Advertisement

धान खरीदी में भारी अव्यवस्था: 21 क्विंटल प्रति एकड़ खरीदी बंद, किसान परेशान – कांग्रेस का सरकार पर हमला

धान खरीदी में अव्यवस्था पर कांग्रेस का हमला: सरकार बेफिक्र, किसान परेशान – दीपक बैज

रायपुर/07 दिसंबर 2025। प्रदेश में धान खरीदी प्रक्रिया में जारी अव्यवस्था को लेकर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि धान खरीदी के 20 दिन बीत जाने के बाद भी व्यवस्था पटरी पर नहीं आ सकी है, जिससे किसान रोजाना सोसायटियों के चक्कर काटने को मजबूर हैं।

बैज ने आरोप लगाया कि

  • किसानों के टोकन नहीं कट पा रहे,
  • तौल केंद्रों पर दिक्कतें बनी हुई हैं,
  • पंजीयन की समस्या जस की तस है,
  • करीब 5 लाख किसान अभी भी पंजीयन के लिए सोसायटी से लेकर तहसीलदार कार्यालय तक परेशान हो रहे हैं

उन्होंने कहा कि सरकार किसानों का धान खरीदने में रुचि नहीं दिखा रही, जबकि दूसरी ओर सीमावर्ती राज्यों से “सत्तारूढ़ दल के नेताओं के संरक्षण में” भारी मात्रा में धान लाकर सोसायटियों में बेचा जा रहा है।

file_0000000093d882119d122d54d9d757b5

लक्ष्य घटाने और भुगतान में देरी का आरोप

दीपक बैज ने कहा कि एनआईसी द्वारा सोसायटियों के प्रतिदिन के खरीदी लक्ष्य को घटा दिया गया है, जिसके कारण सोसायटियां अपनी क्षमता के अनुसार धान नहीं खरीद पा रही हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि किसानों को 3100 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से भुगतान भी नहीं किया जा रहा है।

भाजपा सरकार पर वादा खिलाफी का आरोप लगाते हुए बैज ने कहा—

“भाजपा ने वादा किया था कि धान बेचने के 24 घंटे के भीतर ग्राम पंचायत में काउंटर खोलकर एकमुश्त भुगतान किया जाएगा, लेकिन प्रदेश में कहीं भी ऐसा नहीं हो रहा। केवल समर्थन मूल्य की राशि की गणना की जा रही है।”

21 क्विंटल प्रति एकड़ खरीदी बंद होने का आरोप

उन्होंने कहा कि सरकार ने अघोषित रूप से 21 क्विंटल प्रति एकड़ खरीदी बंद कर दी है और केवल 15 से 19 क्विंटल प्रति एकड़ ही खरीदी हो रही है, जिससे किसानों में गहरी नाराजगी है।

अंत में कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने बताया कि पूरी धान खरीदी व्यवस्था चरमराई हुई है और सरकार किसानों को जानबूझकर परेशान कर रही है।


 

ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_14_44 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_53_50 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_08_26 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_16_13 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_22_41 PM
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.12.06
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.16.05