Advertisement

रायपुर : मार्कफेड की प्रबंध संचालक ने कोलकाता में जूट कमिश्नर भारत सरकार से मुलाकात की

रायपुर : मार्कफेड की प्रबंध संचालक ने कोलकाता में जूट कमिश्नर भारत सरकार से मुलाकात की

छत्तीसगढ़ राज्य को धान खरीदी के लिए प्रस्तावित कार्ययोजना के अनुरूप जूट बारदाने की आपूर्ति का किया आग्रह

छत्तीसगढ़ को जरूरत है 3.50 लाख गठान जूट बारदाने की

अब तक राज्य को मिले मात्र 1.22 लाख गठान बारदाने

WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.12.06
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.16.05
WhatsApp Image 2026-08-15 at 00.21.47

रायपुर, 16 दिसम्बर 2021राज्य में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी हेतु पर्याप्त बारदानों की आपूर्ति सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मार्कफेड की प्रबंध संचालक श्रीमती किरण कौशल ने आज कोलकाता में जूट कमिश्नर, भारत सरकार श्री मलय चक्रवर्ती एवं डिप्टी डायरेक्टर, विपणन श्री टी.के. मण्डल से मुलाकात की। प्रबंध संचालक श्रीमती किरण कौशल द्वारा जूट कमिश्नर को अवगत कराया गया कि छत्तीसगढ़ में धान उपार्जन 01 दिसम्बर से किया जा रहा है। आज दिनांक तक लगभग 26 लाख मीट्रिक टन धान का उपार्जन किया जा चुका है। राज्य में प्रतिदिन औसतन 3 लाख मीट्रिक टन धान का उपार्जन किया जा रहा है। खरीफ विपणन वर्ष 2021-22 में छ.ग. राज्य में 105 लाख मीट्रिक टन धान का उपार्जन अनुमानित है, जिसके लिए लगभग 5.25 लाख गठान बारदानो की आवश्यकता होगी।
प्रबंध संचालक ने बताया कि 105 लाख मीट्रिक टन धान का अनुपातिक चावल सीएमआर जमा करने के लिए 2.83 लाख गठान बारदानों की आवश्यकता होगी। इसको ध्यान में रखते हुए छत्तीसगढ़ राज्य द्वारा 3.50 लाख गठान नये जूट बारदानो की आवश्यकता भारत सरकार को प्रेषित की गई थी। राज्य शासन व विपणन संघ द्वारा निरंतर पत्राचार व भारत सरकार स्तर पर अधिकारियों से चर्चा व मुलाकात के कारण भारत सरकार द्वारा सर्वप्रथम स्वीकृत 1.53 लाख गठान नये जूट बारदाने की संख्या वर्तमान में बढ़ाकर 2.14 लाख गठान की गई है। उक्त नये जूट बारदानों की प्रस्तावित कार्ययोजना अनुसार समयबद्ध आपूर्ति अत्यन्त महत्वपूर्ण है। राज्य द्वारा समस्त 2.14 लाख गठान बारदानों की आपूर्ति हेतु विपणन संघ द्वारा लगभग 800 करोड़ 53 लाख रूपये की राशि भी जूट कमिश्नर को यथा-समय अग्रिम भुगतान की जा चुकी है।
प्रबंध संचालक, मार्कफेड द्वारा यह भी अवगत कराया गया कि विगत वर्ष में भारत सरकार द्वारा नये जूट बारदानों की स्वीकृत मात्रा 1.45 लाख गठान के विरूद्ध मात्र 1.10 लाख गठान बारदानों की आपूर्ति राज्य को की गई थी, जो मात्र 75 प्रतिशत थी। इसके कारण प्रदेश को धान उपार्जन में अत्यंत कठिनाई हुई थी। गौरतलब है कि इसके पूर्व 25 नवम्बर को प्रबंध संचालक, मार्कफेड श्रीमती किरण कौशल जूट कमिश्नर, भारत सरकार से मुलाकात कर जूट बारदानों की छत्तीसगढ़ राज्य को की जा रही न्यूनतम आपूर्ति की जानकारी दी थी, इसके बावजूद भी राज्य को 20 दिनों की अवधि में मात्र 28 हजार गठान बारदानों की और आपूर्ति की गई है। छत्तीसगढ़ राज्य को प्रस्तावित कार्ययोजना अनुसार माह दिसम्बर, 2021 तक प्राप्ति योग्य 2.14 लाख गठान बारदानों के विरूद्ध आज दिनांक तक प्रदेश को मात्र 1.22 लाख गठान बारदाने ही प्राप्त हुए है, जो आवश्यकता से बेहद कम है। प्रबंध संचालक ने दिसम्बर माह के लंबित बारदाने को शीघ्र छत्तीसगढ़ राज्य को आपूर्ति किए जाने का आग्रह किया। जूट कमिश्नर, कोलकाता द्वारा नये जूट बारदानों की यथाशीघ्र आपूर्ति के लिए आवश्यक सहयोग किए जाने का भरोसा दिलाया।

ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_14_44 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_53_50 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_08_26 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_16_13 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_22_41 PM