PM Modi in Varanasi: काशी बनी आरोग्य की राजधानी, PM मोदी ने बुजुर्गों को सौंपे आयुष्मान वय वंदना कार्ड

काशी अब आरोग्य की राजधानी: PM मोदी ने वाराणसी में आयुष्मान वय वंदना कार्ड सौंपे, बोले- ‘दिल्ली-मुंबई जैसे अस्पताल अब काशी में’

वाराणसी, उत्तर प्रदेश।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी में एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि अब काशी सिर्फ आध्यात्मिक और सांस्कृतिक राजधानी नहीं रही, बल्कि “आरोग्य की राजधानी” बनती जा रही है। उन्होंने कहा कि पिछले 10 वर्षों में जिस प्रकार पूर्वांचल क्षेत्र विशेषकर काशी में स्वास्थ्य सेवाओं, बुनियादी ढांचे और जनकल्याण योजनाओं का विस्तार हुआ है, वह अभूतपूर्व है।

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प्रधानमंत्री ने ‘आयुष्मान भारत योजना’ के तहत बुजुर्गों को ‘वय वंदना’ कार्ड सौंपे और उन्हें योजना के लाभों की जानकारी दी। इस दौरान मंच पर कई बुजुर्ग नागरिक मौजूद थे, जिन्हें कार्ड सौंपते समय प्रधानमंत्री ने उनके चेहरे पर संतोष और सुरक्षा की भावना को योजना की सबसे बड़ी सफलता बताया।

“घर के बुज़ुर्गों की जो चिंता रहती है, वह हम सभी जानते हैं। 10-11 साल पहले पूरे पूर्वांचल में इलाज को लेकर जो परेशानियां थीं, उसे भी हम जानते हैं। आज स्थितियां बिल्कुल अलग हैं। मेरी काशी अब आरोग्य की राजधानी भी बन रही है। दिल्ली-मुंबई के बड़े-बड़े अस्पताल अब आज आपके घर के पास आ गए हैं। यही तो विकास है,” प्रधानमंत्री ने कहा।

स्वास्थ्य सुविधाओं में ऐतिहासिक परिवर्तन

प्रधानमंत्री ने बताया कि कुछ वर्ष पहले तक वाराणसी और पूर्वांचल के लोगों को इलाज के लिए लखनऊ, दिल्ली या मुंबई का रुख करना पड़ता था। महंगे इलाज, समय की बर्बादी और आर्थिक बोझ ने लाखों परिवारों को असहाय बना दिया था। लेकिन अब BHU ट्रॉमा सेंटर, AIIMS गोरखपुर, और वाराणसी में खुले निजी मल्टीस्पेशलिटी अस्पतालों ने इस परिदृश्य को पूरी तरह बदल दिया है।

उन्होंने कहा, “यहां आयुष्मान भारत योजना ने गरीबों के लिए अस्पतालों का दरवाज़ा खोल दिया है। अब 5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज संभव हो पाया है, और बुजुर्गों के लिए विशेष ‘वय वंदना’ कार्ड उनकी गरिमा को नया आधार दे रहे हैं।”

विकास की नई पहचान बनी काशी

अपने संबोधन में प्रधानमंत्री मोदी ने वाराणसी के बुनियादी ढांचे की तुलना 10 साल पहले की स्थिति से करते हुए कहा कि अब काशी एक नई रफ्तार से चल रही है। उन्होंने कहा:

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“कल्पना कीजिए, अगर काशी की सड़कें, रेल और एयरपोर्ट की स्थिति 10 साल पहले जैसी रहती तो काशी की हालत कितनी खराब हो चुकी होती। पहले तो छोटे-छोटे त्योहारों के दौरान भी जाम लग जाता था। आज स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट, चौड़ी सड़कों और मल्टीलेवल पार्किंग ने शहर का नक्शा ही बदल दिया है।”

मोदी ने कहा कि यह बदलाव सिर्फ शहर के सौंदर्यीकरण का नहीं, बल्कि जीवन की गुणवत्ता को बेहतर बनाने का है। उन्होंने बताया कि बाबतपुर एयरपोर्ट से शहर तक सड़क को चौड़ा किया गया है, और शहर में रिंग रोड व फ्लाईओवर निर्माण से आवागमन सुगम हुआ है।

काशी की सांस्कृतिक विरासत और पर्यटन में नई जान

प्रधानमंत्री ने कहा कि काशी विश्वनाथ धाम कॉरिडोर ने देश-दुनिया से आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं को नया अनुभव दिया है। अब घाटों से लेकर मंदिर तक की यात्रा सुगम हो गई है, जिससे न केवल धार्मिक आस्था को नया स्वरूप मिला है, बल्कि पर्यटन भी बढ़ा है।

उन्होंने बताया कि काशी में सांस्कृतिक उत्सव, संगीत महोत्सव, गंगा आरती जैसे कार्यक्रमों को वैश्विक पहचान दिलाने का काम किया गया है।

PM मोदी ने बुजुर्गों को सौंपे ‘वय वंदना कार्ड’

प्रधानमंत्री मोदी ने इस अवसर पर मंच से कई बुजुर्ग महिलाओं और पुरुषों को ‘आयुष्मान भारत वय वंदना कार्ड’ सौंपे। उन्होंने कहा कि यह कार्ड न केवल बुजुर्गों को निःशुल्क इलाज की सुविधा देगा, बल्कि उनकी गरिमा, आत्मविश्वास और जीवन सुरक्षा का प्रतीक बनेगा।

“जब मैंने बुज़ुर्गों के चेहरे पर संतोष देखा, तो मुझे लगा कि इस योजना की सबसे बड़ी सफलता वही है। उनके चेहरे पर जो मुस्कान थी, वही हमारे परिश्रम का फल है,” उन्होंने कहा।

डिजिटल हेल्थ मिशन और भविष्य की योजनाएं

प्रधानमंत्री ने ‘डिजिटल हेल्थ मिशन’ की भी चर्चा की, जिसके तहत हर नागरिक का हेल्थ आईडी तैयार किया जा रहा है। इससे डॉक्टर और अस्पताल मरीज का रिकॉर्ड डिजिटल रूप में तुरंत देख सकेंगे और इलाज में पारदर्शिता व तेजी आएगी।

प्रधानमंत्री ने कहा कि आने वाले वर्षों में भारत का लक्ष्य हर ज़िले में विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध कराना है। उन्होंने बताया कि मेडिकल कॉलेजों की संख्या बढ़ाई जा रही है, और MBBS सीटों में भी वृद्धि की गई है।