धर्म एवं धर्मशास्त्र
आज का पंचांग: 9 सितंबर 2026, बुधवार | भाद्रपद कृष्ण त्रयोदशी एवं मासिक शिवरात्रि का पावन पर्व
शुभ मुहूर्त, राहुकाल, चौघड़िया, आश्लेषा व मघा नक्षत्र, ग्रह स्थिति एवं पूजन विधि की संपूर्ण प्रामाणिक जानकारी
नई दिल्ली: आज विक्रम संवत 2083 के भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि है। आज बुधवार का दिन होने के साथ-साथ दोपहर 12:31 बजे के बाद चतुर्दशी तिथि का प्रवेश हो रहा है, जिसके चलते आज मासिक शिवरात्रि का व्रत एवं पूजन संपन्न किया जाएगा। पंचांग के अनुसार आज दोपहर 03:14 बजे तक आश्लेषा नक्षत्र रहेगा, जिसके उपरांत मघा नक्षत्र प्रारंभ होगा। आज भगवान गणेश एवं देवाधिदेव महादेव की आराधना विशेष फलदायी मानी जाती है।
9 सितंबर 2026: एक नज़र में आज का पंचांग
- विक्रम संवत: 2083 (सिद्धार्थी)
- शक संवत: 1948 (पराभव)
- मास & पक्ष: भाद्रपद (पूर्णिमान्त) / श्रावण (अमान्त), कृष्ण पक्ष
- आज की तिथि: त्रयोदशी (दोपहर 12:31 बजे तक), उपरांत चतुर्दशी
- नक्षत्र: आश्लेषा (दोपहर 03:14 बजे तक), उपरांत मघा
- मुख्य व्रत & पर्व: मासिक शिवरात्रि, गणेश पूजन
- शुभ योग: शिव योग (रात्रि 09:52 तक), फिर सिद्ध योग
- अशुभ समय (राहुकाल): दोपहर 12:18 से 01:52 बजे तक
सूर्योदय, सूर्यास्त एवं चंद्र स्थिति
वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार आज सूर्य देव सिंह राशि में स्वगृही विराजमान हैं। चंद्रमा दोपहर 03:14 बजे तक कर्क राशि में संचार करेंगे, जिसके पश्चात सिंह राशि में प्रवेश करेंगे।
| ग्रह एवं काल घटक | समय / स्थिति | विशेष विवरण |
|---|---|---|
| सूर्योदय (Sunrise) | प्रातः 06:03 बजे | सूर्य देव सिंह राशि में स्थित |
| सूर्यास्त (Sunset) | सायं 06:34 बजे | शरद / वर्षा ऋतु |
| चंद्रोदय (Moonrise) | तड़के 05:03 बजे (10 सितंबर) | कृष्ण पक्ष की चंद्र कलाएं |
| चंद्रास्त (Moonset) | सायं 05:24 बजे (9 सितंबर) | कर्क से सिंह राशि परिवर्तन |
| सूर्य राशि & नक्षत्र | सिंह राशि (पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र) | दक्षिणायन स्थिति |
तिथि, नक्षत्र, योग एवं करण का विस्तृत विवरण
पंचांग के पांच मुख्य अंग—तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण होते हैं। आज बुधवार का दिन व्यापारिक कार्यों, शिक्षा, बुद्धिमत्ता विकास तथा भगवान गणेश व शिव परिवार की विशेष उपासना के लिए अत्यंत शुभ माना गया है।
| पंचांग अंग | नाम | समय अवधि |
|---|---|---|
| तिथि | कृष्ण पक्ष त्रयोदशी | दोपहर 12:31 बजे तक |
| तिथि (उत्तरार्द्ध) | कृष्ण पक्ष चतुर्दशी | दोपहर 12:31 से अगले दिन सुबह 10:33 तक |
| नक्षत्र | आश्लेषा नक्षत्र | दोपहर 03:14 बजे तक |
| नक्षत्र (उत्तरार्द्ध) | मघा नक्षत्र | दोपहर 03:14 बजे के बाद |
| योग | शिव योग | रात्रि 09:52 बजे तक |
| योग (उत्तरार्द्ध) | सिद्ध योग | रात्रि 09:52 बजे के बाद |
| करण | वणिज करण | दोपहर 12:31 बजे तक |
| करण (उत्तरार्द्ध) | विष्टि (भद्रा) करण | दोपहर 12:31 से रात्रि 11:30 बजे तक |
आज के शुभ मुहूर्त (Auspicious Timings)
आज दोपहर 01:43 से 03:14 बजे तक अमृत काल रहेगा जो विशेष पूजा-अर्चना और शुभ कार्यों के लिए श्रेष्ठ है।
| शुभ मुहूर्त का नाम | प्रारंभ समय | समाप्ति समय |
|---|---|---|
| ब्रह्म मुहूर्त | प्रातः 04:39 बजे | प्रातः 05:27 बजे |
| अमृत काल | दोपहर 01:43 बजे | दोपहर 03:14 बजे |
| अभिजित मुहूर्त | कोई नहीं | — |
अशुभ समय एवं वर्ज्य काल (Inauspicious Timings)
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार राहुकाल व यमगंड काल के दौरान नया या महत्वपूर्ण कार्य प्रारंभ करने से बचना चाहिए।
| अशुभ काल | प्रारंभ समय | समाप्ति समय |
|---|---|---|
| राहुकाल (Rahukaal) | दोपहर 12:18 बजे | दोपहर 01:52 बजे |
| यमगण्ड | प्रातः 07:37 बजे | प्रातः 09:11 बजे |
| गुलिक काल | प्रातः 10:44 बजे | दोपहर 12:18 बजे |
दिन का चौघड़िया (Day Choghadiya)
| चौघड़िया प्रकार | समय अवधि | प्रकृति / फल |
|---|---|---|
| लाभ (उन्नति) | प्रातः 06:03 से 07:37 बजे | शुभ |
| अमृत (सर्वोत्तम) | प्रातः 07:37 से 09:11 बजे | सर्वोत्तम |
| काल (सामान्य) | प्रातः 09:11 से 10:44 बजे | अशुभ |
| शुभ (उत्तम) | प्रातः 10:44 से दोपहर 12:18 बजे | उत्तम |
| रोग / उद्वेग | दोपहर 12:18 से 03:25 बजे | अशुभ |
मासिक शिवरात्रि एवं गणेश पूजा उपाय
आज मासिक शिवरात्रि के पावन अवसर पर शिवलिंग पर जलाभिषेक कर बेलपत्र अर्पित करें। बुधवार होने के कारण भगवान श्री गणेश जी को दूर्वा और मोदक चढ़ाकर “ॐ गं गणपतये नमः” मंत्र का जाप करें।














