
एसजे हॉस्पिटल अंबिकापुर की बड़ी सफलता: ‘लकवा मुक्त सरगुजा’ अभियान में 2026 का पहला मरीज हुआ स्वस्थ
एसजे हॉस्पिटल अंबिकापुर द्वारा चलाए जा रहे ‘लकवा मुक्त सरगुजा’ अभियान को बड़ी सफलता मिली। वर्ष 2026 का पहला मरीज अनिल सिंह आयाम लकवा को मात देकर फिर से सामान्य सामाजिक जीवन में लौट आया। जानिए पूरी रिपोर्ट।
एसजे हॉस्पिटल अंबिकापुर की पहल ‘लकवा मुक्त सरगुजा’ को मिली बड़ी सफलता
वर्ष 2026 का पहला मरीज अनिल सिंह आयाम लकवा को हराकर लौटा सामान्य जीवन में
अंबिकापुर।एसजे हॉस्पिटल, अंबिकापुर द्वारा संचालित ‘लकवा मुक्त सरगुजा’ अभियान के अंतर्गत वर्ष 2026 की पहली उल्लेखनीय सफलता सामने आई है। लकवा से ग्रस्त मरीज अनिल सिंह आयाम ने विशेषज्ञ डॉक्टरों की देखरेख, आधुनिक उपचार पद्धति और नियमित फिजियोथेरेपी के माध्यम से लकवा को मात दी है तथा अब वे पुनः सामाजिक जीवन की मुख्यधारा से जुड़ चुके हैं।
चिकित्सकों के अनुसार समय पर सही इलाज, सतत निगरानी और मरीज की सकारात्मक इच्छाशक्ति के चलते यह उपचार सफल रहा। इलाज के बाद मरीज अब अपने दैनिक कार्य स्वयं करने में सक्षम है और सामान्य जीवन की ओर लौट चुका है।
एसजे हॉस्पिटल प्रबंधन ने इसे सरगुजा अंचल के लिए एक आशाजनक उपलब्धि बताते हुए कहा कि लकवा जैसी गंभीर बीमारी भी समय पर उपचार से पूरी तरह नियंत्रित की जा सकती है।
जनहित में अपील
एसजे हॉस्पिटल, अंबिकापुर की ओर से आम नागरिकों से अपील की गई है कि—
यदि आपके आसपास कोई व्यक्ति लकवा (पैरालिसिस) से पीड़ित है, तो यह संदेश अवश्य उन तक पहुँचाएं।
समय पर विशेषज्ञ इलाज से लकवा को हराया जा सकता है और व्यक्ति फिर से सामान्य सामाजिक जीवन जी सकता है।
24×7 विशेषज्ञ चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध
एसजे हॉस्पिटल, अंबिकापुर में—
- अनुभवी एवं विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम
- 24×7 चिकित्सा सुविधा
- आधुनिक जांच एवं फिजियोथेरेपी
- लकवा एवं न्यूरोलॉजिकल रोगों का संपूर्ण इलाज
उपलब्ध है।
संदेश
लकवा कोई अभिशाप नहीं है।
समय पर इलाज से नई जिंदगी संभव है।












