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पंचांग 22 अप्रैल 2026, आज का शुभ मुहूर्त, राहुकाल आज का, वैशाख शुक्ल पंचमी का महत्व, मृगशिरा नक्षत्र फल।






आज का पंचांग 22 अप्रैल 2026: शुभ मुहूर्त, राहुकाल और विशेष ज्योतिषीय गणना


आज का विस्तृत पंचांग: 22 अप्रैल 2026

भारतीय ज्योतिष शास्त्र में पंचांग का अर्थ है ‘पांच अंग’— तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। आज दिनांक 22 अप्रैल 2026, बुधवार का दिन धार्मिक और आध्यात्मिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। आज वैशाख मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि है। यह समय नई शुरुआत और आध्यात्मिक उन्नति के लिए श्रेष्ठ माना गया है।

📅 मुख्य पंचांग विवरण

अंग विवरण
दिनांक 22 अप्रैल 2026
दिन बुधवार (Wednesday)
मास वैशाख (Vaisakha)
पक्ष शुक्ल पक्ष (Shukla Paksha)
तिथि पंचमी (Panchami)
नक्षत्र मृगशिरा (Mrigashira)
योग अतिगण्ड (Atiganda)
करण बव और बालव
विक्रम संवत 2083
शक संवत 1948

☀️ सूर्योदय और चंद्रोदय (अंबिकापुर समय)

सूर्य गणना

सूर्योदय: प्रातः 05:38 AM

सूर्यास्त: सायं 06:22 PM

सूर्य राशि: मेष (Aries)

सूर्य नक्षत्र: अश्विनी

चन्द्र गणना

चन्द्रोदय: प्रातः 09:12 AM

चन्द्रास्त: रात्रि 11:34 PM

चन्द्र राशि: मिथुन (Gemini)

ऋतु: ग्रीष्म (Summer)

⏳ शुभ मुहूर्त (Auspicious Timings)

शास्त्रों के अनुसार, शुभ मुहूर्त में किया गया कार्य निर्विघ्न संपन्न होता है और सकारात्मक फल प्रदान करता है। आज के मुख्य शुभ मुहूर्त इस प्रकार हैं:

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  • अभिजीत मुहूर्त: आज उपलब्ध नहीं है (बुधवार को अभिजीत मुहूर्त का अभाव रहता है)।
  • अमृत काल: दोपहर 02:15 PM से 03:52 PM तक।
  • विजय मुहूर्त: दोपहर 02:08 PM से 02:59 PM तक।
  • ब्रह्म मुहूर्त: प्रातः 04:02 AM से 04:50 AM तक।

🚫 अशुभ समय (अशुभ मुहूर्त)

राहुकाल और अन्य अशुभ समय में महत्वपूर्ण वित्तीय लेनदेन या नए कार्यों के शुभारंभ से बचना चाहिए।

राहुकाल (Rahukaal) दोपहर 12:00 PM से 01:30 PM तक
यमगण्ड (Yamaganda) प्रातः 07:15 AM से 08:50 AM तक
गुलिक काल (Gulik Kaal) प्रातः 10:25 AM से 12:00 PM तक
दुर्मुहूर्त प्रातः 11:34 AM से 12:25 PM तक

📖 आज का धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व

वैशाख शुक्ल पंचमी का महत्व

वैशाख मास को हिंदू धर्म में बहुत ही पवित्र माना गया है। आज वैशाख शुक्ल पंचमी है, जिसे कई क्षेत्रों में ‘श्री पंचमी’ के रूप में भी मनाया जाता है। आज के दिन दान, स्नान और तर्पण का विशेष फल मिलता है।

मृगशिरा नक्षत्र का प्रभाव

आज चंद्रमा मृगशिरा नक्षत्र में गोचर कर रहे हैं। इस नक्षत्र का स्वामी मंगल है। मृगशिरा नक्षत्र में जन्मे व्यक्ति खोजी प्रवृत्ति के और जिज्ञासु होते हैं। आज का दिन शोध, यात्रा की योजना बनाने और बौद्धिक चर्चाओं के लिए उत्तम है।

बुधवार का विशेष

बुधवार का दिन भगवान गणेश को समर्पित है। आज ‘बुध’ ग्रह की शांति के लिए हरे मूंग का दान करना और गणपति को दुर्वा अर्पित करना अत्यंत शुभ रहेगा।

🌟 दिशाशूल और यात्रा विचार

आज का दिशाशूल: उत्तर दिशा।

आज उत्तर दिशा में यात्रा करना वर्जित माना गया है। यदि यात्रा अनिवार्य हो, तो घर से तिल या धनिया खाकर निकलें, इससे दोष का प्रभाव कम होता है।

📝 ज्योतिषीय विशेष टिप्पणी

आज का दिन मिथुन राशि वालों के लिए मानसिक स्पष्टता लेकर आएगा। अतिगण्ड योग होने के कारण कुछ कार्यों में बाधाएं आ सकती हैं, लेकिन धैर्य और निरंतरता से सफलता प्राप्त होगी। व्यापारियों के लिए आज का उत्तरार्ध (दोपहर बाद का समय) अधिक लाभदायक रहने की संभावना है।

नोट: उपरोक्त समय गणना स्थानीय अक्षांश और देशांतर (अंबिकापुर) पर आधारित है। सूक्ष्म गणना के लिए अपने स्थानीय पंडित या विश्वसनीय पंचांग का संदर्भ लें।

© 2026 प्रदेश खबर न्यूज़ नेटवर्क | संपादक: आशीष सिन्हा


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