साप्ताहिक पंचांग (2 जून – 8 जून 2026): इस सप्ताह की शुभ तिथियां, निर्जला एकादशी और महत्वपूर्ण व्रत-त्यौहार





साप्ताहिक पंचांग (31 मई – 06 जून 2026)

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साप्ताहिक पंचांग: 31 मई 2026 – 06 जून 2026

यह पंचांग हिंदू कैलेंडर के अनुसार विक्रमी संवत 2083, ज्येष्ठ मास, शुक्ल पक्ष पर आधारित है।

तिथि वार पक्ष नक्षत्र विशेषता/त्यौहार
31 मई रविवार शुक्ल हस्त ज्येष्ठ मास प्रारंभ
1 जून सोमवार शुक्ल चित्रा
2 जून मंगलवार शुक्ल स्वाति
3 जून बुधवार शुक्ल विशाखा
4 जून गुरुवार शुक्ल अनुराधा
5 जून शुक्रवार शुक्ल ज्येष्ठा
6 जून शनिवार शुक्ल मूल निर्जला एकादशी (व्रत)

साप्ताहिक विवरण एवं आध्यात्मिक महत्व

ज्येष्ठ मास का प्रभाव

ज्येष्ठ मास हिंदू पंचांग का तीसरा महीना है। इस माह में सूर्य की ऊर्जा अत्यधिक तीव्र होती है, जो आध्यात्मिक शुद्धि और तप का प्रतीक है। इस सप्ताह में जल के संरक्षण और दान का विशेष महत्व बताया गया है, विशेषकर निर्जला एकादशी के दिन।

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महत्वपूर्ण तिथियाँ: निर्जला एकादशी (6 जून)

इस सप्ताह का सबसे प्रमुख पर्व 6 जून को है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, पांडु पुत्र भीम ने बिना जल ग्रहण किए इस व्रत को किया था, इसलिए इसे ‘भीमसेनी एकादशी’ भी कहा जाता है। यह व्रत सभी एकादशियों में सर्वश्रेष्ठ माना जाता है।

“निर्जला एकादशी का व्रत करने से वर्ष भर की सभी एकादशियों का पुण्य फल प्राप्त होता है और व्यक्ति को मोक्ष की प्राप्ति होती है।”

ग्रह गोचर और सामान्य फलादेश

  • रविवार (31 मई): सूर्य का प्रभाव अधिक रहेगा। स्वास्थ्य का ध्यान रखें।
  • सोमवार-बुधवार: कार्यक्षेत्र में सक्रियता बढ़ेगी। नए निवेश के लिए शुभ समय।
  • गुरुवार-शनिवार: चिंतन और मनन का समय। मानसिक शांति के लिए ध्यान करें।

साप्ताहिक सुझाव

इस सप्ताह सूर्य देव को प्रतिदिन अर्घ्य दें। निर्जला एकादशी के दिन प्यासे को जल पिलाना या जल पात्र का दान करना अत्यंत कल्याणकारी माना गया है। सात्विक आहार का पालन करें और वाणी में मधुरता बनाए रखें।