बर्लिन। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बर्लिन के हर्टी स्कूल में कहा कि भारत में चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। उन्होंने हरियाणा और महाराष्ट्र के चुनावों में मिली अनियमितताओं का उदाहरण दिया और कहा कि इस प्रकार के मामलों से यह स्पष्ट होता है कि निर्वाचन मशीनरी में मूलभूत समस्याएं हैं।
राहुल गांधी ने कहा कि भारत में संस्थाओं पर व्यापक हमला हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सीबीआई और ईडी जैसी एजेंसियों का उपयोग भाजपा द्वारा अपने राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ किया जा रहा है, जबकि भाजपा के खिलाफ मामलों का आंकड़ा नगण्य है। उन्होंने कहा कि अब भारत में ऐसा माहौल बन गया है कि संस्थाएं अपने मूल उद्देश्य के अनुरूप काम नहीं कर रही हैं।
उन्होंने बताया कि कांग्रेस ने इन संस्थाओं का निर्माण किया, लेकिन उन्हें कभी अपने निजी तौर पर नहीं देखा; वे हमेशा देश की संपत्ति रही हैं। इसके विपरीत, भाजपा भारत की संस्थागत संरचना को अपने राजनीतिक फायदे के लिए इस्तेमाल कर रही है।
राहुल गांधी ने वित्तीय असंतुलन का उदाहरण देते हुए कहा कि भाजपा और विपक्ष के बीच धन का अनुपात लगभग 30:1 है, जो लोकतंत्र पर एक गहरा हमला दर्शाता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कांग्रेस केवल भाजपा से नहीं लड़ रही है, बल्कि भारत की संस्थाओं पर भाजपा के कब्जे के खिलाफ संघर्ष कर रही है।















