सब्जी उत्पादन से होगी किसानों की आय दोगुनी

दन्तेवाडा : सब्जी उत्पादन से होगी किसानों की आय दोगुनी

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बायोटेक किसान हब परियोजना अंतर्गत एक दिवसीय सब्जी

उत्पादन पर दिया गया प्रशिक्षण

कृषि विज्ञान केन्द्र, द्वारा बायोटेक किसान हब परियोजना अंतर्गत एक दिवसीय रबी मौसम के सब्जी उत्पादन पर प्रशिक्षण दिया गया। इस परियोजना अंतर्गत वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉ. नारायण साहू के द्वारा किसानों को सब्जियों में उपयोग होने वाले कृषि यंत्र (फावड़ा एवं कुदाली) का भी वितरण किया गया। कार्यक्रम के शुरूवात में डॉ. नारायण साहू द्वारा किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि कम लागत वाले शेड नेट में उच्च मूल्य की सब्जियों का उत्पादन करें जिससे आय में वृद्धि होगी। साथ ही सब्जियों से आय दोगुनी करने पर विस्तार पूर्वक जानकारी दी । तत्पश्चात श्री डिप्रोशन बंजारा (विषय वस्तु विशेषज्ञ सस्य विज्ञान) द्वारा रबी मौसम के सब्जी उत्पादन पर जानकारी देते हुए बताया कि रबी में लगाये जाने वाले सब्जियां (कद्दु वर्गीय एवं भाजी वर्गीय) को लगाने की तकनीक जैसे सीड ट्रे में फुल गोभी एवं पत्ता गोभी के पौधे तैयार करने की विधि पर जानकारी दी और सब्जियों में खरपतवार नियंत्रण, जैव उर्वरक उपयोग करने की विधि एवं मात्रा, सिंचाई की विधि पर विस्तृत जानकारी दी। सुश्री पूनम कश्यप (यंग प्रोफेशनल-2) द्वारा सब्जियों में लगने वाली बीमारी एवं कीट के जैविक रोकथाम के बारे में बताते हुए कहा कि पौध में लगने वाली बीमारियों के रोकथाम के लिये बायो एजेंट ट्राईकोडर्मा एवं सुडोमुनास का मृदा उपचार, बीज उपचार एवं पौध उपचार करें और कीट के रोकथाम के लिये बायोकन्ट्रोल (ट्राईकोकार्ड, ब्रेकोकार्ड, लेडीबर्ड बिटल) का उपयोग करें साथ ही नीम की पत्तीयों के घोल, नीम की खली तथा नीम के तेल के उपयोग से सब्जियों में लगने वाले कीटों का नियंत्रण किया जा सकता है।

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कार्यक्रम में अनिल कुमार ठाकुर (वि.व.वि. कृषि मौसम विज्ञान), डॉ. भुजेन्द्र कोठारी (प्रक्षेत्र प्रबंधक), सुश्री वंदना चडार (कार्यक्रम सहायक पौध रोग विज्ञान), एस.के.पोडयाम (कार्यक्रम सहायक), सुश्री मधु माली (एग्रोमेट आब्जर्वर) उपस्थित रहे।

अनुभव की तुलना शिक्षा से नहीं की जा सकती