उत्तराखंड के चमोली में हुए टनल हादसे में छत्तीसगढ़ के 2 मजदूरों की मौत हो गई। गुरुवार (13 अगस्त) शाम पीपलकोटी में निर्माणाधीन टनल में लैंडस्लाइड के बाद पानी रिसने लगा। मलबा और पानी भरने से अंदर काम कर रहे 22 मजदूर फंस गए थे। इसमें 6 मजदूर छत्तीसगढ़ के थे।
कोंडागांव के 2 मजदूरों की मौत हो गई, 2 घायल हैं, जबकि 2 मजदूर अब भी लापता हैं। मृतकों की पहचान लखेश्वर पोयाम (24), निवासी धनसूली और भुनेश्वर (25), निवासी मड़ानार के रूप में बताई गई है।
इसके अलावा देवनाथ (22), निवासी दहिकोंगा और चेतन पोयाम, निवासी धनसूली का अब तक पता नहीं चल सका है। दोनों की तलाश जारी है। घायलों में सुनील (20), निवासी दहिकोंगा और पेनसिंह (33), निवासी सबलपुर का चमोली जिले में इलाज चल रहा है।
टनल में अचानक घुसा पानी और भारी मलबा
हादसा विष्णुगाड-पीपलकोटी जल विद्युत परियोजना की निर्माणाधीन सुरंग में हुआ। गुरुवार (13 अगस्त) शाम अचानक टनल के अंदर पानी और भारी मलबा तेजी से घुस गया। मजदूरों को संभलने का मौका तक नहीं मिला और कई लोग सुरंग के अंदर फंस गए।
प्रशासन और बचाव दल ने तत्काल रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। कई मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकाला गया, जबकि घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। प्रशासन के मुताबिक हादसे में कुल 22 लोगों के फंसे होने की जानकारी सामने आई थी। इनमें से 7 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जिनमें 2 मजदूर छत्तीसगढ़ के हैं और कुछ मजदूरों की तलाश जारी है।
रोजी-रोटी की तलाश में उत्तराखंड गए थे
हादसे की खबर कोंडागांव पहुंचते ही धनसूली, मड़ानार, दहिकोंगा और आसपास के गांवों में शोक की लहर दौड़ गई। रोजी-रोटी की तलाश में उत्तराखंड गए मजदूरों के परिवार हादसे के बाद से लगातार अपनों की कुशलता की जानकारी लेने में जुटे हैं।
दो मजदूरों की मौत की खबर से परिवारों में मातम है, जबकि लापता मजदूरों के परिजन उनके सुरक्षित लौटने की उम्मीद लगाए हुए हैं। प्रशासन भी प्रभावित परिवारों से संपर्क कर स्थिति की जानकारी ले रहा है।













