
छत्तीसगढ़ सरकार ने हसदेव अरण्य क्षेत्र में परसा खुली खदान के लिए वनभूमि का कोयला उत्खनन के गैर वानिकी कार्य के लिए डायवर्सन की प्रक्रिया निरस्त
छत्तीसगढ़ सरकार ने हसदेव अरण्य क्षेत्र में परसा खुली खदान के लिए वनभूमि का कोयला उत्खनन के गैर वानिकी कार्य के लिए डायवर्सन की प्रक्रिया निरस्त


अम्बिकापुर/ छत्तीसगढ़ सरकार ने हसदेव अरण्य क्षेत्र में परसा खुली खदान के लिए वनभूमि का कोयला उत्खनन के गैर वानिकी कार्य के लिए डायवर्सन की प्रक्रिया निरस्त करने कहा है।

स्वस्थ्य मंत्री एवं स्थानीय विधायक टीएस सिंह देव ने हसदेव अरण्य क्षेत्र के जन प्रतिनिधियों की मांग पर राज्य सरकार पर परसा कोल ब्लॉक निरस्त करने की मांग की थी। टीएस सिंह देव की पहल पर जल एवम पर्यावरण विभाग के सचिव ने मुख्य वन संरक्षक और वन महानिरीक्षक को डायवर्सन की प्रक्रिया निरस्त करने और केंद्र सरकार को खदान का आबंटन निरस्त करने की कार्यवाही करने कहा है। राजस्थान विद्युत उत्पादन निगम ने परसा ओपन कास्ट कोल खदान की 841.548 हेक्टेयर वन भूमि का कोयला उत्खनन के काम लिए व्यपवर्तन का आवेदन लगाया था। स्वस्थ्य मंत्री टीएस सिंह देव ने हसदेव अरण्य क्षेत्र में कानून व्यवस्था और पर्यावरण सन्तुलन की बिगड़ती स्थिति से मुख्यमंत्री एवम वन विभाग के उच्चाधिकारियों को अवगत करा,खदान की स्वीकृति निरस्त करने कहा था। राज्य शासन ने तत्सम्बन्ध में परसा कोल खदान के डायवर्सन की प्रक्रिया निरस्त करने का आदेश जारी कर दिया है।
हसदेव अरण्य क्ष्रेत्र में प्रभावित गांवों के जनप्रतिनिधियों, ग्रामीणों और सामाजिक संगठनों ने स्वस्थ्य मंत्री टीएस सिंह देव के प्रति आभार जताया है।












