बलरामपुर: किराना दुकान में अवैध पेट्रोल भंडारण पर खाद्य विभाग की बड़ी कार्रवाई
बलरामपुर, 06 जून 2026
बलरामपुर जिले में आम नागरिकों की सुरक्षा और आवश्यक वस्तुओं की सुचारू उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन बेहद सख्त है। कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के स्पष्ट निर्देशों के बाद, खाद्य विभाग ने जिले में निगरानी तंत्र को और अधिक मजबूत कर दिया है। इसी कड़ी में एक महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए ग्राम भेदमी स्थित एक किराना स्टोर से अवैध रूप से भंडारित पेट्रोल बरामद किया गया है।
छापेमारी और बरामदगी का विवरण
खाद्य विभाग को ग्राम भेदमी स्थित ‘बृजलाल गुप्ता किराना स्टोर’ में अवैध रूप से पेट्रोल के भंडारण और विक्रय की गोपनीय शिकायत प्राप्त हुई थी। इस शिकायत को गंभीरता से लेते हुए खाद्य अधिकारियों की टीम ने तत्काल दुकान का औचक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान दुकान संचालक श्री बृजलाल गुप्ता की उपस्थिति में दुकान की सघन जांच की गई। जांच में टीम को निम्नलिखित सामग्री अवैध रूप से रखी हुई मिली:
- एक प्लास्टिक कैरेट में रखी हुई 1-1 लीटर क्षमता की 16 बोतलें (कुल 16 लीटर पेट्रोल)।
- तेल नापने के लिए उपयोग किया जाने वाला 5 लीटर का मापक।
- एक कीप (Funnel) और एक प्लास्टिक की छन्नी।
वैधानिक कार्यवाही और नियम उल्लंघन
प्रशासन ने इस मामले में कठोर रुख अपनाते हुए पूरे अवैध स्टॉक को जप्त कर लिया है। खाद्य विभाग के अधिकारियों के अनुसार, यह कार्रवाई ‘मोटर स्पिरिट तथा हाई स्पीड डीजल ऑयल (प्रदाय तथा वितरण का विनियमन और अनाचार निवारण) आदेश 2005’ के प्रावधानों के उल्लंघन के तहत की गई है। साथ ही, ‘आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955’ के अंतर्गत संचालक के विरुद्ध वैधानिक कार्यवाही प्रक्रियाधीन है।
प्रशासन की आमजन से अपील
जिला प्रशासन ने जिलेवासियों से अपील की है कि पेट्रोल, डीजल और अन्य ज्वलनशील या आवश्यक वस्तुओं का अवैध भंडारण न केवल कानूनन अपराध है, बल्कि यह एक बड़ा सुरक्षा जोखिम भी है। बिना उचित लाइसेंस के पेट्रोल रखना किसी भी समय बड़ी आगजनी या दुर्घटना का कारण बन सकता है।
प्रशासन ने नागरिकों से आग्रह किया है कि यदि उन्हें अपने आसपास कहीं भी इस प्रकार का अवैध भंडारण या संदिग्ध विक्रय दिखाई दे, तो वे तत्काल संबंधित विभाग को सूचित करें ताकि समय रहते कड़ी कार्रवाई की जा सके और किसी भी बड़ी अनहोनी को रोका जा सके।
जिले में प्रशासन की इस मुहिम से अवैध कारोबारियों में हड़कंप मच गया है और खाद्य विभाग आने वाले दिनों में भी ऐसी निगरानी जारी रखने के संकेत दे रहा है।









