पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का रणनीतिक दौरा: रायपुर से कवर्धा और भिलाई तक कांग्रेस की मजबूती की तैयारी

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का 24 मार्च 2025 का दौरा: विधानसभा से कवर्धा और भिलाई तक सुरक्षा एवं रणनीति की तैयारी

ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_14_44 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_53_50 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_08_26 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_16_13 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_22_41 PM

रायपुर | 23 मार्च 2025 । छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता भूपेश बघेल 24 मार्च 2025 को महत्वपूर्ण दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वे रायपुर स्थित अपने निवास से विधानसभा पहुंचेंगे, वहां से वापसी के बाद कवर्धा जाएंगे और अंत में भिलाई पहुंचकर विश्राम करेंगे। इस दौरे को राजनीतिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि वर्तमान राजनीतिक परिदृश्य में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जमीनी स्तर पर सक्रिय हो रहे हैं।

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल 24 मार्च की सुबह 10:15 बजे रायपुर स्थित अपने निवास से प्रस्थान करेंगे। 10:30 बजे वे छत्तीसगढ़ विधानसभा पहुंचेंगे, जहां वे कुछ महत्वपूर्ण बैठकों और चर्चाओं में हिस्सा लेंगे। विधानसभा में उनकी उपस्थिति को लेकर राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं।

विधानसभा में निर्धारित बैठकों के बाद दोपहर 12 बजे वे वहां से प्रस्थान करेंगे और 12:20 बजे पुनः रायपुर स्थित अपने निवास पर पहुंचेंगे। इसके बाद दोपहर 2:00 बजे वे फिर से अपने निवास से निकलकर कवर्धा की ओर रवाना होंगे।

दोपहर 4:00 बजे वे कबीरधाम जिले के कवर्धा ब्लॉक पहुंचेंगे। कवर्धा में उनका आगमन कांग्रेस जिला कार्यालय, सिग्नल चौक पर होगा, जहां वे कार्यकर्ताओं और स्थानीय नेताओं के साथ चर्चा करेंगे। आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारियों के मद्देनजर यह बैठक बेहद अहम मानी जा रही है।

सूत्रों के अनुसार, इस दौरान वे कार्यकर्ताओं से सीधे संवाद कर पार्टी की जमीनी स्थिति का आकलन करेंगे। कांग्रेस की रणनीति आगामी चुनावों में स्थानीय स्तर पर किस तरह प्रभावी बनाई जाए, इस पर भी चर्चा होगी। इसके अलावा, किसानों, युवाओं और व्यापारियों से जुड़ी समस्याओं को लेकर भी पूर्व मुख्यमंत्री बातचीत कर सकते हैं।

भूपेश बघेल का यह दौरा न केवल संगठन को मजबूत करने की कवायद है, बल्कि इसे आगामी विधानसभा चुनावों की रणनीति का हिस्सा भी माना जा रहा है। छत्तीसगढ़ की राजनीति में भाजपा सरकार के आने के बाद कांग्रेस लगातार अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश में लगी हुई है।

बघेल की इस यात्रा को भाजपा के खिलाफ शक्ति प्रदर्शन और पार्टी कार्यकर्ताओं को ऊर्जा देने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है। कवर्धा जिला राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जाता है, जहां कांग्रेस और भाजपा के बीच कड़ा मुकाबला रहता है। ऐसे में इस दौरे के जरिए कांग्रेस अपने जनाधार को मजबूत करने की कोशिश करेगी।

66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b
hotal trinetra
gaytri hospital
WhatsApp Image 2026-05-10 at 2.46.41 PM (1)
17a09f88-37fa-496a-8923-b0e0bac9f15d

कवर्धा में बैठक और संवाद कार्यक्रम के बाद शाम 5:00 बजे वे कार द्वारा वहां से प्रस्थान करेंगे और 7:00 बजे भिलाई स्थित अपने निवास पहुंचेंगे। यहां वे कुछ समय आरक्षित रखेंगे और अगले राजनीतिक कार्यक्रमों की रणनीति पर मंथन करेंगे।

भिलाई, दुर्ग संभाग का महत्वपूर्ण औद्योगिक क्षेत्र है, जहां कांग्रेस की अच्छी पकड़ मानी जाती है। बघेल के इस दौरे को लेकर स्थानीय कार्यकर्ताओं में उत्साह देखा जा रहा है।

पूर्व मुख्यमंत्री को “Z” श्रेणी की सुरक्षा प्रदान की गई है, इसलिए प्रशासन उनकी यात्रा को लेकर विशेष सतर्कता बरत रहा है। कलेक्टर और पुलिस अधीक्षकों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं कि यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की सुरक्षा चूक न हो।

सुरक्षा अधिकारी श्री डामन सिंह देशमुख सहित अन्य अधिकारी यात्रा के दौरान उनके साथ रहेंगे। कंट्रोल रूम, स्टेट प्रोटोकॉल अधिकारी और जिला प्रोटोकॉल अधिकारी भी इस कार्यक्रम की निगरानी करेंगे।

राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, भूपेश बघेल का यह दौरा कांग्रेस की जमीनी पकड़ मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। विधानसभा सत्र में उनकी उपस्थिति को सरकार की नीतियों पर विपक्ष की रणनीति तय करने के तौर पर देखा जा रहा है।

इसके अलावा, कवर्धा में कार्यकर्ताओं के साथ संवाद से यह स्पष्ट होता है कि कांग्रेस अपने संगठन को मजबूत करने के लिए पूरी तरह सक्रिय हो रही है। वर्तमान राजनीतिक हालात को देखते हुए यह दौरा पार्टी के लिए एक महत्वपूर्ण मोड़ साबित हो सकता है।

भिलाई में विश्राम और अगले दौर की रणनीति की चर्चा यह दर्शाती है कि कांग्रेस सिर्फ चुनावी तैयारियों पर नहीं, बल्कि सामाजिक और आर्थिक मुद्दों पर भी ध्यान केंद्रित कर रही है।

छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का 24 मार्च का यह दौरा कई राजनीतिक मायनों में महत्वपूर्ण है। रायपुर से कवर्धा और फिर भिलाई तक की यह यात्रा कांग्रेस के सांगठनिक ढांचे को मजबूत करने और आगामी चुनावों के लिए रणनीति तय करने की दृष्टि से अहम मानी जा रही है।

सुरक्षा के व्यापक इंतजाम और प्रशासनिक तैयारियों के बीच इस दौरे पर राजनीतिक विश्लेषकों और विरोधी दलों की भी नजर बनी हुई है। आने वाले समय में यह दौरा कांग्रेस के लिए कितना प्रभावी साबित होता है, यह देखने वाली बात होगी।