ताजा ख़बरेंदेशब्रेकिंग न्यूज़
Trending

धोखाधड़ी मामले में सुप्रीम कोर्ट की राहत: जांच पूरी होने तक श्रेयस तलपड़े और आलोक नाथ की गिरफ्तारी पर रोक

सुप्रीम कोर्ट ने धोखाधड़ी और विश्वासघात के एक मामले में अभिनेता श्रेयस तलपड़े और आलोक नाथ को जांच पूरी होने तक गिरफ्तारी से संरक्षण दिया है। अदालत ने पूछा—क्या किसी कंपनी के विज्ञापन से अभिनेता जिम्मेदार ठहराए जा सकते हैं?

धोखाधड़ी मामले में सुप्रीम कोर्ट की राहत: जांच पूरी होने तक श्रेयस तलपड़े और आलोक नाथ की गिरफ्तारी पर रोक

WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.27.06 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 8.56.40 PM (1)
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.09.46 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.06.54 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.17.22 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.12.09 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.19.42 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.04.25 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.31.09 PM
WhatsApp-Image-2026-01-04-at-3.52.07-PM-1-207x300 (1)
53037c58-1c56-477e-9d46-e1b17e179e86

सुप्रीम कोर्ट ने धोखाधड़ी और विश्वासघात के एक मामले में अभिनेता श्रेयस तलपड़े और आलोक नाथ को जांच पूरी होने तक गिरफ्तारी से संरक्षण दिया है। अदालत ने पूछा—क्या किसी कंपनी के विज्ञापन से अभिनेता जिम्मेदार ठहराए जा सकते हैं?

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने एक सहकारी संस्था से जुड़े धोखाधड़ी और आपराधिक विश्वासघात के मामले में अभिनेता श्रेयस तलपड़े और आलोक नाथ को बड़ी राहत दी है। शीर्ष अदालत ने स्पष्ट किया है कि जांच पूरी होने तक दोनों अभिनेताओं की गिरफ्तारी या उनके खिलाफ किसी भी प्रकार की पुलिस कार्रवाई नहीं की जाएगी

यह आदेश जस्टिस बी. वी. नागरत्ना और जस्टिस आर. महादेवन की पीठ ने पारित किया। कोर्ट श्रेयस तलपड़े और आलोक नाथ द्वारा विभिन्न राज्यों में दर्ज प्राथमिकी को एक साथ जोड़ने (क्लब करने) की मांग वाली याचिकाओं पर सुनवाई कर रही थी।

क्या है पूरा मामला

सोनीपत निवासी 37 वर्षीय विपुल अंतिल की शिकायत पर अभिनेता श्रेयस तलपड़े, आलोक नाथ सहित कुल 13 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। शिकायत में आरोप लगाया गया कि दोनों अभिनेताओं ने ह्यूमन वेलफेयर क्रेडिट को-ऑपरेटिव सोसाइटी लिमिटेड का ब्रांड एंबेसडर बनकर प्रचार किया, जिससे लोग संस्था में निवेश करने के लिए प्रेरित हुए।

mantr
66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b

पुलिस के अनुसार,

“आरोप है कि दोनों अभिनेता कंपनी के ब्रांड एंबेसडर थे और उनके प्रभाव के कारण लोगों ने निवेश किया। इसी आधार पर उनके नाम एफआईआर में शामिल किए गए हैं।”

श्रेयस तलपड़े की दलील

सुनवाई के दौरान श्रेयस तलपड़े की ओर से पेश वकील ने अदालत को बताया कि

  • अभिनेता को कंपनी के एक वार्षिक कार्यक्रम में केवल अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया था
  • उन्होंने इसके लिए कोई भुगतान नहीं लिया
  • कंपनी के रोजमर्रा के कामकाज या निवेश योजनाओं से उनका कोई संबंध नहीं था

आलोक नाथ का पक्ष

आलोक नाथ की ओर से वकील ने कहा कि

  • अभिनेता किसी कार्यक्रम में शामिल नहीं हुए थे
  • उनकी तस्वीरें करीब 10 साल पुरानी थीं, जिनका कथित तौर पर बाद में उपयोग किया गया

सुप्रीम कोर्ट की अहम टिप्पणी

सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण सवाल उठाते हुए कहा—

“यदि कोई अभिनेता या क्रिकेटर किसी कंपनी का विज्ञापन करता है और बाद में वह कंपनी दिवालिया या धोखाधड़ी में लिप्त पाई जाती है, तो क्या इसका सीधा दायित्व उस अभिनेता या खिलाड़ी पर भी डाला जा सकता है?”

गिरफ्तारी से संरक्षण बरकरार

पीठ ने अपने आदेश में कहा—

“हम इस रिट याचिका का निपटारा करते हुए याचिकाकर्ता के खिलाफ अपराधों की जांच पूरी होने तक गिरफ्तारी से संरक्षण के अंतरिम आदेश को जारी रखते हैं।”


 

Ashish Sinha

e6e82d19-dc48-4c76-bed1-b869be56b2ea (2)
WhatsApp Image 2026-01-04 at 4.02.37 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.36.04 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.39.12 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.44.45 PM (1)

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!