CSERC Hearing 2026 | राजनांदगांव में बिजली टैरिफ पर जनसुनवाई, उद्योग, किसान और घरेलू उपभोक्ताओं ने रखे सुझाव !

राजनांदगांव में बिजली टैरिफ निर्धारण को लेकर हुई जनसुनवाई, उपभोक्ताओं ने रखी अहम मांगें

 

WhatsApp Image 2026-03-12 at 6.47.26 PM (1)
file_000000009a407207b6d77d3c5cd41ab0
WhatsApp Image 2026-06-26 at 00.16.05 (1)

राजनांदगांव, 23 फरवरी 2026।छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत नियामक आयोग (सीएसईआरसी) द्वारा वित्तीय वर्ष 2026-27 से 2029-30 के लिए बिजली दरों (टैरिफ) के निर्धारण एवं राजस्व आवश्यकताओं से संबंधित याचिकाओं पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सार्वजनिक जनसुनवाई आयोजित की गई।

यह जनसुनवाई शहर के पार्रीनाला स्थित कार्यपालक निदेशक कार्यालय में आयोजित की गई, जिसमें राजनांदगांव, मोहला-मानपुर-अम्बागढ़ चौकी, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई एवं कबीरधाम जिले के घरेलू, गैर घरेलू, कृषक एवं औद्योगिक उपभोक्ताओं ने भाग लिया।

जनसुनवाई का मुख्य उद्देश्य नई बिजली दरों के निर्धारण से पूर्व आम जनता, कृषक उपभोक्ताओं एवं औद्योगिक संगठनों के सुझावों एवं आपत्तियों को दर्ज करना था।

उद्योग जगत ने रखी राहत की मांग

औद्योगिक एचवी-3 एवं एचवी-05 एबी कैटेगरी के प्रतिनिधियों ने सुझाव दिया कि —

  • क्रॉस सब्सिडी का निर्धारण वोल्टेज स्तर के आधार पर किया जाए।
  • लो-लोड फैक्टर पर प्रोत्साहन दिया जाए।
  • न्यूनतम उपयोग के समय डिमांड चार्ज को कॉन्ट्रैक्ट डिमांड का 50 प्रतिशत रखा जाए।
  • एडवांस बिजली बिल भुगतान पर मिलने वाली 1.25% की छूट यथावत रखी जाए।

चैम्बर ऑफ कॉमर्स की मांग

चैम्बर्स ऑफ कॉमर्स राजनांदगांव के अध्यक्ष श्री कमलेश बैद ने कहा कि औद्योगिक विकास को गति देने के लिए प्रचलित टैरिफ को यथावत रखा जाए।
साथ ही उन्होंने पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत उत्पादित बिजली के लिए उचित दर का प्रावधान करने की मांग की।
उन्होंने कहा कि जैसे एलवी-4 श्रेणी को छूट मिलती है, वैसे ही एचवी-3 एवं एचवी-05 उपभोक्ताओं को भी लाभ दिया जाना चाहिए।

66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b
hotal trinetra
gaytri hospital
WhatsApp Image 2026-05-10 at 2.46.41 PM (1)

घरेलू उपभोक्ताओं ने जताई महंगाई की चिंता

घरेलू उपभोक्ता श्री रूपचंद भीमनानी ने बढ़ती महंगाई का हवाला देते हुए कहा कि बिजली दरों में वृद्धि से आम जनता पर आर्थिक बोझ बढ़ेगा।
उन्होंने मांग की कि —

  • टैरिफ में वृद्धि न की जाए।
  • बिजली बिल को सरल, स्पष्ट और उपभोक्ता-हितैषी बनाया जाए, ताकि खपत की पूरी जानकारी आसानी से समझ में आ सके।

आयोग ने दिया निष्पक्ष निर्णय का भरोसा

राज्य विद्युत नियामक आयोग के सदस्यों ने सभी उपस्थितजनों को आश्वस्त किया कि टैरिफ निर्धारण उपभोक्ताओं के हितों एवं विद्युत कंपनियों की वित्तीय स्थिरता के बीच संतुलन बनाकर किया जाएगा।

आयोग ने बताया कि सभी सुझावों एवं आपत्तियों का गहन अध्ययन कर आगामी महीनों में अंतिम टैरिफ आदेश जारी किया जाएगा।

उपस्थित अधिकारी एवं प्रतिनिधि

इस अवसर पर —
उपभोक्ता फोरम अध्यक्ष ए.के. ग्राहक,
अतिरिक्त मुख्य अभियंता मंगल तिर्की,
अधीक्षण अभियंता शंकेश्वर कंवर,
कार्यपालन अभियंता एन.के. साहू,
श्रीमती सीमा ढील,
पीआरओ डी.एस. मंडावी,
चैम्बर्स ऑफ कॉमर्स से राजकुमार बाफना, राजेश जैन, नेमीचंद जैन सहित बड़ी संख्या में विभागीय अधिकारी एवं उपभोक्ता उपस्थित रहे।