बालोद : राज्य स्तरीय प्रावीण्य सूची में स्थान बनाने में सफल हुए शासकीय स्कूलों में अध्ययनरत जिले के विद्यार्थी

बालोद : राज्य स्तरीय प्रावीण्य सूची में स्थान बनाने में सफल हुए शासकीय स्कूलों में अध्ययनरत जिले के विद्यार्थी

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विद्यार्थियों ने दिया अध्ययन-अध्यापन की अनुकूल व्यवस्था, शासन एवं जिला प्रशासन द्वारा समय पर उपलब्ध कराए गए मदद को अपने इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के लिए श्रेय

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बालोद, यदि व्यक्ति में कुछ बड़ा कर गुजरने की अदम्य लालसा तथा दृढ़ इच्छा शक्ति एवं लक्ष्य के प्रति समर्पण हो तो उसे मंजिल हासिल करने से कोई नहीं रोक सकता। इसे अक्षरशः चरितार्थ किया है हमारे जिले के बहुत ही सामान्य परिवार से ताल्लूक रखने वाले शासकीय विद्यालयों में अध्ययनरत विद्यार्थियों ने। आज छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मण्डल द्वारा जारी किए गए हाई स्कूल एवं हायर सेकण्डरी बोर्ड परीक्षाओं के जारी परीक्षा परिणाम के अंतर्गत जिले के शासकीय विद्यालयों में अध्ययनरत दो विद्यार्थियों ने राज्य स्तरीय प्रावीण्य सूची में स्थान अर्जित कर शासकीय स्कूलों की महत्ता को साबित किया है। उल्लेखनीय है कि आज जारी किए गए हायर सेकण्डरी बोर्ड परीक्षा परिणाम के अंतर्गत जिला मुख्यालय के समीपस्थ ग्राम झलमला के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के कक्षा 12वीं विज्ञान संकाय की विद्यार्थी कुमारी दिव्या साहू ने कुल 96.40 प्र्रतिशत अंक अर्जित कर राज्य स्तरीय प्रावीण्य सूची में पांचवां स्थान अर्जित किया है। इसी तरह जिले के आदिवासी बाहुल्य डौण्डी विकासखण्ड के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कोटागांव के कक्षा 12वीं विज्ञान संकाय के विद्यार्थी बलवीर ने 95.40 प्रतिशत अंक अर्जित कर पूरे प्रदेश में प्रावीण्य सूची में दसवां स्थान अर्जित किया है। जिले दोनों प्रतिभाशाली विद्यार्थी बहुत ही सामान्य परिवार एवं विपरीत हालात का सामना करते हुए इस महत्वपूर्ण उपलब्धि को हासिल किए हैं।
अपने इस महत्पूर्ण उपलब्धि के संबंध में जानकारी देते हुए राज्य स्तरीय प्रावीण्य सूची में पांचवां स्थान अर्जित करने वाले कु. दिव्या साहू ने बताया कि वे बहुत ही सामान्य परिवार की विद्यार्थी हैं। उनके पिता स्व. श्री योगेन्द्र साहू जब वे बहुत छोटी थी तभी वे दिवंगत हो गए हैं। उन्होंने कहा कि उनकी माता श्रीमती योगेश्वरी साहू अथक मेहनत कर उन्हें एवं उनकी दो बड़ी बहनों को पढ़ा रही हैं। वर्तमान में उनकी बड़ी बहन मधुबाला साहू एम.ए. अंतिम वर्ष एवं मंझली बहन उर्वशी बी.ए. द्वितीय वर्ष की छात्रा है। परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने के कारण अनेक बार आर्थिक कठिनाईयों का भी सामना करना पड़ता है। उनकी माता श्रीमती योगेश्वरी साहू वर्तमान में स्वास्थ्य विभाग के अंतर्गत मितानीन का कार्य करती हैं। इसके अलावा मेहनत मजदूरी कर उन्हें एवं उनके दोनों बहनों की पढ़ाई-लिखाई का खर्च उठा रही हैं। कु. दिव्या ने अपनी इस उपलब्धि के संबंध में जानकारी देेते हुए बताया कि उनके विद्यालय शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय झलमला में अध्ययन-अध्यापन की व्यवस्था बहुत ही उत्तम है। वहां के शिक्षक भी योग्य एवं अपने कार्यों के प्रति समर्पित है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के सतत पे्ररणा एवं मार्गदर्शन तथा विद्यालय के द्वारा उपलब्ध कराए गए समय पर मदद के फलस्वरूप आज वे इस महत्वपूर्ण उपलब्धि को हासिल करने में सफल हुई हैं। उन्होंने कहा कि इसके अलावा राज्य शासन के योजना के अनुसार समय पर उपलब्ध कराए गए छात्रवृत्ति, सरस्वती सायकल वितरण योजना अंतर्गत स्कूल तक आने जाने हेतु मिले सायकल, गणित-विज्ञान प्रोत्साहन छात्रवृत्ति तथा जिला प्रशासन द्वारा शुरू किए प्रतिभा प्रवीण कार्यक्रम के अंतर्गत मिले सहयोग के फलस्वरूप आज राज्य स्तरीय प्रावीण्य सूची में पांचवां स्थान अर्जित करने में सफल हुए है।
इसी तरह राज्य स्तरीय प्रावीण्य सूची में दसवां स्थान अर्जित करने वाले विद्यार्थी बलवीर ने भी अपनी इस उपलब्धि का श्रेय स्कूल की उत्तम अध्ययन-अध्यापन व्यवस्था, शासन के योजनाओं के अंतर्गत मिले सहयोग एवं जिला प्रशासन द्वारा विकासखण्ड स्तर पर शुरू किए गए प्रतिभा वितान कार्यक्रम को दिया हैै। इन दोनों विद्यार्थियों ने अपने इस महत्वपूर्ण उपलब्धि को हासिल करने में सहयोग करने के लिए राज्य शासन एवं जिला प्रशासन को हृदय से धन्यवाद करते हुए उनके प्रति विनम्र आभार व्यक्त किया है। इस तरह से यदि शासकीय विद्यालय के विद्यार्थियों को भी यदि अध्ययन-अध्यापन हेतु जरूरी सुविधाएं एवं समय पर मदद उपलब्ध कराई जाए तो वे सफलता के नए कीर्तिमान स्थापित कर सकते हैं।