रामलला का अलौकिक श्रृंगार: 5 नवंबर को अयोध्या में भक्तों ने किए दर्शन

अयोध्या: पूर्णिमा पर रामलला का भव्य श्रृंगार, चार समय का भोग और विशेष आरती दर्शन

अयोध्या। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र अयोध्या धाम में ब्रह्मांड नायक श्री रामलला सरकार का आज कार्तिक माह शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा तिथि, विक्रम संवत 2082 (5 नवंबर, बुधवार) को अलौकिक श्रृंगार हुआ। हर दिन और मौसम के अनुसार रामलला को विशेष वस्त्र पहनाए जाते हैं—गर्मियों में सूती और हल्के, तो जाड़े में ऊनी वस्त्र और स्वेटर धारण कराए जाते हैं।

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रामलला को दिन में चार बार भोग लगाया जाता है। सुबह बाल भोग से शुरुआत होती है, इसके बाद दोपहर 12 बजे मध्याह्न भोग आरती, सायं 7.30 बजे संध्या आरती, और रात 8.30 बजे शयन आरती के साथ प्रभु विश्राम करते हैं।

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श्रृंगार के समय मंदिर परिसर में भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी। फूलों की माला दिल्ली से विशेष रूप से मंगाई जाती है, और प्रतिदिन भगवान राम भक्तों को नए स्वरूप में दर्शन देते हैं।

रामलला आरती लाइव दर्शन (5 नवंबर) — सुबह 6:30 बजे भगवान को जगाने से पूजा की शुरुआत होती है, स्नान, लेप, और वस्त्र धारण के बाद दिव्य श्रृंगार के दर्शन कराए जाते हैं।