नियमों का उल्लंघन करने वाले बिल्डर पर रेरा की नकेल, भूखंडों और मकानों की खरीदी-बिक्री पर लगाई रोक

रायपुर। छत्तीसगढ़ रियल एस्टेट नियामक प्राधिकरण (सीजी रेरा) ने बड़ी कार्रवाई की है। रेरा ने बिलासपुर स्थित लोविना कोर्ट्स परियोजना में भूखंडों और मकानों की खरीदी-बिक्री पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने का अंतरिम आदेश जारी किया है। यह कार्रवाई रियल एस्टेट (विनियमन एवं विकास) अधिनियम, 2016 की धारा 4(2)(1)(क) के उल्लंघन के पर की गई है।

file_000000000ae07206b6dd6cb6073112cd
WhatsApp Image 2026-03-12 at 6.47.26 PM (1)
file_000000009a407207b6d77d3c5cd41ab0

क्या प्रावधान है इस धारा में..?

इस धारा के तहत प्रमोटर को प्रोजेक्ट के अंतर्गत आवंटियों से प्राप्त कुल राशि का कम से कम 70 प्रतिशत भाग एक अलग बैंक खाते में रखना अनिवार्य है। इस राशि का उपयोग केवल निर्माण कार्य और भूमि की लागत जैसे निर्धारित उद्देश्यों के लिए ही किया जा सकता है। यह व्यवस्था घर खरीदारों के हितों की सुरक्षा और धन के अनुचित उपयोग को रोकने के लिए की गई है।

66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b
hotal trinetra
gaytri hospital
WhatsApp Image 2026-05-10 at 2.46.41 PM (1)

प्राधिकरण ने पाया कि लोविना कोर्ट्स प्रोजेक्ट के प्रमोटर द्वारा इस नियम का उल्लंघन किया गया है, जिससे वित्तीय पारदर्शिता पर सवाल खड़े हुए हैं। परिणामस्वरूप, सीजी रेरा ने परियोजना के अंतर्गत किसी भी प्रकार की नई खरीद-फरोख्त, पंजीयन या लेन-देन पर रोक लगा दी है।

सीजी रेरा के अनुसार यह आदेश तब तक प्रभावी रहेगा जब तक कि प्रमोटर द्वारा सभी आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत कर उल्लंघनों का समाधान नहीं किया जाता और प्राधिकरण द्वारा निर्धारित शर्तों की पूर्ति नहीं कर दी जाती।

यह त्वरित कार्रवाई रेरा की उस प्रतिबद्धता को दर्शाती है जिसके तहत वह घर खरीदारों की पूंजी की सुरक्षा, निर्माण प्रक्रिया में पारदर्शिता और प्रमोटरों की जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए सतर्कता से कार्य कर रहा है। इस सख्त कदम से अन्य डेवलपर्स को भी यह स्पष्ट संदेश मिलेगा कि रेरा के प्रावधानों का पालन अनिवार्य है और किसी भी प्रकार की अनियमितता पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।