Advertisement

मनरेगा से गांधी का नाम हटाने का आरोप, जम्मू में कांग्रेस कार्यकर्ताओं का जोरदार प्रदर्शन

मनरेगा से गांधी का नाम हटाने का आरोप: जम्मू में कांग्रेस का जोरदार विरोध प्रदर्शन

जम्मू।भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने केंद्र की भाजपा सरकार पर महात्मा गांधी के नाम और विचारधारा को मिटाने की साजिश रचने का गंभीर आरोप लगाया है। कांग्रेस का कहना है कि भाजपा सरकार न सिर्फ महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) से गांधी जी का नाम हटाने का प्रयास कर रही है, बल्कि इसके जरिए गरीब मजदूरों के अधिकारों को भी रौंदा जा रहा है।

इसी मुद्दे को लेकर बुधवार को जम्मू में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई और मनरेगा के कथित कमजोर किए जाने पर तीखी नाराज़गी जताई गई।

“मनरेगा पर हमला, मजदूरों पर सीधा वार”

कांग्रेस ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल के माध्यम से जारी बयान में कहा कि मनरेगा केवल एक योजना नहीं, बल्कि ग्रामीण गरीबों और मजदूरों के लिए जीवनरेखा है। पार्टी का आरोप है कि भाजपा सरकार मनरेगा के स्वरूप को बदलकर, बजट में कटौती कर और अब गांधी जी का नाम हटाकर इस ऐतिहासिक कानून की आत्मा को खत्म करना चाहती है।

कांग्रेस नेताओं ने कहा कि मनरेगा ने देश के करोड़ों ग्रामीण परिवारों को रोजगार का कानूनी अधिकार दिया, लेकिन मौजूदा सरकार लगातार इसे कमजोर कर रही है।

महात्मा गांधी के नाम को लेकर सियासी संग्राम

कांग्रेस का कहना है कि महात्मा गांधी केवल एक व्यक्ति नहीं, बल्कि हिंदुस्तान की आत्मा हैं। उनके विचार, सत्य, अहिंसा और सामाजिक न्याय की भावना देश की रग-रग में बसी हुई है।

कांग्रेस के बयान में कहा गया,
“ये सरकार कितनी भी कोशिश कर ले, ‘गांधी’ का नाम और उनके आदर्श भारत की आत्मा से नहीं मिटा सकती।”

पार्टी नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार गांधी जी के विचारों से वैचारिक रूप से असहज है और इसलिए उनके नाम और विरासत को योजनाओं व संस्थानों से हटाने की कोशिश कर रही है।

Gemini_Generated_Image_fohysbfohysbfohy
WhatsApp-Image-2026-03-12-at-6.48.17-PM-1-298x300 (1)
sjjj

जम्मू में क्यों हुआ प्रदर्शन?

जम्मू में हुए इस प्रदर्शन को कांग्रेस राष्ट्रीय स्तर पर चल रहे विरोध अभियान का हिस्सा बता रही है। पार्टी का कहना है कि मनरेगा से जुड़े मुद्दे केवल किसी एक राज्य तक सीमित नहीं हैं, बल्कि इसका असर पूरे देश के गरीब, मजदूर और ग्रामीण वर्ग पर पड़ रहा है।

प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने तख्तियां हाथों में लेकर मनरेगा के समर्थन में नारे लगाए और केंद्र सरकार से मांग की कि योजना को कमजोर करने के बजाय इसे और मजबूत किया जाए।

“भाजपा मजदूर विरोधी मानसिकता दिखा रही है”

कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार की नीतियां मजदूर विरोधी हैं। मनरेगा के भुगतान में देरी, काम के दिनों में कटौती और अब नाम बदलने जैसी कोशिशें उसी मानसिकता का हिस्सा हैं।

कांग्रेस का कहना है कि यह सरकार कॉरपोरेट हितों के लिए काम कर रही है, जबकि गरीब और मजदूर वर्ग को हाशिए पर धकेला जा रहा है।

राजनीतिक संदेश और आगे की रणनीति

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि कांग्रेस मनरेगा और गांधी के मुद्दे को लेकर वैचारिक लड़ाई को तेज करना चाहती है। पार्टी इस मुद्दे के जरिए खुद को गरीब, मजदूर और ग्रामीण भारत की आवाज़ के रूप में पेश कर रही है।

जम्मू में हुआ यह प्रदर्शन आने वाले समय में देश के अन्य हिस्सों में भी देखने को मिल सकता है। कांग्रेस संकेत दे चुकी है कि यदि सरकार ने मनरेगा और मजदूरों के अधिकारों पर अपने फैसले वापस नहीं लिए, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।

सरकार की ओर से प्रतिक्रिया का इंतजार

फिलहाल भाजपा या केंद्र सरकार की ओर से कांग्रेस के आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। हालांकि इससे पहले सरकार यह कहती रही है कि मनरेगा योजना जारी है और इसमें पारदर्शिता लाने के लिए सुधार किए जा रहे हैं।


 

file_0000000093d882119d122d54d9d757b5
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.12.06
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.38
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.39
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.39 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.40
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.50.40 (1)
WhatsApp-Image-2026-08-15-at-00.21.47