छत्तीसगढ़ताजा ख़बरेंबेमेतराब्रेकिंग न्यूज़राजनीतिराज्य

CG NEWS : सामान्य प्रेक्षक की मौजूदगी में माइक्रो ऑब्जर्वर का हुआ द्वितीय प्रशिक्षण!

सामान्य प्रेक्षक की मौजूदगी में माइक्रो ऑब्जर्वर का हुआ द्वितीय प्रशिक्षण

file_000000000ae07206b6dd6cb6073112cd
WhatsApp Image 2026-03-12 at 6.47.26 PM (1)
c3bafc7d-8a11-4a77-be3b-4c82fa127c77 (1)

सतर्क और निष्पक्ष होकर काम करें माइक्रो ऑब्जर्वर – प्रेक्षक श्री शेट्टीनावर

mantr
66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b

बेमेतरा – लोकसभा निर्वाचन 2024 संसदीय क्षेत्र 07 दुर्ग अन्तर्गत जिले की तीनों विधानसभा क्षेत्र के लिए भारत निर्वाचन आयोग द्वारा नियुक्त सामान्य प्रेक्षक (ऑब्जर्वर) एसबी शेट्टीनावर (आईएएस) की उपस्थिति में निष्पक्ष एवं शांतिपूर्वक निर्वाचन कराये जाने के उद्देश्य से चिन्हित मतदान केंद्रों पर तैनात किये गये माइक्रो ऑब्जर्वर को उनके दायित्वों एवं कर्तव्यों की जानकारी प्रदान करने के लिए अंतिम प्रशिक्षण आज कलेक्ट्रेट के दृष्टि सभाकक्ष में दिया गया।
माइक्रो ऑब्जर्वर को जिला स्तरीय मास्टर ट्रेनर श्री सुनील झा ने हिन्दी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में प्रशिक्षण दिया। प्रशिक्षण में सभी को मतदान की संपूर्ण प्रक्रिया तथा उनके कार्य एवं दायित्वों के संबंध में जानकारी दी गई। माइक्रो आब्जर्वर को मतदान के दिन की प्रक्रिया के संबंध में बताया। साथ ही सभी माइक्रो ऑब्जर्वर को ईवीएम व वीवीपीएटी की हैंड्स ऑन ट्रेनिंग दी गई। प्रशिक्षण में सामान्य प्रेक्षक श्री शेट्टीनावर ने कहा कि निर्वाचन की शुचिता, निष्पक्षता, गुणवत्ता व समयबद्धता को सुनिश्चित करने के लिए माइक्रो ऑब्जर्वर की तैनाती की गयी है, उन्होंने माइक्रो आब्जर्वर की भूमिका और दायित्वों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने इस दौरान उनकी शंकाओं का भी समाधान किया। प्रेक्षक ने कहा कि माइक्रो आब्जर्वर मतदान दल का सदस्य नहीं होता है। वह मतदान दलों के कार्यों का बारीकी से निरीक्षण करने के लिए नियुक्त किया जाता है। इसलिए माइक्रो आब्जर्वर को मतदान प्रक्रिया की संपूर्ण जानकारी होनी चाहिए। वे सीधे प्रेक्षक को मतदान से संबंधित फीडबैक देंगे। प्रेक्षक ने प्रशिक्षण सत्र में कहा कि चुनाव प्रक्रिया को बेहतर तरीके से क्रियान्वयन करने के लिए यह आवश्यक है कि सभी को अपने दायित्वों की जानकारी हो। यदि चुनाव के दौरान कोई प्रक्रिया आपको सही नहीं लगती है तो इसकी सूचना तत्काल दी जाए। उन्होंने कहा कि ये माइक्रो आब्जर्वर को ये सुनिश्चित करना होगा की किसी भी विधानसभा क्षेत्र में दोबारा वोटिंग की स्थिति न बने। प्रशिक्षण में ईवीएम एवं वोटिंग कम्पार्टमेंट की सुरक्षा और गोपनीयता की ओर विशेष ध्यान देने कहा। प्रशिक्षण में ये बताया गया कि माइक्रो आब्जर्वर