Budget 2026-27: 15,000 स्कूलों में AVGC कंटेंट क्रिएटर लैब्स, छात्रों को मिलेंगे भविष्य के डिजिटल कौशल

बजट 2026-27: 15,000 स्कूलों और 500 कॉलेजों में AVGC कंटेंट क्रिएटर लैब्स, छात्रों को मिलेंगे भविष्य के कौशल

नई दिल्ली। केंद्रीय बजट 2026-27 में मानव पूंजी विकास (Human Capital) को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। शिक्षा मंत्रालय के अनुसार, भारतीय रचनात्मक प्रौद्योगिकी संस्थान (Indian Institute of Creative Technologies – IICT), मुंबई के सहयोग से देशभर के 15,000 माध्यमिक विद्यालयों और 500 कॉलेजों में AVGC (Animation, Visual Effects, Gaming, Comics) कंटेंट क्रिएटर लैब्स की स्थापना की जाएगी।

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सरकार का कहना है कि यह पहल छात्रों को भविष्य-उन्मुख डिजिटल और रचनात्मक कौशल से सशक्त करेगी और भारत की तेजी से उभरती ऑरेंज इकोनॉमी को मजबूती प्रदान करेगी।

क्या है AVGC कंटेंट क्रिएटर लैब?

AVGC लैब्स में छात्रों को—

  • एनीमेशन
  • विज़ुअल इफेक्ट्स (VFX)
  • गेमिंग
  • कॉमिक्स और डिजिटल स्टोरीटेलिंग

जैसे क्षेत्रों में प्रैक्टिकल ट्रेनिंग दी जाएगी। इन लैब्स के माध्यम से स्कूली और कॉलेज स्तर पर ही छात्रों को क्रिएटिव टेक्नोलॉजी से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है।

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NEP 2020 के अनुरूप पहल

शिक्षा मंत्रालय के अनुसार, यह योजना राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 (NEP 2020) के तहत कौशल-आधारित, अनुभवात्मक और बहुविषयक शिक्षा के दृष्टिकोण के अनुरूप है। इससे पढ़ाई के साथ-साथ छात्रों को रोजगार और उद्यमिता के नए अवसरों के लिए तैयार किया जाएगा।

ऑरेंज इकोनॉमी को मिलेगा बढ़ावा

विशेषज्ञों के मुताबिक, AVGC सेक्टर भारत में तेजी से बढ़ता हुआ उद्योग है, जिसमें युवाओं के लिए रोजगार की अपार संभावनाएं हैं। सरकार का मानना है कि यह पहल—

  • क्रिएटिव इंडस्ट्री में कुशल मानव संसाधन तैयार करेगी
  • स्टार्टअप और फ्रीलांस अवसर बढ़ाएगी
  • डिजिटल इंडिया और मेक इन इंडिया को मजबूती देगी

विकसित भारत की ओर एक कदम

सरकार ने इस योजना को “विकसित भारत बजट 2026” की सोच से जोड़ते हुए कहा कि भविष्य की अर्थव्यवस्था के लिए क्रिएटिव टेक्नोलॉजी और डिजिटल स्किल्स अहम भूमिका निभाएंगे। स्कूली स्तर पर ही इन कौशलों की शुरुआत भारत को वैश्विक डिजिटल कंटेंट हब बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।