1 जनवरी से आदिम जाति विभाग में ई-ऑफिस लागू, प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने दिए निर्देश

आदिम जाति विभाग के सभी आयोग-निगम में 1 जनवरी से ई-ऑफिस लागू: प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा

रायपुर, 11 दिसंबर 2025। आदिम जाति, अनुसूचित जाति तथा पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने विभाग के अंतर्गत आने वाले सभी आयोगों, बोर्डों एवं निगमों में 1 जनवरी 2026 से ई-ऑफिस व्यवस्था अनिवार्य रूप से लागू करने के निर्देश दिए हैं। मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने स्पष्ट कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की मंशा के अनुरूप शासन प्रणाली में पारदर्शिता, जवाबदेही और गति लाने के लिए डिजिटल वर्कफ्लो अत्यंत आवश्यक है।

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सभी आयोग-निगम में ई-ऑफिस लागू करने की तैयारी तेज

बैठक में अनुसूचित जनजाति आयोग, पिछड़ा वर्ग आयोग, अनुसूचित जाति आयोग, अल्पसंख्यक आयोग, पिछड़ा वर्ग कल्याण आयोग, तेलघानी विकास बोर्ड, लौ शिल्पकार बोर्ड, रजककार बोर्ड और चर्म शिल्पकार विकास बोर्ड के कार्यों की विस्तार से समीक्षा की गई।

प्रमुख सचिव बोरा ने कहा—

  • ई-ऑफिस लागू होने से विभागीय कार्य तेज़, पारदर्शी और ट्रैक योग्य होंगे।
  • अनावश्यक विलंब और लालफीताशाही समाप्त होगी।
  • मुख्यालय से लेकर आयोग-निगमों तक सभी में एक जैसी प्रशासनिक दक्षता सुनिश्चित होगी।

सभी वार्षिक प्रतिवेदन ई-बुक के रूप में वेबसाइट पर उपलब्ध होंगे

बैठक में वर्ष 2022-23, 2023-24 और 2024-25 के वार्षिक प्रतिवेदनों की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की गई। प्रमुख सचिव ने निर्देश दिए कि—

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  • सभी प्रतिवेदन विभागीय वेबसाइट पर ई-बुक के रूप में अपलोड किए जाएं।
  • प्रतिवेदनों में उत्तम गुणवत्ता के फोटोग्राफ अवश्य शामिल हों।

ई-HRMS, बायोमेट्रिक उपस्थिति और नियमावली की समीक्षा

समीक्षा बैठक में निम्न बिंदुओं पर भी चर्चा हुई—

  • ई-HRMS पोर्टल की डेटा एंट्री और क्रियान्वयन की प्रगति।
  • आधार सक्षम बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली की प्रभावशीलता।
  • आयोग-निगमों के नियमावली दस्तावेजों की स्पष्टता।
  • जाति समावेशन, त्रुटि सुधार और अनुसंधान कार्यों की अद्यतन स्थिति।
  • विभिन्न आयोगों में दर्ज, लंबित और निराकृत प्रकरणों की संख्या।

प्रमुख सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे नियमित रूप से आयोग-बोर्डों का निरीक्षण भी सुनिश्चित करें।

बैठक में उपस्थित अधिकारी

बैठक में आयुक्त डॉ. सारांश मित्तर, आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान की संचालक श्रीमती हिना अनिमेष नेताम, संयुक्त सचिव बी.के. राजपूत, अनुपम त्रिवेदी, उपायुक्त प्रज्ञान सेठ सहित आयोग-बोर्डों के सचिव व अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।