राज्य

अयोध्या को मिलेगा भव्य नए रेलवे स्टेशन, विश्व स्तरीय सुविधाओं से होगा लैस

अयोध्या को मिलेगा भव्य नए रेलवे स्टेशन, विश्व स्तरीय सुविधाओं से होगा लैस

file_000000000ae07206b6dd6cb6073112cd
WhatsApp Image 2026-03-12 at 6.47.26 PM (1)
c3bafc7d-8a11-4a77-be3b-4c82fa127c77 (1)

अयोध्या, श्री राम जन्मभूमि पर भव्य मंदिर लगातार अपना आकार ले रहा है। इसके साथ ही भाजपा के डबल इंजन सरकार का प्रयास है कि लोगों को राम मंदिर खुलने के साथ-साथ आवाजाही की वह सारी सुविधाएं मिले जिससे श्रद्धालुओं को कोई भी दिक्कत ना आए। इसके लिए भव्य विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस अयोध्या जंक्शन को तैयार किया गया है।
इस अयोध्या जंक्शन में वह सारी खूबियां होंगी जो एक विश्वस्तरीय रेलवे स्टेशन पर होती है। अयोध्या में बन रहे विश्व स्तरीय रेलवे स्टेशन के पहले चरण का कार्य संपन्न करने के लिए करीब 241 करोड़ रुपए खर्च हो रहे हैं। इसमें भवन पाकिर्ंग, कर्मचारियों के लिए आवास, रेलवे पुलिस के लिए कार्यालय, 3 नए प्लेटफार्म का निर्माण, रोड निर्माण संबंधी कार्य शामिल हैं।

भगवान राम के मंदिर के रूप में ही इस नए अयोध्या रेलवे स्टेशन का निर्माण कार्य हो रहा है। सरकार की यह कोशिश है कि धर्म नगरी में श्रद्धालुओं के रेलवे स्टेशन से बाहर आते ही उन्हें राम मंदिर की छाप देखने को मिले। अयोध्या स्टेशन का पुनर्विकसित भवन 10,000 वर्ग मीटर में फैला हुआ है। 2018 में इसके विस्तार का काम शुरू हो गया था। पहले चरण में बने भवन को मंदिर की भांति बनाया गया है।

रेल इंडिया टेक्निकल एंड इकोनामिक सर्विस इस काम को पूरा करने में जुटा हुआ है। उम्मीद की जा रही है कि इस साल दिसंबर तक इस काम को पूरा कर लिया जाएगा और जनवरी 2024 से यह जनता के लिए पूरी तरीके से खुल जाएगा। इस अत्याधुनिक और विश्वस्तरीय रेलवे स्टेशन में बुजुर्गों और महिलाओं की सुविधा के लिए लिफ्ट, स्वचालित सीढ़ी, वातानुकूलित वेटिंग रूम, वॉशरूम, पेयजल बूथ, फूड प्लाजा समेत अन्य सुविधाएं रखी गई हैं। पूरे भवन को वातानुकूलित बनाया गया है।

इस रेलवे स्टेशन का उद्घाटन भी राम मंदिर के साथ होना प्रस्तावित रखा गया है। स्टेशन का बाहरी हिस्सा मंदिर की झलक देता हुआ बनाया गया है, वहीं स्टेशन के भीतर की दीवारों पर राम कथा चित्रों के जरिए लोगों के सामने प्रदर्शित की जाएगी।

अयोध्या का रेलवे स्टेशन का निर्माण राम मंदिर के तर्ज पर हो रहा है। वहीं दूसरी ओर उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार अंतरराज्जीय बस स्टेशन के माध्यम से सड़क परिवहन को तीर्थ यात्रियों के लिए सुगम बनाने का कार्य कर रही है।

mantr
66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b

अयोध्या धाम रेलवे स्टेशन में रेलवे स्टेशन की शिखर पर चार गुंबद एक शिखर और एक मुकुट का निर्माण किया गया है। इसके अलावा राम मंदिर में प्रयोग होने वाले राजस्थान बंसी पहाड़पुर के पिंक सैंड स्टोन पत्थरों का प्रयोग रेलवे स्टेशन की बिल्डिंग को बनाने में किया गया है। पूरा रेलवे स्टेशन परिसर एक मंदिर जैसा एहसास दिलाता है। अयोध्या रेलवे स्टेशन में एक मॉडल भी रखा गया है। इस मॉडल को देखकर समझा जा सकता है कि कैसा होगा रेलवे स्टेशन।

अयोध्या रेलवे स्टेशन एयरपोर्ट की सुविधाओं से युक्त निर्माण किया जा रहा है। पहले फेस का काम लगभग पूरा हो चुका है। 5000 के करीब यात्रियों की सुविधाओं के लिए यह रेलवे स्टेशन का निर्माण किया गया है। जिसमें एयरपोर्ट की तर्ज पर पूरा सेंट्रलाइज्ड एसी युक्त रेलवे स्टेशन का निर्माण किया गया है।

फिलहाल लगभग 5000 के करीब श्रद्धालु प्रतिदिन रेल यातायात का प्रयोग कर अयोध्या पहुंचते हैं। राम मंदिर के बनते ही लगभग 15 हजार के करीब यात्री अयोध्या पहुंचेंगे। उसी आधार पर रेलवे स्टेशन का निर्माण किया जा रहा है। अयोध्या रेलवे स्टेशन में चार स्क्लेटर, दो लिफ्ट की सुविधा दी गई है। पुरुष महिला और दिव्यांगों के लिए अलग-अलग शौचालय की व्यवस्था की गई है। 44 बेड की पुरुष और 32 बेड की महिला डॉरमेट्री का निर्माण किया गया है। यात्रियों के रुकने के लिए 17 रिटायरिंग रूम की व्यवस्था की गई है।

एयरपोर्ट की तर्ज पर रेलवे स्टेशन के अंदर 8 अलग अलग तरीके के फूड प्लाजा से लेकर शॉपिंग तक के लिए दुकानों का निर्माण कराया गया है। 5 एकड़ भूमि में अयोध्या धाम रेलवे स्टेशन का निर्माण किया जा रहा है। अयोध्या में बन रहे रेलवे स्टेशन के लिए तीन अलग-अलग गेट का निर्माण भी हो रहा है।

अयोध्या में सड़क यातायात को भी मजबूत करने के लिए अयोध्या को देश के विभिन्न राज्यों से जुड़ने के लिए बस स्टेशन का निर्माण कराया गया है। जहां पर एक साथ 38 बसों के रुकने का इंतजाम है।

अयोध्या के पर्यटन विकास को लेकर सड़क यातायात से अयोध्या को जोड़ना बहुत महत्वपूर्ण है। ऐसे में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सरकार ने बस स्टेशन का निर्माण करा कर तीर्थ यात्रियों को अयोध्या पहुंचने की सुगम व्यवस्था की है।

Haresh pradhan

e6e82d19-dc48-4c76-bed1-b869be56b2ea (2)
WhatsApp Image 2026-01-04 at 4.02.37 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.36.04 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.39.12 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.44.45 PM (1)

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!