत जांगड़े भी उपस्थित रहे।

परिवार ने जताया आभार

आर्थिक सहायता मिलने के बाद उमेंद्र कुमार ने जिला प्रशासन और रेडक्रॉस सोसायटी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा, “हमारी आर्थिक स्थिति इतनी कमजोर है कि हम अपने पिता का इलाज कराने में असमर्थ थे। जब हमने प्रशासन से मदद मांगी, तो हमें बहुत जल्दी सहायता मिली। इस मदद से हमें दवाइयों और अन्य जरूरी चिकित्सा सुविधाओं की व्यवस्था करने में सहायता मिलेगी। मैं कलेक्टर साहब और रेडक्रॉस सोसायटी का दिल से धन्यवाद करता हूं।”

Gemini_Generated_Image_fohysbfohysbfohy
WhatsApp-Image-2026-03-12-at-6.48.17-PM-1-298x300 (1)
sjjj

रेडक्रॉस सोसायटी का योगदान

भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी एक ऐसा संगठन है, जो जरूरतमंदों की मदद के लिए कार्य करता है। यह संस्था स्वास्थ्य, आपदा प्रबंधन और मानवीय सहायता के क्षेत्रों में सक्रिय भूमिका निभाती है। गरियाबंद में भी रेडक्रॉस सोसायटी कई वर्षों से गरीब और जरूरतमंद मरीजों को सहायता प्रदान कर रही है। इस बार भी रेडक्रॉस ने अपने कर्तव्य को निभाते हुए प्रभुलाल के इलाज के लिए सहायता राशि प्रदान की।

प्रशासन की पहल बनी मिसाल

सरकारी योजनाओं के अलावा, इस तरह की व्यक्तिगत पहल प्रशासन की संवेदनशीलता को दर्शाती है। गरियाबंद में कलेक्टर दीपक अग्रवाल की इस पहल से यह साबित होता है कि प्रशासनिक अधिकारी जरूरतमंदों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हैं और उनके समाधान के लिए तत्पर रहते हैं।

गरीबों के लिए राहत का माध्यम बनी रेडक्रॉस सहायता योजना

रेडक्रॉस फंड से समय-समय पर गरीबों और जरूरतमंदों को आर्थिक सहायता दी जाती है। गरियाबंद जिले में भी यह योजना कई लोगों के लिए संजीवनी साबित हुई है। इस योजना के तहत गरीब मरीजों को दवाइयों, सर्जरी और अन्य चिकित्सा जरूरतों के लिए सहायता दी जाती है। कलेक्टर ने इस योजना का लाभ प्रभुलाल को दिलाकर यह सुनिश्चित किया कि कोई भी जरूरतमंद आर्थिक तंगी के कारण अपना इलाज न रोक सके।

छत्तीसगढ़ के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति में सुधार हुआ है, लेकिन अब भी कई गरीब परिवारों को इलाज के लिए आर्थिक मदद की आवश्यकता होती है। कैंसर जैसी गंभीर बीमारी का इलाज काफी महंगा होता है, जिससे गरीब परिवारों के लिए यह एक बहुत बड़ी चुनौती बन जाती है। ऐसे में, सरकार और समाजसेवी संस्थाओं की सहायता उनके लिए संजीवनी बन सकती है।

रेडक्रॉस सोसायटी और जिला प्रशासन द्वारा इस तरह की सहायता को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए यह आवश्यक है कि जागरूकता अभियान चलाए जाएं, जिससे अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकें। गरीब और जरूरतमंद परिवारों को भी यह जानकारी दी जानी चाहिए कि वे आर्थिक सहायता के लिए किस प्रकार आवेदन कर सकते हैं। इसके अलावा, प्रशासन को भी इस तरह की मदद को बढ़ावा देना चाहिए, ताकि कोई भी मरीज इलाज से वंचित न रहे।

कैंसर पीड़ित प्रभुलाल को रेडक्रॉस सोसायटी से मिली 10 हजार रुपये की सहायता न केवल एक व्यक्ति की मदद है, बल्कि यह प्रशासन की संवेदनशीलता और समाज में सहयोग की भावना को भी दर्शाती है। गरियाबंद कलेक्टर दीपक अग्रवाल की इस पहल से यह स्पष्ट होता है कि यदि प्रशासन और समाज मिलकर कार्य करें, तो जरूरतमंद लोगों को सहायता मिल सकती है और वे जीवन की कठिनाइयों का सामना कर सकते हैं। यह घटना अन्य जिलों के लिए भी एक प्रेरणा बन सकती है कि जरूरतमंद मरीजों को हरसंभव मदद पहुंचाई जाए, ताकि वे आर्थिक तंगी के कारण इलाज से वंचित न रहें।

file_0000000093d882119d122d54d9d757b5
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.12.06
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.38
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.39
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.39 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.40
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.40 (1)
WhatsApp-Image-2026-08-15-at-00.21.47