
Ayodhya Ramlala Aarti Live Darshan 2 November: अयोध्या में हुआ रामलला का भव्य श्रृंगार, देखें आज की आरती का अद्भुत नजारा
2 नवंबर 2025, कार्तिक द्वादशी के अवसर पर अयोध्या में रामलला का दिव्य श्रृंगार हुआ। सुबह 6:30 बजे आरती से लेकर 7:30 बजे तक भक्तों ने प्रभु श्रीराम के अलौकिक दर्शन किए। जानें आरती और भोग का पूरा समय।
Ayodhya Ramlala Aarti Live Darshan 2 November: अयोध्या में हुआ प्रभु श्रीरामलला का भव्य श्रृंगार, देखें आज की आरती का अलौकिक दर्शन
अयोध्या। कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि, विक्रम संवत 2082 (2 नवंबर, रविवार) को श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र अयोध्या धाम में ब्रह्मांड नायक प्रभु श्री रामलला सरकार का अलौकिक श्रृंगार हुआ। मंदिर परिसर में सुबह से ही भक्ति और श्रद्धा का वातावरण व्याप्त रहा।
रामलला का श्रृंगार और पूजन क्रम
अयोध्या में विराजमान संपूर्ण ब्रह्मांड के स्वामी श्रीरामलला का श्रृंगार प्रतिदिन भव्य रूप में होता है।
हर दिन भगवान श्रीराम भक्तों को अलग-अलग रूप में दर्शन देते हैं।
उनके श्रृंगार में उपयोग होने वाली फूलों की मालाएं दिल्ली से विशेष रूप से मंगाई जाती हैं।
सुबह 6:30 बजे पहली आरती होती है। आरती से पहले रामलला को जगाया जाता है, फिर उन्हें लेप लगाया जाता है, स्नान करवाया जाता है और मौसम के अनुसार वस्त्र पहनाए जाते हैं।
गर्मी में सूती और हल्के वस्त्र, जबकि सर्दियों में ऊनी और स्वेटर जैसे गर्म वस्त्र पहनाए जाते हैं।
आरती और दर्शन का समय
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सुबह की आरती: 6:30 बजे
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दोपहर भोग आरती: 12:00 बजे
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संध्या आरती: 7:30 बजे
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शयन आरती: 8:30 बजे
रामलला के दर्शन रात 7:30 बजे तक किए जा सकते हैं।
भोग और प्रसाद व्यवस्था
रामलला को चार समय भोग लगाया जाता है।
हर दिन और मौसम के अनुसार भोग में बदलाव किया जाता है।
भोग के सभी व्यंजन राम मंदिर की रसोई में पारंपरिक तरीके से बनाए जाते हैं।
सुबह की शुरुआत बाल भोग से होती है, जिसमें फल, दूध और मिठाई अर्पित की जाती है।
श्रद्धालुओं में भक्ति उमंग
आज के शुभ दिन पर अयोध्या में हजारों श्रद्धालु भगवान रामलला के दर्शन के लिए पहुंचे। मंदिर परिसर में जय श्रीराम के उद्घोष से पूरा वातावरण गूंज उठा।
शाम को संध्या आरती के दौरान दीपों की लौ और भक्ति संगीत से पूरा मंदिर परिसर दिव्य आभा से जगमगा उठा।










