सरगुजा ओलंपिक 2026-27 का गांधी स्टेडियम में भव्य शुभारंभ: फ्लड लाइट में चमकेगी खेल प्रतिभा, 88 हजार से अधिक खिलाड़ियों का महाकुंभ शुरू
1. ‘खेले बार आघू आबो सरगुजा के मान बढ़ाबो’ स्लोगन के साथ गूंजा गांधी स्टेडियम
सरगुजा ओलंपिक 2026-27 का आयोजन केवल एक खेल प्रतियोगिता नहीं, बल्कि पूरे जिले के युवा कौशल का उत्सव बन चुका है। उद्घाटन दिवस पर पूरा गांधी स्टेडियम ‘‘खेले बार आघू आबो सरगुजा के मान बढ़ाबो’’ के ऊर्जावान स्लोगन से गूंज उठा। छत्तीसगढ़ी लोक संस्कृति और खेल भावना के अद्भुत संगम के बीच जिले के सातों विकासखंडों—अम्बिकापुर, उदयपुर, बतौली, मैनपाट, लखनपुर, लुण्ड्रा एवं सीतापुर से आए लगभग 1800 एथलीट, कोच और टीम प्रबंधकों की उपस्थिति ने माहौल को अत्यंत गरिमामय बना दिया।
प्रतियोगिता के पहले ही दिन जूनियर वर्ग (बालक एवं बालिका) के लगभग 1,000 खिलाड़ियों ने मैदान संभाल लिया। एथलेटिक्स ट्रैक से लेकर वॉलीबॉल और कबड्डी कोर्ट तक, हर तरफ युवा एथलीटों की प्रतिभा और जीत का जुनून दिखाई दिया।
🌟 सरगुजा के खेल इतिहास में पहली बार: फ्लड लाइट फुटबॉल
इस आयोजन की सबसे बड़ी खासियत और आकर्षण सरगुजा के इतिहास में पहली बार आयोजित हो रहा नाइट फ्लड लाइट फुटबॉल मैच है। अंतर्राष्ट्रीय और राष्ट्रीय स्तर के स्टेडियमों की तर्ज पर गांधी स्टेडियम, अम्बिकापुर में फ्लड लाइट की जगमगाती रोशनी के नीचे फुटबॉल मुकाबले खेले जा रहे हैं। इसे देखने के लिए शहर और आसपास के ग्रामीण इलाकों से हजारों की संख्या में खेलप्रेमी स्टेडियम पहुँच रहे हैं।
2. मुख्य अतिथि प्रबोध मिंज का संबोधन: “निरंतर मेहनत और अनुशासन ही सफलता की कुंजी”
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि लुण्ड्रा विधायक प्रबोध मिंज ने खिलाड़ियों, कोचों और दर्शकों को संबोधित करते हुए अपने छात्र जीवन के संस्मरण साझा किए। उन्होंने कहा कि खेल जीवन में अनुशासन, धैर्य और नेतृत्व क्षमता का विकास करते हैं।
— प्रबोध मिंज (विधायक, लुण्ड्रा)
विधायक मिंज ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए अपील की कि सभी प्रतिभागी खेल भावना का परिचय दें, खेल के नियमों का कड़ाई से पालन करें और उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए संभाग, राज्य, राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सरगुजा और पूरे छत्तीसगढ़ प्रदेश का नाम रोशन करें।
संबोधन के पश्चात मुख्य अतिथि ने उपस्थित सभी खिलाड़ियों को निष्ठापूर्वक खेलने, खेल भावना को बनाए रखने तथा जिले के गौरव और सम्मान को सर्वोच्च स्थान देने की शपथ दिलाई।
3. रिकॉर्ड तोड़ जनभागीदारी: 88,509 खिलाड़ियों ने कराया पंजीयन
जिला प्रशासन द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, सरगुजा ओलंपिक के प्रति ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में अभूतपूर्व उत्साह देखा गया है। प्रतियोगिता के प्रथम चरण में 01 अगस्त से 15 सितम्बर 2026 तक ऑनलाइन और ऑफलाइन माध्यम से पंजीयन अभियान चलाया गया था।
इस पंजीयन अभियान के दौरान जिले के सातों विकासखंडों से कुल 88,509 खिलाड़ियों ने अपना पंजीकरण कराया। सबसे उल्लेखनीय बात यह रही कि पुरुषों की तुलना में महिला खिलाड़ियों ने खेलों में अधिक रुचि दिखाई है।
| वर्ग / श्रेणी | पंजीकृत खिलाड़ियों की संख्या | प्रतिशत / विवरण |
|---|---|---|
| महिला खिलाड़ी (Female) | 52,190 | कुल पंजीयन का लगभग 59% |
| पुरुष खिलाड़ी (Male) | 36,319 | कुल पंजीयन का लगभग 41% |
| कुल पंजीयन (Total) | 88,509 | सातों विकासखंडों से कुल प्रतिभागी |
| सर्वाधिक लोकप्रिय खेल | एथलेटिक्स (Athletics) | 48,626 खिलाड़ियों का चयन |
