असम के नगांव में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और गौरव गोगोई के काफिले पर हिंसक हमला: पथराव में गाड़ियों के शीशे टूटे, कांग्रेस ने कहा— “भाजपा सरकार में खौफ का नतीजा”
नगांव/रायपुर। असम के नगांव में उपचुनाव के दौरान एक बड़ी और सनसनीखेज राजनीतिक हिंसा की घटना सामने आई है। कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव एवं छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल तथा असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PCC) के अध्यक्ष गौरव गोगोई के काफिले पर कुछ असामाजिक तत्वों और कथित तौर पर सत्ताधारी भाजपा समर्थकों द्वारा अचानक भारी पथराव कर दिया गया। इस हिंसक हमले में काफिले में शामिल कांग्रेस प्रत्याशी और नेताओं की गाड़ियों के शीशे बुरी तरह टूट गए हैं। गनीमत यह रही कि इस प्राणघातक हमले में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और पीसीसी अध्यक्ष गौरव गोगोई पूरी तरह से सुरक्षित हैं।
घटना के मुख्य बिंदु
- स्थान: नगांव लोकसभा / सामगुड़ी क्षेत्र, असम।
- निशाना: पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, असम कांग्रेस अध्यक्ष गौरव गोगोई व अन्य शीर्ष नेता।
- घटना का स्वरूप: चलती गाड़ियों पर पथराव एवं हमला, वाहनों के कांच टूटे।
- सुरक्षा स्थिति: भूपेश बघेल और गौरव गोगोई सुरक्षित, एआईसीसी सचिव मनोज चौहान व अन्य को आई चोटें।
- कांग्रेस का रुख: घटना की कड़ी निंदा, दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी और कड़ी कार्रवाई की मांग।
चुनाव सभा की ओर जाते समय हुआ हमला
प्राप्त जानकारी के अनुसार, असम के नगांव क्षेत्र में आगामी लोकसभा उपचुनाव को लेकर कांग्रेस की एक विशाल चुनावी सभा आयोजित की गई थी। इसी कार्यक्रम में सम्मिलित होने के लिए पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, असम कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गौरव गोगोई, एआईसीसी सचिव मनोज चौहान और स्थानीय कांग्रेस उम्मीदवार के साथ वाहनों के काफिले में रवाना हुए थे। काफिला जैसे ही सामगुड़ी-बोरमा इलाके के पास पहुंचा, सड़क किनारे मौजूद उपद्रवियों और असामाजिक तत्वों ने अचानक नारेबाजी करते हुए काफिले को घेरने का प्रयास किया और चलती गाड़ियों पर पत्थरों व बोतलों से हमला कर दिया।
हमले की तीव्रता इतनी अधिक थी कि काफिले में आगे चल रही उम्मीदवार की गाड़ी का पिछला और साइड का कांच पूरी तरह चकनाचूर हो गया। वाहन के अंदर मौजूद एआईसीसी सचिव मनोज चौहान की पसलियों में पत्थर लगने से उन्हें चोट आई है। घटना के तुरंत बाद सुरक्षाकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए गाड़ियों को सुरक्षित निकाला और बड़े हादसे को टाला।
असम की भाजपा सरकार के खौफ को दर्शाती है घटना: कांग्रेस
इस कायराना हमले के बाद कांग्रेस पार्टी में भारी आक्रोश व्याप्त है। पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने इस घटना की पुरजोर शब्दों में निंदा की है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि यह घटना असम की भाजपा सरकार के अंदर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बढ़ते प्रभाव और जनाधार के प्रति खौफ को साफ-साफ उजागर करती है।
“असम में भूपेश बघेल और गौरव गोगोई की लोकप्रियता तथा जनता के मिल रहे अपार समर्थन से सत्ताधारी दल बुरी तरह घबरा गया है। लोकतंत्र में हिंसा और गुंडागर्दी का कोई स्थान नहीं है। अपने राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों को डराने और चुनाव को प्रभावित करने के लिए यह हमला करवाया गया है, जो कि असम सरकार की प्रशासनिक विफलता और डर का प्रत्यक्ष प्रमाण है।”
— कांग्रेस पार्टी का आधिकारिक वक्तव्य
निर्वाचन आयोग और पुलिस प्रशासन से कड़ी कार्रवाई की मांग
घटना के तुरंत बाद वरिष्ठ नेताओं ने स्थानीय पुलिस थाने में मामले की शिकायत दर्ज कराई है तथा नगांव के पुलिस अधीक्षक (SP) व जिलाधिकारी से मुलाकात कर घटना में शामिल सभी अराजक तत्वों को तुरंत गिरफ्तार करने की मांग की है। कांग्रेस पार्टी ने भारत निर्वाचन आयोग (ECI) से भी हस्तक्षेप करने की अपील की है ताकि उपचुनाव निष्पक्ष और भयमुक्त माहौल में संपन्न कराए जा सकें।
कांग्रेस पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि घटना के लिए जिम्मेदार उपद्रवियों और साजिशकर्ताओं के खिलाफ अविलंब कड़ी कानूनी कार्रवाई नहीं की जाती है, तो पार्टी इसके खिलाफ व्यापक स्तर पर लोकतांत्रिक विरोध प्रदर्शन करेगी।

















