गोबरा नवापारा में रेत गाड़ियों से 200 रुपये की वसूली पर सवाल, नियमों के बाहर बताया जा रहा शुल्क
अभनपुर। नगर पालिका परिषद गोबरा नवापारा में सफाई शुल्क के नाम पर रेत परिवहन करने वाले वाहनों से 200 रुपये की खुलेआम वसूली का मामला एक बार फिर सामने आया है। रेत गाड़ियों से बाकायदा रसीद काटकर राशि ली जा रही है, जबकि सूत्रों के मुताबिक नगर पालिका अधिनियम या शासन के किसी आदेश में इस प्रकार की वसूली का कोई स्पष्ट प्रावधान नहीं है।
एसडीएम बोले— नियमों के तहत होगी कार्रवाई
मामले को लेकर अभनपुर एसडीएम रवि सिंह ने कहा कि
“किन नियमों के तहत रसीद काटी जा रही है, इसका संज्ञान लिया जाएगा और नियमानुसार उचित कार्रवाई की जाएगी।”
सीएमओ का तर्क: स्वच्छता शुल्क लिया जा रहा
नगर पालिका परिषद गोबरा नवापारा के मुख्य नगर पालिका अधिकारी (CMO) लवकेश पैकरा ने बताया कि
- सुबह 6 बजे से रात 10 बजे तक गंज रोड से भारी वाहनों का परिवहन पूरी तरह प्रतिबंधित किया गया है
- रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक रेत वाहनों से स्वच्छता शुल्क लिया जा रहा है
- उनका कहना है कि रेत परिवहन के दौरान सड़क पर रेत गिरती है, जिसकी सफाई नगर पालिका द्वारा कराई जाती है
सीएमओ ने यह भी कहा कि यह निर्णय पीआईसी (President-in-Council) की बैठक में लिया गया है।
पहले भी उठ चुका है विवाद
गौरतलब है कि पूर्व सीएमओ प्रदीप मिश्रा के कार्यकाल में भी इसी तरह की वसूली शुरू की गई थी, जिसे मीडिया में मामला उजागर होने के बाद बंद कर दिया गया था। इसके बावजूद दोबारा उसी व्यवस्था को लागू किया जाना प्रशासनिक जिद और जवाबदेही की कमी की ओर इशारा करता है।
कानूनी सवाल और जनता में नाराज़गी
स्थानीय नागरिकों और वाहन चालकों में इस वसूली को लेकर भारी आक्रोश है। लोगों का कहना है कि—
- बिना शासन की अनुमति और अधिसूचना के नई फीस वसूली नियमों का उल्लंघन है
- क्या पीआईसी को मनमाने शुल्क लगाने का अधिकार है?
- यदि वसूली तत्काल बंद नहीं हुई और कानूनी स्थिति स्पष्ट नहीं की गई, तो कलेक्टर और नगरीय प्रशासन विभाग में शिकायत दर्ज कराई जाएगी
विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी प्रकार का नया शुल्क तभी लगाया जा सकता है, जब उसे शासन की विधिवत स्वीकृति और अधिसूचना प्राप्त हो।











