
गरियाबंद में बेटियों के लिए कैरियर काउंसलिंग सत्र, आत्मनिर्भरता और सुरक्षा पर हुआ फोकस
गरियाबंद में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना के तहत छात्राओं के लिए कैरियर काउंसलिंग सत्र आयोजित किया गया। जानें सत्र में क्या-क्या मिली जानकारी और कैसे बनेंगे बेटियां आत्मनिर्भर।
बेटियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए गरियाबंद में कैरियर काउंसलिंग सत्र आयोजित, आत्मनिर्भरता और सुरक्षा पर हुआ विशेष फोकस
गरियाबंद, 18 जुलाई 2025: महिला एवं बाल विकास विभाग, गरियाबंद के महिला सशक्तिकरण केंद्र द्वारा बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना के अंतर्गत जिले के विभिन्न स्कूलों में कैरियर काउंसलिंग सत्र आयोजित किए गए। इस सत्र का उद्देश्य बालिकाओं को शिक्षा, कौशल और आत्मनिर्भरता की दिशा में सशक्त मार्गदर्शन देना था।
कलेक्टर भगवान सिंह उइके के निर्देशन, जिला कार्यक्रम अधिकारी अशोक पाण्डेय और जिला बाल संरक्षण अधिकारी के मार्गदर्शन में ये सत्र क्रमशः शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पाण्डुका, शासकीय हाई स्कूल तरीघाट और शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय धवलपुर में संपन्न हुए।
प्रशिक्षकों ने दी मार्गदर्शन की अहम जानकारी:
प्रशिक्षक प्रतीकचंद्र गोहिल, सौरभ तिवारी और देवेन्द्रनाथ योगी ने छात्रों को बताया:
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विषय चयन में कैसे निर्णय लें
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विभिन्न शैक्षणिक पाठ्यक्रम, संस्थान और प्रवेश प्रक्रियाओं की जानकारी
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करियर प्लानिंग और सफलता की रणनीति
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स्कूल छोड़ चुके बच्चों के लिए रोजगार और प्रशिक्षण के अवसर
मिशन शक्ति के अंतर्गत सुरक्षा और अधिकारों पर जागरूकता:
सत्र के दौरान छात्राओं को मिशन शक्ति अभियान के अंतर्गत निम्नलिखित महत्वपूर्ण जानकारी दी गई:
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लैंगिक समानता और साइबर सुरक्षा
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शी-बॉक्स पोर्टल, घरेलू हिंसा से सुरक्षा
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सखी वन स्टॉप सेंटर, महिला हेल्पलाइन 181 और बाल सहायता हेल्पलाइन 1098
प्रशासन और विद्यालय का सक्रिय योगदान:
कार्यक्रम में श्रीमती लता पटेल (संरक्षण अधिकारी, नवा बिहान), सुश्री मनीषा वर्मा (जिला मिशन समन्वयक), श्रीमती अंजली नाविक (जेंडर विशेषज्ञ), श्रीमती पद्मनी दीवान, श्रीमती अर्चना सिंह (वित्तीय साक्षरता विशेषज्ञ), सुश्री शोभा मरकाम, श्रीमती श्वेता शुक्ला, संबंधित स्कूलों के प्राचार्य, शिक्षकगण एवं छात्राओं की सराहनीय भागीदारी रही।












