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किसके दबाव में, एलआईसी-एसबीआई ने जनता की कमाई अडानी पर लुटाई : राहुल गांधी

किसके दबाव में, एलआईसी-एसबीआई ने जनता की कमाई अडानी पर लुटाई : राहुल गांधी

नई दिल्ली: कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने बुधवार को कहा कि अडानी समूह को बचाने के लिए एलआईसी को हर दिन लगभग 1000 करोड़ रुपए का नुकसान हो रहा है। उन्होंने सवाल किया कि आखिर एलआईसी-एसबीआई जनता की कमाई अडानी पर लूटा रहे हैं।
राहुल गांधी ने ट्वीट कर कहा, एलआईसी को अडानी ग्रुप के शेयर्स के भाव गिरने के कारण अपने निवेश में हर दिन लगभग 1000 करोड़ रुपए का नुकसान हो रहा है। देश पूछ रहा है – आखिर किसके दबाव में, एलआईसी-एसबीआई ने जनता की कमाई अडानी पर लुटाई?

इससे पहले कांग्रेस राहुल गांधी ने अपनी वीडियो श्रृंखला में बुधवार को आरोप लगाया कि अडानी समूह को बचाने के लिए भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) और भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) को जबरदस्ती निवेश करवाया गया और आम लोगों की बचत को खतरे में डाला गया। उन्होंने सवाल करते हुए कहा कि क्या भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) और आरबीआई को उद्योगपति गौतम अडानी के समूह में निवेश का आदेश दिया गया था और यह आदेश किसने दिया था?

राहुल गांधी ने कहा, एसबीआई देश का सबसे बड़ा बैंक है। क्या अडानी समूह को बचाने के लिए एलआईसी और एसबीआई को आदेश दिया गया? एलआईसी ने खतरों से भरे अडानी समूह में इतना बड़ा निवेश क्यों किया? जब इन बातों से पर्दा उठेगा तो पता चलेगा कि देश का कितना नुकसान हुआ है।

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उन्होंने कहा, एसबीआई में आपकी (जनता) मेहनत की कमाई और आपके परिवार तथा बच्चों के भविष्य के लिए बचत रखी है। सवाल यह है कि आपके पैसे को खतरे में कौन डाल रहा है?

राहुल गांधी ने कहा, क्या आप अपने बच्चों के भविष्य को खतरे में डालना चाहते हैं? मेरा सवाल आप लोगों से है कि अडानी समूह को बचाने के लिए आपके पैसे क्यों लगाये जा रहे हैं?

कांग्रेस नेता ने सवाल किया, अडानी समूह में निवेश करने वाले खुदरा निवेशकों की चिंताओं को दूर करने के लिए प्रधानमंत्री मोदी क्या कर रहे हैं? उन्होंने दावा किया कि अडानी समूह के खिलाफ धनशोधन, जालसाजी और मुखौटा (शेल) कंपनियों के उपयोग के आरोप लंबे समय से लगते आ रहे हैं।

गौरतलब है कि वित्तीय शोध कंपनी हिंडनबर्ग रिसर्च ने अडानी समूह के खिलाफ फर्जी तरीके से लेनदेन और शेयर की कीमतों में हेरफेर सहित कई आरोप बीते 24 जनवरी को लगाए थे। इसके बाद से अदाणी समूह की कंपनियों के शेयरों में गिरावट का सिलसिला एक महीने से जारी है। हालांकि अडानी समूह ने इन आरोपों को झूठा करार देते हुए कहा था कि उसने सभी कानूनों और प्रावधानों का पालन किया है।

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