बलौदाबाजार के जिले के पलारी ब्लॉक के सकरी प गांव में तीन दिनों के भीतर पिता और पुत्र की मौत हो गई। बेटे राजेश साहू (28) ने रविवार को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। हालांकि अभी तक कारणों का पता नहीं चल सका है।
राजेश के पिता कुंज बिहारी साहू (55) रायपुर में रहकर काम करते थे और परिवार का भरण-पोषण करते थे। बेटे की मौत की सूचना मिलते ही वे गांव पहुंचे। उन्होंने अपने हाथों से बेटे की अर्थी को कंधा दिया, जबकि छोटे बेटे कौशिक ने बड़े भाई की चिता को मुखाग्नि दी।
सदमा नहीं सह पाए, रास्ते में हुई मौत
बेटे की मौत के बाद कुंज बिहारी साहू दशगात्र कार्यक्रम के लिए गांव में ही रुके हुए थे। बुधवार को उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। परिजन उन्हें इलाज के लिए रायपुर ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उन्होंने दम तोड़ दिया।
गांव के पवन वर्मा और हेमंत साहू ने बताया कि रविवार को जिस बेटे की चिता जलाई गई थी, किसी ने नहीं सोचा था कि बुधवार को उसी के पिता की अर्थी भी उठेगी। उन्होंने कहा कि राजेश गांव में अपने बुजुर्ग दादा और मानसिक रूप से कमजोर भाई की देखभाल करता था।
जबकि उसके माता-पिता रायपुर में काम कर परिवार का खर्च चलाते थे। बेटे की मौत के बाद कुंज बिहारी साहू दशगात्र कार्यक्रम के लिए गांव में ही रुके थे, लेकिन वे इस गहरे सदमे को सहन नहीं कर सके।











