Advertisement

ग्रामीण क्षेत्र में स्थापित प्रदेश के पहले मिलेट्स कैफे का हुआ शुभारंभ

जगदलपुर : ग्रामीण क्षेत्र में स्थापित प्रदेश के पहले मिलेट्स कैफे का हुआ शुभारंभ

Gemini_Generated_Image_fohysbfohysbfohy
WhatsApp-Image-2026-03-12-at-6.48.17-PM-1-298x300 (1)
sjjj

ग्रामीण क्षेत्र में स्थापित प्रदेश के पहले मिलेट कैफे का शुभारंभ गुरुवार को कोड़ेनार के रीपा में किया गया। इस अवसर पर स्थानीय विधायक राजमन बेंजाम ने कहा कि कोदो-कुटकी, रागी आदि पोषक तत्वों से भरपूर इन फसलों को देखते हुए शासन द्वारा इसके उत्पादन को बढ़ाने का कार्य किया जा रहा है। मिलेट्स कैफे से इन स्थानीय उत्पादों की लोकप्रियता और अधिक बढ़ेगी।
उन्होंने कहा कि अपने परिश्रम से क्षेत्र को विकास के राह पर आगे ले जा रही महिलाओं को रोजगार की व्यवस्था के लिए कोड़ेनार में ग्रामीण औद्योगिक पार्क की स्थापना की गई। यहां प्रदेश के पहले मिलेट्स कैफे के खुलने से यह अंचल तथा यहां बहुतायत में उगाई जाने वाली मिलेट फसलों की प्रसिद्ध बढ़ेगी। यह स्थान मुख्य मार्ग में स्थित होने के कारण व्यापार-व्यवसाय में भी आसानी से वृद्धि होगी। उन्होंने कहा कि यहां महिलाएं स्वरोजगार से जुड़कर अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत कर रही हैं।
कलेक्टर विजय दयाराम के ने बस्तरिया मिलेट्स कैफे के शुभारंभ की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि लोगों में मिलेट की मांग अब तेजी से बढ़ रही है। बास्तानार क्षेत्र में बहुत से किसान इसकी खेती करते हैं, जिससे यह इस अंचल में आसानी से उपलब्ध है। मिलेट्स कैफे के माध्यम से तैयार उत्पादों को बेहतर मूल्य प्राप्त होगा। उन्होंने कहा कि आर्थिक गतिविधयों में संलग्न स्व सहायता समूहों को शासन-प्रशासन द्वारा पूरा सहयोग किया जा रहा है। बुधवार 14 जून को इसी कड़ी में जिले की 1182 समूहों को बैंक लिंकेज के माध्यम से 28 करोड़ रुपए से अधिक राशि प्रदान की गई, जिसमें बास्तानार के 140 समूहों को 3 करोड़ 20 लाख रुपए की राशि प्रदान की गई। आपके व्यापार-व्यवसाय को सुगम बनाने के लिए गौठान और ग्रामीण औद्योगिक पार्क में आवश्यक अधोसंरचनाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। जिले के हर विकासखण्ड में दो-दो ग्रामीण औद्योगिक पार्कों का निर्माण किया गया है तथा हर ग्रामीण औद्योगिक पार्क में एक स्थानीय उत्पाद के प्रसंस्करण को बढ़ावा दिया जाएगा। इसी कड़ी में आज कोड़ेनार में मिलेट कैफे का शुभारंभ किया गया। उन्होंने कहा कि स्व सहायता समूहों द्वारा तैयार उत्पादों को आश्रम-छात्रावास, आंगनबाड़ी, पोषण पुनर्वास केन्द्र आदि स्थानों में भी प्रमुखता से उपयोग किया जा रहा है।
विधायक बेंजाम और कलेक्टर विजय ने कोड़ेनार रीपा में गतिविधियों का अवलोकन भी इस अवसर पर किया। उन्होंने कोदो-कुटकी और रागी तथा इमली प्रसंस्करण इकाई का अवलोकन किया। यहां प्रसंस्करण के लिए स्थापित उपकरण, कच्चा माल, उत्पादित सामग्री की गुणवत्ता का अवलोकन किया। उन्होंने मुख्य सामग्री के उत्पादन के दौरान प्राप्त होने वाले अन्य अवयवों के प्रसंस्करण के संबंध में भी चर्चा की। इस क्षेत्र में इमली के अत्यधिक उत्पादन को देखते हुए इमली प्रसंस्करण इकाई की स्थापना की गई है, जिसमें इमली चपाती, इमली कैंडी और इमली सॉस का उत्पादन किया जा रहा है। इसके साथ ही स्थानीय स्तर पर कोदो-कुटकी की उपलब्धता अधिक होने के कारण यहां कोदो-कुटकी प्रसंस्करण इकाई भी स्थापित की गई है, जिसमें कोदो-कुटकी का चावल, आटा बनाया जा रहा है। साथ ही कोदो का नमकीन, मिठाई, इडली, दोसा, चीला जैसे अन्य उत्पाद भी तैयार किए जा रहे हैं। मिलेट्स कैफे के माध्यम से इन उत्पादों का विक्रय किया जाएगा।
उपस्थित अतिथियों ने परिसर में इस अवसर पर वृक्षारोपण किया। कार्यक्रम में जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती श्यामबती ठाकुर, उपाध्यक्ष भीमूराम भास्कर, कोड़ेनार सरपंच, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रकाश सर्वे, अनुविभागीय दण्डाधिकारी ऋतुराज बिसेन, जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुब्रत प्रधान सहित जनप्रतिनिधिगण एवं महिला स्वसहायता समूहों के सदस्य उपस्थित थे।

file_0000000093d882119d122d54d9d757b5
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.12.06
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.38
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.39
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.39 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.40
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.40 (1)
WhatsApp-Image-2026-08-15-at-00.21.47