
शासन की योजनाओं में भागीदारी के लिए आगे आएं – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय
सूरजपुर प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने विभिन्न समाज प्रमुखों से संवाद कर नशा मुक्ति, बेटियों की शिक्षा, युवा सशक्तिकरण और सरकारी योजनाओं में भागीदारी की अपील की।
शासन की योजनाओं में भागीदारी के लिए आगे आएं – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय
जिले के विभिन्न समाज प्रमुखों से मुख्यमंत्री ने की आत्मीय संवाद
समाज में नशे के विरुद्ध लगातार अभियान चलाने की अपील
सूरजपुर | 18 जनवरी 2026 | प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने शनिवार को सूरजपुर जिले के प्रवास के दौरान सर्किट हाउस में जिले के विभिन्न सामाजिक संगठनों, समाज प्रमुखों एवं प्रतिनिधियों से आत्मीय संवाद किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने एक-एक प्रतिनिधि से व्यक्तिगत रूप से बातचीत कर समाज के हित में किए जा रहे कार्यों की जानकारी प्राप्त की।
मुख्यमंत्री साय ने समाज प्रमुखों से अपील करते हुए कहा कि शासन की महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी योजनाओं में आमजन की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए समाज को प्रेरित करें। उन्होंने कहा कि कौशल विकास एवं प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं को मार्गदर्शन और प्रोत्साहन देना समाज की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।
मुख्यमंत्री ने बेटियों की शिक्षा पर विशेष जोर देते हुए कहा कि इस विषय में किसी भी प्रकार का समझौता न किया जाए। साथ ही उन्होंने समाज प्रमुखों से आग्रह किया कि नाबालिग उम्र में विवाह किसी भी परिस्थिति में न हो, इसके लिए समाज स्तर पर सतत निगरानी रखी जाए।
साय ने कहा कि परिवार, समाज, गांव, जिला, प्रदेश और देश के विकास में समाज प्रमुखों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने समाज में व्याप्त अंधविश्वास और आडंबर पर रोक लगाने का भी आह्वान किया। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने नशे के विरुद्ध लगातार अभियान चलाने और युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए समाज को सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की।
इस सामाजिक भेंट कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, वन विकास निगम के अध्यक्ष राम सेवक पैकरा, विधायक भैया लाल राजवाड़े, भूलन सिंह मरावी सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राज्य सरकार समाज के सर्वांगीण विकास के लिए पूरी तरह संकल्पबद्ध है। सर्किट हाउस में आयोजित इस सामाजिक मुलाकात में कुम्हार, साहू, गोंड, कंवर, बियार, पण्डो, अगरिया, चेरवा, बिनझिया, सोनार, बंगाली, कुशवाहा, कोड़ाकू, रविदास, यादव, विश्वकर्मा एवं अग्रवाल समाज के प्रमुख व पदाधिकारियों ने सहभागिता की।
सभी समाज एवं संगठनों की ओर से मुख्यमंत्री के समक्ष विभिन्न मांगें रखी गईं, जिन पर मुख्यमंत्री ने परीक्षण कर आवश्यकतानुसार कार्रवाई किए जाने का आश्वासन दिया।












