
भूपेश बघेल का हाउसिंग बोर्ड पर हमला: बिना डिमांड कॉलोनियां बनाने और कमीशन के आरोप
छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने हाउसिंग बोर्ड और आरडीए पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि बिना मांग के कॉलोनियां बनाई गईं और कई प्रोजेक्ट खाली पड़े हैं, साथ ही कमीशन के आरोप भी लगाए।
रायपुर, छत्तीसगढ़:छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री Bhupesh Baghel ने राज्य के हाउसिंग बोर्ड को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने हाउसिंग बोर्ड और आरडीए की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कई गंभीर आरोप लगाए।
बघेल ने कहा कि जब वे मुख्यमंत्री थे, तब उन्होंने हाउसिंग बोर्ड और आरडीए की समीक्षा की थी। उनके अनुसार हाउसिंग बोर्ड में स्थिति यह थी कि डिमांड न होने के बावजूद लगातार कॉलोनियां विकसित की जाती रहीं।
उन्होंने कहा कि कई स्थानों पर हाउसिंग बोर्ड की कॉलोनियां खाली पड़ी हैं और वहां लोग निवास नहीं कर रहे हैं। उनका आरोप है कि जरूरत के बजाय निर्माण कार्यों को बढ़ावा दिया गया।
पूर्व मुख्यमंत्री ने यह भी आरोप लगाया कि इस तरह के निर्माण कार्यों के पीछे कमीशन का खेल हो सकता है, जिसके कारण बिना वास्तविक मांग के भी भवन और कॉलोनियां बनाई गईं।
बघेल के अनुसार, यदि योजनाओं का सही तरीके से आकलन किया जाता तो इस तरह की स्थिति उत्पन्न नहीं होती। उन्होंने कहा कि संसाधनों का बेहतर उपयोग और वास्तविक मांग के आधार पर ही योजनाएं बनाई जानी चाहिए थीं।
इस बयान के बाद राज्य में हाउसिंग बोर्ड और रियल एस्टेट से जुड़े मुद्दों पर राजनीतिक बहस तेज हो सकती है। विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर और बढ़ने की संभावना है।












