Surjpur News: बाल श्रमिक, अपशिष्ट संग्राहक एवं भिक्षावृति करने वाले बच्चों को मुख्यधारा में जोड़ने चलाया जा रहा अभियान।

बाल श्रमिक, अपशिष्ट संग्राहक एवं भिक्षावृति करने वाले बच्चों को मुख्यधारा में जोड़ने चलाया जा रहा अभियान

file_000000000ae07206b6dd6cb6073112cd
WhatsApp Image 2026-03-12 at 6.47.26 PM (1)
file_000000009a407207b6d77d3c5cd41ab0
66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b
hotal trinetra
gaytri hospital
WhatsApp Image 2026-05-10 at 2.46.41 PM (1)

सूरजपुर/29 दिसम्बर 2021/ राज्य शासन के निर्देश एवं कलेक्टर डॉ. गौरव कुमार सिंह व जिला पंचायत सीईओ श्री राहुल देव के मार्गदर्शन में जिले में बाल श्रमिक, अपशिष्ट संग्राहक, भिक्षावृत्ति में लिप्त बच्चों के रेस्क्यू एवं पुनःर्वास हेतु अभियान चलाया जा रहा है। सड़क पर रहने वाले बच्चों की पहचान कर उन्हें संरक्षण प्रदान किये जाने एवं उनको शिक्षा एवं अन्य जरुरी सुविधाएं उपलब्ध कराये जाने तथा उनके परिवारों को भी शासन की विभिन्न योजनाओं का लाभ दिलाते हुये उनके प्रशिक्षण एवं रोजगार की व्यवस्था करने सभी विभागों से समन्वय स्थापित कर अभियान चलाया जा रहा है। जिसमें सड़क पर रहने वाले बच्चों की पहचान, बाल श्रमिक, अपशिष्ट संग्राहक तथा भिक्षावृत्ति में लिप्त बच्चों के सर्वेक्षण एवं रेस्क्यू हेतु अभियान 25 दिसम्बर 2021 से 25 जनवरी 2022 अभियान चलाया जा रहा है। अभियान दल में विकास खण्डवार दल का गठन किया गया है जिसमे पुलिस विभाग से नामांकित थाना एवं चौकी स्तर से एक सब इंस्पेक्टर या सहायक सब इंस्पेक्टर, श्रम विभाग से नामांकित क्षेत्रांतर्गत श्रम निरीक्षक, महिला एवं बाल विकास विभाग से परियोजना अधिकारी, पर्यवेक्षक, जिला बाल संरक्षण इकाई के सामाजिक कार्यकर्ता एवं आउटरीच वर्कर, मुख्य कार्यपालन अधिकारी समस्त जनपद पंचायत के प्रतिनिधि, विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी, समस्त विकासखण्ड के प्रतिनिधि, मुख्य नगरपालिका अधिकारी समस्त नगरपालिका, नगर पंचायत नगरीय प्रशासन के प्रतिनिधि, चाईल्ड लाईन की टीम। सड़क पर रहने वाले ऐसे बच्चों की श्रेणी के बच्चे जो बिना किसी सहारे के सड़कों पर अकेले रहते है। ऐसे बच्चे दिन में सड़कों पर रहते है और रात में निकट की झुग्गी, झोपड़ी बस्तियों में रहने वाले अपने परिवार के पास घर वापस आ जाते है तथा अपने परिवार के साथ सड़कों पर रहने वाले बच्चें।
य़ह पढ़े:- पिलखा क्षीर सिलफिली मे दुग्ध संकलन व वितरण हेतु दो पिकअप वाहन की आवश्यकता।
जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री चन्द्रबेस सिंह सिसोदिया ने आह्वान किया है कि ऐसी श्रेणी के बच्चे अपनी उत्तजीविता, भोजन, पानी, वस्त्र, आश्रय एवं संरक्षण हेतु प्रतिदिन विभिन्न प्रकार के संघर्षों एवं चुनौतियों का सामना करते हैं। इन बच्चों के चिन्हांकन, संरक्षण प्रदान करने, शिक्षा एवं अन्य जरुरी सुविधा उपलब्ध कराना। उनके परिवार को शासन के विभिन्न योजनाओं का लाभ दिलाना है। अभियान के प्रभावि क्रियान्वयन हेतु पुलिस विभाग, शिक्षा विभाग, महिला बाल विकास विभाग, जिला बाल संरक्षण इकाई, चाईल्ड लाईन की टीम को कार्यवाही करने का निर्देश दिया गया है।
य़ह पढ़े:- सेफ फूड फॉर्मर प्रोड्युसर कम्पनी में सीईओ के 01 पद हेतु आवेदन आमंत्रित
य़ह पढ़े:- सेफ फूड फॉर्मर प्रोड्युसर कम्पनी में सीईओ के 01 पद हेतु आवेदन आमंत्रित
य़ह पढ़े:- राष्ट्रीय थांग-ता प्रतियोगिता में सूरजपुर की बालिकाओं कास्य पदक जीता।