पोलिंग पार्टी के साथ ही मतदान केंद्रों तक पहुंचेंगे और शाम को ऑब्जर्वर या उनके प्रतिनिधियों को रिपोर्ट सौंपेंगे। प्रेक्षक श्री शेट्टीनावर ने कहा कि आयोग ने माइक्रो आब्जर्वर को इसलिए नियुक्त किया है कि कोई भी समस्या उत्पन्न होने पर आपकी रिपोर्ट से स्थानीय कर्मचारियों की रिपोर्ट को क्रॉस चेक किया जा सके। उन्होंने सुझाव दिया कि माइक्रो ऑब्जर्वर रिपोर्ट के किसी भी कॉलम को खाली नहीं छोड़ेंगे। प्रेक्षक ने बताया कि माइक्रो ऑब्जर्वर पोलिंग पार्टी का अंग न होकर प्रेक्षक के प्रतिनिधि के तौर पर मतदान केंद्र पर उपस्थित रहकर सभी प्रक्रियाओं को वाच करेंगे और उसकी टाइमिंग को अपने प्रपत्र पर भरते रहेंगे। उन्होंने बताया कि माइक्रो ऑब्जर्वर को मॉक पोल अपने सामने संपन्न कराना है। मतदान कब शुरू हुआ और अंतिम मतदाता ने किस समय अपना वोट डाला, अपरान्ह तीन, चार व पांच बजे मतदान केंद्र पर कितने लोग लाइन में लगे हुए थे, जोनल व सेक्टर मजिस्ट्रेट कब-कब मतदान केंद्र पर भ्रमण के लिए पहुंचे, पोलिंग एजेंट को पीठासीन अधिकारी द्वारा बैलेट व कंट्रोल यूनिट का नंबर दिया गया अथवा नहीं, मतदान अधिकारी प्रथम, द्वितीय व तृतीय सही प्रकार से अपना कार्य कर रहे हैं या नहीं, वोटिंग कंपार्टमेंट इस तरह से बनाया गया है कि वो पोलिंग पार्टी मतदान केंद्र से कब रवाना हुईं आदि से सूचनाओं को आयोग द्वारा दिये गये प्रपत्र पर भरना होगा।
मास्टर ट्रेनर श्री झा ने सभी माइक्रो ऑब्जर्वर को पी.पी.टी के माध्यम से माइक्रो ऑब्जर्वर के कार्य एवं उत्तरदायित्वों को विस्तार से बताया गया। माइक्रो ऑब्जर्वर की नियुक्ति क्रिटिकल मतदान केन्द्रों में लगाई जाती है। ये सामान्य प्रेक्षक के प्रतिनिधि के रूप में मतदान दिवस के दिन मतदान केन्द्र में उपस्थित होकर मतदान प्रक्रिया का पर्यवेक्षण कार्य करते हैं। मास्टर ट्रेनर ने बताया की समय 90 मिनट पूर्व सम्पन्न होने वाली मॉक पोल प्रक्रिया की निगरानी करना, मॉक पोल करने के बाद उसके डाटा को क्लीयर बटन दबाकर हटाने के कार्य का निगरानी, व्ही. व्ही. पेट के ड्रॉप बॉक्स के मॉक पोल की पेपर पर्चियों को निकालकर काले रंग के लिफाफे में सील बंद करने की कार्य की निगरानी, मतदाताओं के मतदान कक्ष में आने और जाने की व्यवस्था देखना, मतदाता रजिस्टर प्रारूप 17 की प्रविष्टियों देखना, मतदान मशीन सीलिंग प्रक्रिया की निगरानी, मॉक पोल प्रमाण पत्र तैयार करने के कार्य में निगरानी आदि की जानकारी दी।

Ashish Sinha

e6e82d19-dc48-4c76-bed1-b869be56b2ea (2)
WhatsApp Image 2026-01-04 at 4.02.37 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.36.04 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.39.12 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.44.45 PM (1)

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!