4. विकासखंड स्तरीय चरण: दूरस्थ अंचलों के युवाओं को मिला प्रोत्साहन
जिला स्तरीय सरगुजा ओलंपिक से पूर्व 01 से 10 अक्टूबर 2026 तक जिले के सभी सात विकासखंडों—अम्बिकापुर, उदयपुर, बतौली, मैनपाट, लखनपुर, लुण्ड्रा और सीतापुर में विकासखंड स्तरीय प्रतियोगिताओं का सफल आयोजन किया गया था।
इन प्रतियोगिताओं में वनांचल एवं सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। विकासखंड स्तर पर प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले खिलाड़ियों को प्रमाण पत्र, मेडल और ट्रॉफी देकर सम्मानित किया गया।
जिला प्रशासन द्वारा दूरदराज के गांवों से आने वाले खिलाड़ियों के लिए निःशुल्क परिवहन, सुरक्षित आवास तथा पौष्टिक भोजन की पुख्ता व्यवस्था की गई थी, जिससे खिलाड़ियों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
5. 11 खेल विधाओं में हो रही है कांटे की टक्कर
तीन दिवसीय जिला स्तरीय सरगुजा ओलंपिक 2026-27 में पारंपरिक एवं आधुनिक 11 प्रमुख खेल विधाओं को शामिल किया गया है। इन खेलों में बालक और बालिका दोनों वर्गों के खिलाड़ी अपनी प्रतिभा का जौहर दिखा रहे हैं:
- एथलेटिक्स (Athletics): 100मी, 200मी, 400मी, 800मी दौड़, लंबी कूद, ऊंची कूद एवं गोला फेंक।
- फुटबॉल (Football): दिन एवं फ्लड लाइट (नाइट) मैच।
- तीरंदाजी (Archery): पारंपरिक एवं आधुनिक धनुष श्रेणी।
- रस्साकसी (Tug of War): विशेष रूप से महिला वर्ग के लिए आयोजित मुकाबला।
- कबड्डी एवं खो-खो (Kabaddi & Kho-Kho): पारंपारिक मैदानी खेल।
- बास्केटबॉल एवं वॉलीबॉल (Basketball & Volleyball): टीम प्रतियोगिताएं।
- कुश्ती एवं कराटे (Wrestling & Karate): आत्मरक्षा और इंडोर मार्शल आर्ट्स खेल।
- बैडमिंटन (Badminton): इंडोर कोर्ट स्पर्धाएं।
6. नकद पुरस्कार, मेडल एवं संभाग स्तरीय ओलंपिक का टिकट
जिला प्रशासन एवं खेल विभाग द्वारा विजेताओं का मनोबल बढ़ाने के लिए आकर्षक नकद पुरस्कार राशि, ट्रॉफी और प्रमाण पत्र की घोषणा की गई है।
🏆 नकद पुरस्कार संरचना (Cash Prize Structure)
1. व्यक्तिगत खेल विधाएं (Individual Events):
- प्रथम स्थान (Gold): ₹2,000/- नकद एवं ट्रॉफी/प्रमाण पत्र
- द्वितीय स्थान (Silver): ₹1,500/- नकद एवं ट्रॉफी/प्रमाण पत्र
- तृतीय स्थान (Bronze): ₹1,000/- नकद एवं ट्रॉफी/प्रमाण पत्र
2. दलगत खेल विधाएं (Team Events):
- प्रथम स्थान (Gold Team): ₹4,000/- नकद एवं विजेता ट्रॉफी
- द्वितीय स्थान (Silver Team): ₹3,000/- नकद एवं उपविजेता ट्रॉफी
- तृतीय स्थान (Bronze Team): ₹2,000/- नकद एवं ट्रॉफी
संभाग स्तरीय ओलंपिक के लिए चयन: इस जिला स्तरीय प्रतियोगिता में प्रथम स्थान हासिल करने वाले विजेता खिलाड़ी और टीमें आगामी 15 से 20 नवम्बर 2026 तक अम्बिकापुर में आयोजित होने वाले संभाग स्तरीय सरगुजा ओलंपिक में सरगुजा जिले का प्रतिनिधित्व करेंगे।
7. जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों की उपस्थिति
शुभारंभ समारोह में नगर निगम सभापति हरमिंदर सिंह टिन्नी, राज्य युवा आयोग के अध्यक्ष विश्वविजय सिंह तोमर तथा वरिष्ठ जनप्रतिनिधि भरत सिंह सिसोदिया ने भी खिलाड़ियों को संबोधित किया और उन्हें अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने के लिए शुभकामनाएं दीं।
कार्यक्रम के दौरान जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) श्रीमती रोमा श्रीवास्तव, सहायक संचालक (खेल) रामकुमार सिंह, जिला खेल अधिकारी, सातों विकासखंडों के खेल निरीक्षक, खेलप्रेमी नागरिक, मीडिया प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में दर्शक उपस्थित रहे।













