Advertisement

मप्र के बजट पर ग्राम सभाओं में भी चर्चा कराने की तैयारी

मप्र के बजट पर ग्राम सभाओं में भी चर्चा कराने की तैयारी

भोपाल, (आईएएनएस)| मध्यप्रदेश सरकार का बजट आ चुका है, इस बजट से पहले आए आर्थिक सर्वेक्षण से सरकार उत्साहित है, वहीं बजट में हर वर्ग की जिंदगी को बेहतर बनाने के प्रावधान किए जाने के सरकार की ओर से वादे किए गए हैं। इस बजट पर जहां विभिन्न वर्गों से जुड़े लोगों से संवाद का क्रम शुरु हुआ है, वहीं सरकार इस बजट पर ग्राम सभाओं में भी चर्चा कराए जाने का मन बना रही है। अटल बिहारी वाजपेई सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान तथा मध्यप्रदेश राज्य नीति एवं योजना आयोग द्वारा कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में संवाद श्रंखला के पहले कार्यक्रम में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि सामान्यत: राज्य के बजट और आर्थिक सर्वेक्षण को अर्थशास्त्री और विशेषज्ञों का विषय माना जाता है। हमने पिछले साल से राज्य का बजट बनाने में जनता के सुझावों को शामिल करना आरंभ किया। इस वर्ष चार हजार से अधिक सुझाव प्राप्त हुए, जिनमें से अधिकांश को राज्य के बजट में शामिल किया गया है। अब बजट का क्रियान्वयन भी जन-भागीदारी के साथ करने के उद्देश्य से आर्थिक सर्वेक्षण और बजट पर जन-संवाद किया गया है। मैं चाहता हूं कि ग्राम सभाओं में भी बजट पर चर्चा हो।

66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b
hotal trinetra
gaytri hospital
WhatsApp Image 2026-08-06 at 13.18.43
WhatsApp Image 2026-08-06 at 13.56.51
ChatGPT Image Aug 8, 2026, 10_06_26 PM

मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि ऋण लेने के संबंध में राज्य सरकार पर आरोप लगाए जाते हैं। वास्तविकता यह है कि राज्य सरकार द्वारा ऋण लेने के मापदंडों के अनुसार ही ऋण लिया गया। ऋण और सकल घरेलू उत्पाद का अनुपात वर्ष 2020-21 में 22.6 प्रतिशत रहा, जबकि वर्ष 2005 में यह 39.5 प्रतिशत था। राज्य का पूंजीगत व्यय 23.18 प्रतिशत से बढ़कर 45 हजार 685 करोड़ हुआ है, जो मध्यप्रदेश के इतिहास में सर्वाधिक है। कोविड की कठिनाइयों के बाद भी राज्य सरकार ने आत्म-निर्भर मध्यप्रदेश के निर्माण के विजन के साथ राजस्व को बढ़ाने का हर संभव प्रयास किया है, जो पिछले 3 साल में प्रति वर्ष 7.94 प्रतिशत की दर से बढ़ा है। हम देश के राजस्व बढ़ाने वाले पहले पांच राज्यों में शामिल हैं।

मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि गरीब-कल्याण के क्षेत्र में राज्य सरकार पूरी संवेदनशीलता के साथ सक्रिय है। प्रदेश के छह लाख से अधिक शहरी स्ट्रीट वेंडरों को ब्याज मुक्त ऋण उपलब्ध कराया गया है। प्रदेश की कृषि विकास दर बढ़कर 19 प्रतिशत हो गई है। सिंचाई क्षमता में भी अभूतपूर्व वृद्धि हुई है, जो 7 लाख 50 हजार हेक्टेयर से बढ़कर 45 लाख हेक्टेयर हो गई है। हमारा लक्ष्य 65 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई क्षमता हासिल करने का है। औद्योगिक विकास के लिए हम प्रतिबद्धता से सक्रिय हैं।

मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि राज्य का इस वर्ष का बजट कुशल वित्तीय प्रबंधन का परिचायक है। बजट का आकार 3 लाख 14 हजार 25 करोड़ रुपए हो गया है। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि सिंचाई, अधो-संरचना निर्माण, ऊर्जा, सड़क निर्माण के लिए पर्याप्त प्रावधान के साथ महिला, किसान, युवा और गरीब-कल्याण के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। बजट में सभी क्षेत्रों के लिए पर्याप्त व्यवस्था है। महिलाओं के लिए एक लाख 2 हजार 976 करोड़ का प्रावधान बजट में रखा गया है।

ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_14_44 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_53_50 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_08_26 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_16_13 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_22_41 PM