
अल्पसंख्यकों की सुरक्षा लोकतंत्र की अनिवार्य जिम्मेदारी: टी.एस. सिंहदेव
टी.एस. सिंहदेव ने बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों पर हो रही हिंसा पर चिंता जताई और कहा कि धर्म या जाति के आधार पर हिंसा अस्वीकार्य है।
अल्पसंख्यकों की सुरक्षा लोकतंत्र की मूल ज़िम्मेदारी: टी.एस. सिंहदेव
रायपुर।छत्तीसगढ़ के पूर्व उपमुख्यमंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता टी.एस. सिंहदेव ने कहा है कि किसी भी लोकतांत्रिक देश की यह मूल ज़िम्मेदारी होती है कि वह अपने अल्पसंख्यक नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करे, उन्हें सम्मान दे और समाज में बराबरी का भरोसा पैदा करे।
सोशल मीडिया पर जारी बयान में टी.एस. सिंहदेव ने बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों के खिलाफ सामने आ रही घटनाओं पर गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि वहां हिंसा और असुरक्षा का माहौल अमानवीय है, जो मानवता और लोकतांत्रिक मूल्यों का दमन दर्शाता है।
धर्म या जाति के आधार पर हिंसा अस्वीकार्य
टी.एस. सिंहदेव ने स्पष्ट कहा कि धर्म या जाति के आधार पर किसी भी प्रकार की हिंसा को किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जा सकता। ऐसे मामलों में स्पष्ट, मजबूत और सिद्धांतपूर्ण प्रतिक्रिया आवश्यक है।
भारत को कड़ा संदेश देना चाहिए
उन्होंने कहा कि भारत को बांग्लादेश को यह संदेश मजबूती से देना चाहिए कि अल्पसंख्यकों की सुरक्षा, सम्मान और न्याय कोई विकल्प नहीं, बल्कि अनिवार्य शर्त है। उन्होंने जोर देकर कहा कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा की जानी चाहिए।











