Advertisement

सरकार कुसुम प्लांट हादसा में मृतक के परिजनों को एक-एक करोड़ और घायलों को 50 लाख मुआवजा दे।

सरकार कुसुम प्लांट हादसा में मृतक के परिजनों को एक-एक करोड़ और घायलों को 50 लाख मुआवजा दे।

उद्योग एवं श्रम विभाग सेफ्टी जांच करना बंद कर चुका है

कुसुम प्लांट हादसा के लिए जिम्मेदार डायरेक्टर के खिलाफ भी एफआईआर हो

रायपुर/ प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने मुंगेली जिला के रामपुर गांव के कुसुम स्मेल्टर्स पावर और स्पंज प्लांट हादसा में मृतकों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की एवं घायलों की जल्द स्वस्थ होने की कामना करते हुए कहा कि कुसुम प्लांट हादसा सरकार की लापरवाही के कारण हुआ है। सरकार दुर्घटना में मृतक लोगों के परिजनों को एक-एक करोड रुपए मुआवजा दे और घायलों को 50 लाख रू. मुआवजा के साथ बेहतर स्वास्थ्य की सुविधा दे और इस हादसे के लिए जिम्मेदार प्लांट के डायरेक्टर के खिलाफ एफआईआर दर्ज किया जाये। घटना की न्यायिक जांच हो और दोषियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई हो।

प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि उद्योग एवं श्रम विभाग सेफ्टी जांच करना बंद कर चुका है। भाजपा की सरकार बनने के बाद लगातार उद्योगों में हादसे हो रहे। इससे स्पष्ट है कि उद्योग विभाग अपनी जिम्मेदारियां का निर्वहन नहीं कर पा रही है समय पर जांच नहीं कर रही है उद्योगों में तय मापदंडों का पालन नहीं करवा पा रही है। उद्योगों में सेफ्टी नियमों को नजरअंदाज किया जा रहा है और इसके पीछे भाजपा सरकार का भ्रष्टाचार है। भाजपा सरकार को उद्योगों में काम करने वाले श्रमिकों की कोई चिंता नहीं है।

file_0000000093d882119d122d54d9d757b5

प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि कुसुम प्लांट अभी निर्माणाधीन है फिर वहां पर उत्पादन कैसे शुरू हो गया? उद्योग विभाग ने क्या वहां पर जाकर सेफ्टी का जांच नहीं किया और जांच किया तो अधूरे प्लांट को शुरू करने की अनुमति कैसे दे दिया? जिसके कारण चार लोगों की मौत हो गई, कई लोग घायल हो गए। उद्योग और श्रम विभाग की घोर लापरवाही हादसे का कारण है।

प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि 1 साल के भीतर पूरे प्रदेश में प्लांट एवं अन्य फैक्ट्रियों में हादसा होने की खबर आ रही है जिसके चलते श्रमिकों और अन्य लोगों की मौत एवं घायल होने की घटना हो रही है, आखिर उद्योग विभाग अपने जिम्मेदारियों का पालन क्यों नहीं कर रहे? उद्योग में काम करने वाले श्रमिकों को एवं अन्य लोगों की जान की क्या कोई कीमत नहीं है? फैक्ट्री में हादसा होने के बाद सरकार जांच करने की बात करती है और हादसा से जनता का ध्यान हटाती है। हादसा रोकने के लिए जिम्मेदार विभागों पर कोई कार्रवाई नहीं किया जाता है, आखिर कब तक उद्योगों में श्रमिकों और अन्य लोगों की सरकार के लापरवाही के चलते मौत होते रहेगी?

ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_14_44 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_53_50 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_08_26 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_16_13 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_22_41 PM
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.12.06
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.16.05