​​​​​​​किसानों के हित में भूपेश केबिनेट का अहम फैसला

रायपुर : ​​​​​​​किसानों के हित में भूपेश केबिनेट का अहम फैसला

WhatsApp Image 2026-03-12 at 6.47.26 PM (1)
file_000000009a407207b6d77d3c5cd41ab0
WhatsApp Image 2026-06-26 at 00.16.05 (1)

कृषि एवं संबद्ध विभागों के लिए आवश्यक वस्तुओं के दर निर्धारण हेतु
अब बीज एवं कृषि विकास निगम भी अधिकृत 

छत्तीसगढ़ भंडार क्रय नियम 2002 में संशोधन का प्रस्ताव
केबिनेट ने किया अनुमोदित 

रायपुर, 18 फरवरी 2022 मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की केबिनेट ने आज राज्य के किसानों के हित में एक अहम फैसला लिया है। राज्य सरकार के इस फैसले से राज्य के किसानों को अब सहजता से समय पर आवश्यक कृषि संबंधी आदान सामग्री की उपलब्धता छत्तीसगढ़ राज्य बीज एवं कृषि विकास निगम के माध्यम से सुनिश्चित हो सकेगी। केबिनेट ने कृषि विभाग तथा समान प्रकृति के अन्य विभागों (लाईन डिपार्टमेंट) के लिए आवश्यक वस्तुओं के दर निर्धारण हेतु छत्तीसगढ़ राज्य बीज एवं कृषि विकास निगम को अधिकृत करने के साथ ही भंडार क्रय नियम में संशोधन करते हुए उसे बतौर एजेंसी शामिल किए जाने की अनुमति दे दी है। 
हौसले के आगे दिव्यांगता भी नहीं आती आड़े,दिव्यांग महिला मेट ने पेश की सेवा की अनूठी मिसाल।

बीज एवं कृषि विकास निगम अब खेती-किसानी और उससे संबंधी गतिविधियों के लिए आवश्यक आदान सामग्री जैसे बीज, कीटनाशक, हस्तचलित, बैलचलित, पावर चलित, कृषि यंत्र एवं मशीनरी, ट्रैक्टर, पावर टीलर, ट्रेसर, शीड ड्रील आदि, कृषि अनुसंधान से संबंधित मशीन एवं इक्यूपमेंट, उद्यानिकी, पशुपालन, मत्स्य पालन के लिए आवश्यक सामग्री के दर का निर्धारण एवं आपूर्ति कर सकेगा। छत्तीसगढ़ राज्य बीज एवं कृषि विकास निगम को अब सीएसआईडीसी तथा उद्योग विभाग से इसके लिए न तो अनुमति लेने की जरूरत होगी, न ही उन पर निर्भर रहना पड़ेगा। 
हौसले के आगे दिव्यांगता भी नहीं आती आड़े,दिव्यांग महिला मेट ने पेश की सेवा की अनूठी मिसाल।

66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b
hotal trinetra
gaytri hospital
WhatsApp Image 2026-05-10 at 2.46.41 PM (1)

यहां यह उल्लेखनीय है कि अभी तक कृषि विभाग एवं लाईन डिपार्टमेंट के लिए आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति के लिए राज्य बीज एवं कृषि विकास निगम, सीएसआईडीसी पर आश्रित था, क्योंकि भंडार क्रय नियम में सामग्री की आपूर्ति के लिए सीएसआईडीसी एक मात्र अधिकृत एजेंसी थी। भंडार क्रय नियम में अब बीज एवं कृषि विकास निगम बतौर एजेंसी शामिल कर लिया गया है। इससे न सिर्फ बीज एवं कृषि विकास निगम के कार्य क्षेत्र का दायरा बढ़ेगा, बल्कि वह किसानों के हित एवं आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए दर निर्धारण और सामग्री आपूर्ति के लिए अधिकृत एजेंसी के तौर पर काम कर सकेगा। 
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की उपस्थिति में आज यहां उनके निवास कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में गौठानों में महिला स्व-सहायता समूहों के माध्यम से…।

कृषि विभाग और लाईन डिपार्टमेंट अब राज्य बीज एवं कृषि विकास निगम से सीधे आवश्यक आदान सामग्र्री, मशीनरी, उपकरण क्रय कर किसानों को उपलब्ध करा सकेंगे। केेबिनेट के इस फैसले से अब बीज एवं कृषि विकास निगम, कृषि विभाग एवं लाईन डिपार्टमेंट के लिए वैसे ही अधिकृत एजेंसी के रूप में काम करेगा जैसे सीएसआईडी अन्य विभागों के लिए छत्तीसगढ़ भंडार क्रय नियम के अंतर्गत अधिकृत एजेंसी है।
गोधन न्याय योजना, राजीव गांधी किसान न्याय योजना और सुराजी गांव योजना से किसानों के जीवन में आया बड़ा बदलाव : मुख्यमंत्री भूपेश बघेल