सरगुजा में प्रशासनिक सर्जरी: कलेक्टर अजीत वसंत ने बदला नायब तहसीलदारों का प्रभार, देखें पूरी सूची
अम्बिकापुर: छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में सोमवार को प्रशासनिक व्यवस्था को दुरुस्त करने के उद्देश्य से एक बड़ा फेरबदल देखा गया। कलेक्टर श्री अजीत वसंत ने स्थानीय प्रशासनिक दृष्टिकोण से जिले के विभिन्न तहसीलों और उप-तहसीलों में पदस्थ नायब तहसीलदारों के कार्यक्षेत्र में बदलाव के आदेश जारी किए हैं।
जारी आदेश के अनुसार, इस स्थानांतरण का मुख्य उद्देश्य क्षेत्र में राजस्व कार्यों में तेजी लाना और प्रशासनिक कसावट सुनिश्चित करना है। पदस्थापना में हुए इस परिवर्तन से विकासखंडों के कामकाज में नई ऊर्जा आने की उम्मीद जताई जा रही है।
किसे मिली कहां की नई जिम्मेदारी?
कलेक्टर द्वारा जारी आधिकारिक सूची के अनुसार, स्थानांतरण का विवरण इस प्रकार है:
| अधिकारी का नाम | वर्तमान पदस्थापना | नवीन पदस्थापना |
|---|---|---|
| श्री तुषार मानिक | सीतापुर | मैनपाट (उप तहसील राजापुर) |
| श्री संजय कुमार | मैनपाट | उदयपुर |
| श्री अजय कुमार | दरिमा | बतौली |
| श्री कृष्ण कुमार कंवर | बतौली | दरिमा |
| श्री आकाश गौतम | – | लखनपुर (उप तहसील कुन्नी) |
| श्री उमेश तिवारी | लखनपुर (उप तहसील कुन्नी) | सीतापुर |
प्रशासनिक दृष्टिकोण और जनहित में निर्णय
सरगुजा एक बड़ा आदिवासी बहुल जिला है, जहाँ राजस्व मामलों का निपटारा जनहित में अत्यंत आवश्यक होता है। सीतापुर, मैनपाट और उदयपुर जैसे क्षेत्रों में भौगोलिक चुनौतियों के साथ-साथ राजस्व प्रकरणों की संख्या भी अधिक रहती है। ऐसे में अनुभवी अधिकारियों के कार्यक्षेत्र में परिवर्तन कर कलेक्टर ने शासन की मंशा के अनुरूप कार्यों को गति देने का प्रयास किया है।
विशेष रूप से मैनपाट और लखनपुर की उप-तहसीलों (राजापुर और कुन्नी) में नई नियुक्तियों से दूरस्थ क्षेत्रों के ग्रामीणों को अपने राजस्व संबंधी कार्यों (जैसे नामांतरण, बंटवारा और सीमांकन) के लिए जिला मुख्यालय या मुख्य तहसील तक नहीं भटकना पड़ेगा।
अधिकारियों को तुरंत पदभार ग्रहण करने के निर्देश
कलेक्टर श्री अजीत वसंत ने स्पष्ट किया है कि स्थानांतरण के बाद अधिकारियों को सौंपे गए नए क्षेत्रों में शासन की योजनाओं का क्रियान्वयन प्राथमिकता पर रखना होगा। तहसील कार्यालयों में पारदर्शिता और आम जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान प्रशासन की मुख्य प्राथमिकता है।
बता दें कि सरगुजा जिले में पिछले कुछ समय से राजस्व अमले को और अधिक सक्रिय बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं। हाल ही में हुए इन तबादलों को इसी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
इस प्रशासनिक फेरबदल के बाद अब देखना यह होगा कि मैदानी स्तर पर इसका कितना प्रभाव पड़ता है। हालांकि, स्थानीय नागरिकों ने उप-तहसील स्तर पर अधिकारियों की नई पदस्थापना का स्वागत किया है, जिससे स्थानीय स्तर पर सरकारी कार्यों में पारदर्शिता और गति आने की संभावना है।









