देशब्रेकिंग न्यूज़विश्वस्वास्थ्य

2022 में भारत बनेगा सबसे तेज प्रगति वाला देश, अमेरिका-चीन भी होंगे पीछे: IMF का अनुमान

2022 में भारत बनेगा सबसे तेज प्रगति वाला देश, अमेरिका-चीन भी होंगे पीछे: IMF का अनुमान

WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.27.06 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 8.56.40 PM (1)
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.09.46 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.06.54 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.17.22 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.12.09 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.19.42 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.04.25 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.31.09 PM
WhatsApp-Image-2026-01-04-at-3.52.07-PM-1-207x300 (1)
53037c58-1c56-477e-9d46-e1b17e179e86

IMF: बीते हफ्ते वर्ल्ड बैंक की ओर से 2021-22 के लिए भारत की विकास दर का अनुमान 8.3 फीसदी लगाया गया था जो कि दूसरी लहर के आने से पहले लगाए गए अनुमान के मुकाबले कम है। पहले वर्ल्ड बैंक की ओर से करीब 10.1 फीसदी जीडीपी ग्रोथ रहने का अनुमान दिया गया था।

नई दिल्ली। बीते साल कोरोना संकट के बाद से ही देश ही नहीं बल्कि दुनियां की अर्थव्यवस्था पटरी से उतर गई थी। भारत में भी कई कंपनियों में ताले लग गए। लोगों की नौकरियां छूट गई। अर्थव्यवस्था भी बेपटरी हो गई लेकिन खासा नुकसान का सामना करने के बाद देश में अब हालात सुधरते दिख रहे हैं। अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) ने अनुमान लगाया है कि भारत अगले साल यानी 2022 में दुनिया की सबसे तेज अर्थव्यवस्था के रूप में बढ़ने वाला देश होगा। IMF के इस अनुमान के मुताबिक, दुनिया के मुकाबले भारत सबसे तेज अर्थव्यवस्था के रूप में बढ़ने वाला देश होगा। 2022 में देश में सबसे तेज आर्थिक वृद्धि दर होगी।

mantr
66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b

अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) के अनुमान के मुताबिक, भारत में इस वृद्धि दर 8.5 फीसदी तक रह सकती है। जबकि देश के शक्तिशाली देश कहे जाने वाले अमेरिका में ये दर 5.2 फीसदी तक रह सकती है। यहां खास बात ये है कि भारत के मुकाबले किसी भी दूसरे देश में ये वृद्धि दर 6 फीसदी से ऊपर नहीं जाने का अनुमान लगाया है। IMF की ओर से जारी किए गए आंकड़े कहते हैं कि बीते साल कोरोना संकट के कारण देश में (भारत) आर्थिक वृद्धि दर माइनस 7.3 फीसदी पर थी जिसमें साल 2021 में सुधार आया है और ये 9.5 फीसदी होने का अनुमान जताया गया। ये अनुमान भी दुनिया के बाकि देशों के मुकाबले काफी ज्यादा थी। अब अगले साल 2022 में भी वृद्धि दर दूसरे देशों के मुकाबले सबसे अधिक रहने का अनुमान जताया गया है जो भारत के लिए एक अच्छी खबर है।

दूसरी एजेंसियों का क्या है अनुमान?

इससे पहले वर्तमान वित्त वर्ष के लिए फिच रेटिंग्स ने देश (भारत) की आर्थिक वृद्धि दर के अनुमान को कम करते हुए 8.7 फीसदी कर दिया था। जून में वित्त वर्ष 2021-22 के लिए भारत के सकल घरेलू उत्पाद (GDP) का अनुमान फिच ने 10 फीसदी रहने का दिया था, जिसे कम करते हुए 8.7 फीसदी कर दिया गया है। एजेंसी की ओर से कहा गया है कि महामारी की दूसरी लहर के कारण सकल घरेलू उत्पाद (GDP) में कमी की गई है। हालांकि अगले वित्त वर्ष के लिए एजेंसी की ओर जीडीपी वृद्धि के अनुमान को बढ़ाकर 10 फीसदी कर दिया गया है।

बीते हफ्ते वर्ल्ड बैंक की ओर से 2021-22 के लिए भारत की विकास दर का अनुमान 8.3 फीसदी लगाया गया था जो कि दूसरी लहर के आने से पहले लगाए गए अनुमान के मुकाबले कम है। पहले वर्ल्ड बैंक की ओर से करीब 10.1 फीसदी जीडीपी ग्रोथ रहने का अनुमान दिया गया था

Ashish Sinha

e6e82d19-dc48-4c76-bed1-b869be56b2ea (2)
WhatsApp Image 2026-01-04 at 4.02.37 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.36.04 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.39.12 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.44.45 PM (1)

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!