कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन में घायल दिल्ली पुलिस और सुरक्षा बलों के परिजन ने शुक्रवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंने कहा- 20 तारीख के बाद यही नेरेटिव चलाया जा रहा है कि छात्रों को पुलिस ने पीटा, लेकिन प्रोटेस्ट का दूसरा हिस्सा कुछ ओर ही है। एक पुलिस जवान की बेटी गुंजन ने कहा, ‘मेरे पिता जब घर आते थे, तो कहते थे कि अब ये स्टूडेंट प्रोटेस्ट नहीं रहा, इसमें गलत लोग जुड़ गए हैं। 20 जुलाई को मेरे पिता के साथी उन्हें रात 10 बजे घर लेकर आए। उनके सिर पर 5 टांके थे। उनकी यूनिफॉर्म खून से लथपथ थी, फिर भी सोशल मीडिया पर उन्हें ही क्रिमिनल बताया गया।’ दूसरी तरफ, एक ASI की पत्नी सीमा ने कहा- भीड़ में शरारती तत्वों ने पत्थर-हथियारों से पुलिस पर हमला किया। मेरे पति का हेलमेट भी टूट गया था। बैरिकेडिंग तोड़कर पुलिस फोर्स पर हमला हुआ। गुंजन के पिता और सीमा के पति दोनों ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है और संसद से पुलिसकर्मियों के अधिकारों पर सवाल उठाने की अपील की। प्रदर्शन और मार्च के दौरान 148 से ज्यादा पुलिसकर्मी घायल हुए, कई गंभीर रूप से जख्मी हैं।
कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन में घायल दिल्ली पुलिस और सुरक्षा बलों के परिजन ने शुक्रवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस की















